PALAK
ShareChat
click to see wallet page
@28tiwari
28tiwari
PALAK
@28tiwari
Radhe Radhe..🌸
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - स्त्री कितनी सशक्त है. इसका अनुमान सिर्फ इस् बात से लगा सकते है की ~ लिए कोई व्रत बुनाही नहीं. उसकी मंगल कामना स्त्री कितनी सशक्त है. इसका अनुमान सिर्फ इस् बात से लगा सकते है की ~ लिए कोई व्रत बुनाही नहीं. उसकी मंगल कामना - ShareChat
#🙏 राधा रानी
🙏 राधा रानी - Happg Diwali Kanha कान्हा सबको इस दिवाली में सब मिले, मुझे बस एक झलक आपकी मिले.. ! ! Happg Diwali Kanha कान्हा सबको इस दिवाली में सब मिले, मुझे बस एक झलक आपकी मिले.. ! ! - ShareChat
#🙏 राधा रानी
🙏 राधा रानी - ShareChat
00:23
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - उलझनों से भरी इस ज़िंदगी में है प्रभु हनुमान सुकून का दूसरा नाम उलझनों से भरी इस ज़िंदगी में है प्रभु हनुमान सुकून का दूसरा नाम - ShareChat
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - "दुआओं में जो ताक़त है, वो दुनिया की किसी चीज़ में नहीं रोज़ की प्रार्थना, मन को भी शांत करती हे ओर रास्ते भी आसान।" 30 Recipes ! "दुआओं में जो ताक़त है, वो दुनिया की किसी चीज़ में नहीं रोज़ की प्रार्थना, मन को भी शांत करती हे ओर रास्ते भी आसान।" 30 Recipes ! - ShareChat
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - निंदा इस संसार का नियम है मजबूरी और स्वार्थ से करते है प्रशंसा तो लोग निंदा इस संसार का नियम है मजबूरी और स्वार्थ से करते है प्रशंसा तो लोग - ShareChat
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - सखी! "মুনী टेंशन लेने का नहीं, मेकअप करने का, क्योंकि सजी हुई शक्ल पर दुख भी डिज़ाइनर लगता है!" -ख़ामोश दर्पण सखी! "মুনী टेंशन लेने का नहीं, मेकअप करने का, क्योंकि सजी हुई शक्ल पर दुख भी डिज़ाइनर लगता है!" -ख़ामोश दर्पण - ShareChat
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - गुरूर नहीं किरदार है मेरा . भैहरकिसीकैस्ाथ बैठने का शोक नहीं रखती X५ गुरूर नहीं किरदार है मेरा . भैहरकिसीकैस्ाथ बैठने का शोक नहीं रखती X५ - ShareChat
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - षशादी के चाहे कितने ही साल क्यों न बौत जाए॰॰. पर हम बेटियां काम खत्म करके सबसे पहले अपनी मां को ही फोन करते हैं। " 6೦ +69 1 0 డ్డి Money 9|0 Times Ourselves. HIT 99 षशादी के चाहे कितने ही साल क्यों न बौत जाए॰॰. पर हम बेटियां काम खत्म करके सबसे पहले अपनी मां को ही फोन करते हैं। " 6೦ +69 1 0 డ్డి Money 9|0 Times Ourselves. HIT 99 - ShareChat
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - समझने वाली बात इतनी सी है.... कि हर स्त्री देवी नहीं होती और हर पुरुष दानव नहीं होता. নী क्यों किसी एक के लिए पूरी जाति को दोषी ठहराया जाए...८? 100 समझने वाली बात इतनी सी है.... कि हर स्त्री देवी नहीं होती और हर पुरुष दानव नहीं होता. নী क्यों किसी एक के लिए पूरी जाति को दोषी ठहराया जाए...८? 100 - ShareChat