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THE GOD IS GREAT. कोट्स क्रिएटर भक्ति क्रिएटर
जय जय बजरंगबली #बजरंगबली #जय बजरंगबली #जय बजरंगबली #जय बजरंगबली
बजरंगबली - ShareChat
00:31
जय श्रीनाथजी बाबा #श्रीनाथजी #🌷'श्रीनाथजी' महाप्रभु🌹🙏 #🙏श्रीनाथजी 🌺 #श्रीनाथजी नाथद्वारा #🙏 श्रीनाथजी भगवानजी के फोटो 💐
श्रीनाथजी - ShareChat
00:34
ओम नमः शिवाय #ओम नमः शिवाय #ओम नमः शिवाय #ओम नमः शिवाय #🕉️:ओम नमः शिवाय 🙏🙏
ओम नमः शिवाय - अच्छे के साथ अच्छे बनें , पर बुरे के साथ बुरे नहीं , क्योंकि हीरे से हीरा तो तराशा जा सकता है लेकिन कीचड़ से कीचड़ साफ नहीं किया जा सकता , कोई मेरा बुरा करे वो उसका कर्म है मैं किसी का बुरा न करूं यह मेरा धर्म है, बदला लेने में क्या मजा है, मजा तो तब है जब आप सामने वाले को बदल दें। अपनी अच्छाई को किसी की के कारण बुराई " नष्ट न होने दें, अच्छे के साथ अच्छे बनें , पर बुरे के साथ बुरे नहीं , क्योंकि हीरे से हीरा तो तराशा जा सकता है लेकिन कीचड़ से कीचड़ साफ नहीं किया जा सकता , कोई मेरा बुरा करे वो उसका कर्म है मैं किसी का बुरा न करूं यह मेरा धर्म है, बदला लेने में क्या मजा है, मजा तो तब है जब आप सामने वाले को बदल दें। अपनी अच्छाई को किसी की के कारण बुराई " नष्ट न होने दें, - ShareChat
जय श्री कृष्णा #जय श्री कृष्ण #जय श्री कृष्ण #जय श्री कृष्ण #जय श्री कृष्ण #जय श्री कृष्ण
जय श्री कृष्ण - श्री कृष्ण कहते हैं " बोलने से कठिन होता है सुनना !! सुनने से कठिन होता हे सहना..!! क्योंकि हर शब्द मन को छू जाता है। लेकिन सबसे कठिन होता हे सब भूल जाना और सामान्य रहनाः. जो यह कला सीख लेता है॰ बही जीवन में सच्ची शांति पा लेता है॰. श्री कृष्ण कहते हैं " बोलने से कठिन होता है सुनना !! सुनने से कठिन होता हे सहना..!! क्योंकि हर शब्द मन को छू जाता है। लेकिन सबसे कठिन होता हे सब भूल जाना और सामान्य रहनाः. जो यह कला सीख लेता है॰ बही जीवन में सच्ची शांति पा लेता है॰. - ShareChat
शास्त्रों और पुराणों का ज्ञान #✍️✍️कुछ जरूरी जानकारी ✍️✍️ #😎जरूरी जानकारी #कुछ जरूरी जानकारी #जरूरी जानकारी
✍️✍️कुछ जरूरी जानकारी ✍️✍️ - शास्त्रों और पुराण का ज्ञान ब्रह्मांड के पहले गुरु महादेव सबसे ताकतवर मानव भीष्म पितामह को रहने योग्य बनाया विश्वकर्मा जी पृथ्वी विष्णु ' के पालन करता भगवान पृथ्वी महर्षि वेदव्यास ब्रह्मास्त्र को रोकने वाले पशुओं को समझने वाले गुरु दत्तात्रेय शास्त्रों और पुराण का ज्ञान ब्रह्मांड के पहले गुरु महादेव सबसे ताकतवर मानव भीष्म पितामह को रहने योग्य बनाया विश्वकर्मा जी पृथ्वी विष्णु ' के पालन करता भगवान पृथ्वी महर्षि वेदव्यास ब्रह्मास्त्र को रोकने वाले पशुओं को समझने वाले गुरु दत्तात्रेय - ShareChat
जरूरी जानकारी #जरूरी जानकारी #कुछ जरूरी जानकारी #😎जरूरी जानकारी #✍️✍️कुछ जरूरी जानकारी ✍️✍️
जरूरी जानकारी - हमेशा अच्छे लोग ही जल्दी मृत्यु क्यों पाते हैं? शास्त्रों में बताया गया है कि जब देवता या 1. ऋषी रोते हैं, तो वे उस आत्मा को पृथ्वी पर जन्म लेने का श्राप देते हैं। आत्मा आत्मा को पृथ्वी पर जन्म लेने का श्राप देते हैं। मोह, दुःख औ़र भ्रम से भरी हुई है। पृथ्वी 2. 46 यहाँ आकर आत्मा संबंधों , इच्छाओं और कर्मो में फँस जाती है। मोह,  यहाँ पृथ्वी दुःख और भ्रम का भात्मा ओच क।प्सेशरर अर्पोग्तों जाती है। ३. जो लोग पाप, अन्याय या बुरे कर्म करते हैं उन्हें लंबा जीवन मिलता है ताकि वे अपने कर्मो का फल भोग सकें। जो लोग पाप , अन्याय या बकेन करते हैं, उन्हें लंबा कर्मे मेम्लता है, মিলনু? ले लाग, स्पर्सिगत fिंफ। लेकिन जो आत्माएँ सत्य, प्रेम और करुणा से 4 जीवन जीती हैं, उनकी आत्मा जल्दी शुद्ध हो जाती है और वे मोक्ष के लिए तैयार हो जाती हैं। इसलिए कहा जाता है है कि अच्छे लोग जल्दी मृत्यु को प्राप्त होते हैं। लेकिन जो आत्माएँ सत्य, प्रेम और करुणा से जीवन जीती हैं उोचनि आल्मा दोमा होता। 3 हमेशा अच्छे लोग ही जल्दी मृत्यु क्यों पाते हैं? शास्त्रों में बताया गया है कि जब देवता या 1. ऋषी रोते हैं, तो वे उस आत्मा को पृथ्वी पर जन्म लेने का श्राप देते हैं। आत्मा आत्मा को पृथ्वी पर जन्म लेने का श्राप देते हैं। मोह, दुःख औ़र भ्रम से भरी हुई है। पृथ्वी 2. 46 यहाँ आकर आत्मा संबंधों , इच्छाओं और कर्मो में फँस जाती है। मोह,  यहाँ पृथ्वी दुःख और भ्रम का भात्मा ओच क।प्सेशरर अर्पोग्तों जाती है। ३. जो लोग पाप, अन्याय या बुरे कर्म करते हैं उन्हें लंबा जीवन मिलता है ताकि वे अपने कर्मो का फल भोग सकें। जो लोग पाप , अन्याय या बकेन करते हैं, उन्हें लंबा कर्मे मेम्लता है, মিলনু? ले लाग, स्पर्सिगत fिंफ। लेकिन जो आत्माएँ सत्य, प्रेम और करुणा से 4 जीवन जीती हैं, उनकी आत्मा जल्दी शुद्ध हो जाती है और वे मोक्ष के लिए तैयार हो जाती हैं। इसलिए कहा जाता है है कि अच्छे लोग जल्दी मृत्यु को प्राप्त होते हैं। लेकिन जो आत्माएँ सत्य, प्रेम और करुणा से जीवन जीती हैं उोचनि आल्मा दोमा होता। 3 - ShareChat
ओम शांति #ओम शांति #🌹ओम शांति🌹 #ओम शांति ईश्वर #ओम शांति #ओम शांति
ओम शांति - থমান ফ্ককনা कमजोरी नहीं यह समझदारी की निशानी है क्योंकि हर जवाब शब्दों से नही, व्यवहार से दिया जाता है। থমান ফ্ককনা कमजोरी नहीं यह समझदारी की निशानी है क्योंकि हर जवाब शब्दों से नही, व्यवहार से दिया जाता है। - ShareChat
जय जगन्नाथ प्रभु #जय जगन्नाथ प्रभु 🚩🚩 #🍂🍂प्रभु जगन्नाथ 🍂🍂 #जगन्नाथ प्रभु #प्रभु जगन्नाथ रथयात्रा ## जय श्री जगन्नाथ प्रभु
जय जगन्नाथ प्रभु 🚩🚩 - ShareChat
ओम नमः शिवाय #ओम नमः शिवाय #ओम नमः शिवाय #ओम नमः शिवाय #🕉️:ओम नमः शिवाय 🙏🙏
ओम नमः शिवाय - ೦೦೦ ೦೦೦ - ShareChat
जान लो पूजा के नियम #पूजा करने के नियम #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🙏जय हरी विठ्ठल🙏 #गणेश जी #जय श्री कृष्णा
पूजा करने के नियम - जान लौ पूजा कै नियम १. दोपहर १२:०० बजे से ४:०० बजे तक कोई पूजन पाठ नहीं होता क्योंकि इसका कोई लाभ नहीं मिलता। २. रात को आरती करने के बाद भगवान सोने ( चले जाते हैं ऐसे में पूजा नहीं करनी चाहिए होते हैं। इससे भगवान दुखी ३. घर में जन्म हो गया तो मंदिर में रखी पूजा की के हाथ नहीं लगाना चाहिए जब तक मूर्तियों सूतक नहीं हटाता। में पूजा 1 करते समय पंचदेव की पूजा ४. घर अवस्श करनी चाहिए। f और सूर्य ५. पंचदेव- गणेश, शिव, ரரி इनके बिना पूजा अधूरी है। লিব ६. भगवान को टिका लगाने के छोटी उंगली के पास वाली उंगली का ही इस्तमाल करें। ७. पूजा के बाद आरती हमेशा खड़े होकर ही कर। ८. पूजा के बाद जल दीपक पर घुमाए और सारी पे जगह छिड़के। ९. पूजा समाप्त करके अपने आसन के नीचे थोना जल छिड़के और माथे से लगाते हुए ओम इंद्राय नमः जरूर बोले। १० पुरी पूजा संपन्न करके भगवान के क्षमा नणग़र 9 जान लौ पूजा कै नियम १. दोपहर १२:०० बजे से ४:०० बजे तक कोई पूजन पाठ नहीं होता क्योंकि इसका कोई लाभ नहीं मिलता। २. रात को आरती करने के बाद भगवान सोने ( चले जाते हैं ऐसे में पूजा नहीं करनी चाहिए होते हैं। इससे भगवान दुखी ३. घर में जन्म हो गया तो मंदिर में रखी पूजा की के हाथ नहीं लगाना चाहिए जब तक मूर्तियों सूतक नहीं हटाता। में पूजा 1 करते समय पंचदेव की पूजा ४. घर अवस्श करनी चाहिए। f और सूर्य ५. पंचदेव- गणेश, शिव, ரரி इनके बिना पूजा अधूरी है। লিব ६. भगवान को टिका लगाने के छोटी उंगली के पास वाली उंगली का ही इस्तमाल करें। ७. पूजा के बाद आरती हमेशा खड़े होकर ही कर। ८. पूजा के बाद जल दीपक पर घुमाए और सारी पे जगह छिड़के। ९. पूजा समाप्त करके अपने आसन के नीचे थोना जल छिड़के और माथे से लगाते हुए ओम इंद्राय नमः जरूर बोले। १० पुरी पूजा संपन्न करके भगवान के क्षमा नणग़र 9 - ShareChat