CONRAD (CONY ) DSOUZA
ShareChat
click to see wallet page
@cony6751
cony6751
CONRAD (CONY ) DSOUZA
@cony6751
मुझे ShareChat पर फॉलो करें!
#प्रेयर
प्रेयर - फरवरी २३, २०२६ 7[ DSOUZA EVANGELIST EVANGELIST CONRAD DSOUZA CONRAD खjानाव पुन्चु सब स्वर्गंदूर्तौं कै साथ आपनी महिमा सहित आयेगा फरवरी २३, २०२६ 7[ DSOUZA EVANGELIST EVANGELIST CONRAD DSOUZA CONRAD खjानाव पुन्चु सब स्वर्गंदूर्तौं कै साथ आपनी महिमा सहित आयेगा - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - + आज का सुसमाचार 1941 सोमवार २३ फ़रवरी २०२६    a कुरिं॰ जयघोष 2 6:2 अब उपयुक्त समय है। यह मुक्ति का दिन है। YELIEIE 7 25:31-46 मेरे इन लिए भाइयों में से किसी एक के "तुमने चाहे वह कितना ही छोढा क्यों न हो, जो कुछ किया , बह तुमने मेरे लिए ही किया। "येसु ने अपने शिष्यों से कहा , " जब मानव पुत्र सब स्वर्गदूतों के साथ अपनी महिमा सहित आयेगा , तो वह अपने महिमामय सिंहासन पर विराजमान होगा और सभी राष्द्र उसके सम्मुख एकत्र किये जायेंगे। जिस तरह चरवाहा भेड़ों को बकरियों से अलग करता है , उसी तरह बह लोगों को एक दूसरे से अलग कर देगा। वह भेड़ों को अपने दायें और बकरियों को अपने बायें खडा कर देगा। " "तब राजा अपने दायें के लोगों से आओ और उस राज्य के कहेंगे , " मेरे पिता के कृपापात्रो से तम लोगों केलिए तैयार अधिकारी बनो - जो संसारके प्रारंभ मैं भूखा किया गया है। क्योंकि और तुमने मुझे खिलाया; मैं था और तुमने मुझे पिलाया; मैं परदेशी था और तुमने प्यासा था मुझे अपने यहाँ ठहराया; मैं नंगा था और तुमने मुझे पहनाया; मै और तुम बीमार था और तुम मुझ से भेंट करने आये; मैं बन्दी था इस पर धर्मो उन से कहेंगे , प्रभु ! हमने मुझ से मिलने आये। आप को भूखा देखा और खिलाया? कब प्यासा देखा और @ా] पिलाया? कब आप को परदेशी देखा और अपने यहाँ हमने ठहराया? कब नंगा देखा और पहनाया? कब आप को बोमार अथवा बन्दी देखा और आप से मिलने आये? Tsl 3 8377 देंगे , 'मैं तुम लोगों से कहे देता हूँ - तुमने मेरे इन भाइयों में से किसो एक के लिए, चाहे वह कितना हो छोटा क्यों न हो, जो कुछ किया , वह तुमने मेरे लिए ही किया। तब वह अपने बायें के लोगों से कहेँगे , 'शापितो ! मुझ से दूर हट जाओ। उस दूतों के लिए अनन्त आग में जाओ , जो शैतान और उसकेः मैंभूखा और तुम लोगों ने मुझे Hrauia aif थ नहों खिलाया; मैं प्यासा था और तुमने मुझे नहों पिलाया; मैं परदेशी था और तुमने मुझे अपने यहाँ नहीं ठहराया; मैं नंगा था और तुम और तुमने मुझे नहीं पहनाया; मैं बीमार और बन्दी थां मुझ से नहीं मिलने आये। इस पर वे भी उन से पूछेंगे , '्प्रभु ! नंगा , को भूखा , प्यासा , परदेशी , बोमार या कच आप हमने बन्दो देखा और आपकी सेवा नहों की? तब राजा उन्हें यह देक कॅ लिो कह्ट त्किने नेय देंगे , 'मैं तुम लोगों से कहे R छोटे-से-छोटे भाइयों में से किसी एक ٦ ٢ तुमने मेरे लिए भो नहीं किया। । और ये अनन्त दण्ड भोगने जायेंगे , परन्तु धर्मी अनन्त जीवन में प्रवेश करेंगे। प्रभ का ससमाचार + आज का सुसमाचार 1941 सोमवार २३ फ़रवरी २०२६    a कुरिं॰ जयघोष 2 6:2 अब उपयुक्त समय है। यह मुक्ति का दिन है। YELIEIE 7 25:31-46 मेरे इन लिए भाइयों में से किसी एक के "तुमने चाहे वह कितना ही छोढा क्यों न हो, जो कुछ किया , बह तुमने मेरे लिए ही किया। "येसु ने अपने शिष्यों से कहा , " जब मानव पुत्र सब स्वर्गदूतों के साथ अपनी महिमा सहित आयेगा , तो वह अपने महिमामय सिंहासन पर विराजमान होगा और सभी राष्द्र उसके सम्मुख एकत्र किये जायेंगे। जिस तरह चरवाहा भेड़ों को बकरियों से अलग करता है , उसी तरह बह लोगों को एक दूसरे से अलग कर देगा। वह भेड़ों को अपने दायें और बकरियों को अपने बायें खडा कर देगा। " "तब राजा अपने दायें के लोगों से आओ और उस राज्य के कहेंगे , " मेरे पिता के कृपापात्रो से तम लोगों केलिए तैयार अधिकारी बनो - जो संसारके प्रारंभ मैं भूखा किया गया है। क्योंकि और तुमने मुझे खिलाया; मैं था और तुमने मुझे पिलाया; मैं परदेशी था और तुमने प्यासा था मुझे अपने यहाँ ठहराया; मैं नंगा था और तुमने मुझे पहनाया; मै और तुम बीमार था और तुम मुझ से भेंट करने आये; मैं बन्दी था इस पर धर्मो उन से कहेंगे , प्रभु ! हमने मुझ से मिलने आये। आप को भूखा देखा और खिलाया? कब प्यासा देखा और @ా] पिलाया? कब आप को परदेशी देखा और अपने यहाँ हमने ठहराया? कब नंगा देखा और पहनाया? कब आप को बोमार अथवा बन्दी देखा और आप से मिलने आये? Tsl 3 8377 देंगे , 'मैं तुम लोगों से कहे देता हूँ - तुमने मेरे इन भाइयों में से किसो एक के लिए, चाहे वह कितना हो छोटा क्यों न हो, जो कुछ किया , वह तुमने मेरे लिए ही किया। तब वह अपने बायें के लोगों से कहेँगे , 'शापितो ! मुझ से दूर हट जाओ। उस दूतों के लिए अनन्त आग में जाओ , जो शैतान और उसकेः मैंभूखा और तुम लोगों ने मुझे Hrauia aif थ नहों खिलाया; मैं प्यासा था और तुमने मुझे नहों पिलाया; मैं परदेशी था और तुमने मुझे अपने यहाँ नहीं ठहराया; मैं नंगा था और तुम और तुमने मुझे नहीं पहनाया; मैं बीमार और बन्दी थां मुझ से नहीं मिलने आये। इस पर वे भी उन से पूछेंगे , '्प्रभु ! नंगा , को भूखा , प्यासा , परदेशी , बोमार या कच आप हमने बन्दो देखा और आपकी सेवा नहों की? तब राजा उन्हें यह देक कॅ लिो कह्ट त्किने नेय देंगे , 'मैं तुम लोगों से कहे R छोटे-से-छोटे भाइयों में से किसी एक ٦ ٢ तुमने मेरे लिए भो नहीं किया। । और ये अनन्त दण्ड भोगने जायेंगे , परन्तु धर्मी अनन्त जीवन में प्रवेश करेंगे। प्रभ का ससमाचार - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - धरके सुन, हे मेरे पुत्र मेरे वचन ध्यान और अपना कान मेरी बातों पर लगा। इन को अपनी आंखों की ओट न होने देः वरन अपने मन में धारण कर। क्योंकि जिनको वे प्राप्त होती हैं वे उनके जीवित रहने का, और उनके सारे शरीर के चंगे रहने का कारण होती हैं। নীনিববন 4: 20-22 धरके सुन, हे मेरे पुत्र मेरे वचन ध्यान और अपना कान मेरी बातों पर लगा। इन को अपनी आंखों की ओट न होने देः वरन अपने मन में धारण कर। क्योंकि जिनको वे प्राप्त होती हैं वे उनके जीवित रहने का, और उनके सारे शरीर के चंगे रहने का कारण होती हैं। নীনিববন 4: 20-22 - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - आज का सुसमाचार रविवार फ्ारवरी २०२६ २२ EVAIGELIST मनन चिंतन कैे सुसमाचार में , येसु को निर्जन स्थान में ले जाया जाता आज है ताकि शैतान द्वारा उनकी परीक्षा ली जा सकै , और बह এনিন্নত্বথথ ক্রী মহামনা ম স্ক্র সলীমন ক্রা নিমীখ গীয 3মম विजय होने में सक्षम होते है। पहला प्रलोभन शारीरिक भूख का है, जहॉ शैतान यैसु को पत्थरं को रोटी में बदलने के लिए प्रलोभित करता है। येसु ने  विधीविवरण ग्रंथ 8३३ को उद्धृत करते हुए उत्तर दिया, ' ' मनुष्य केवल रोटी ही से नर्ही जीता है, बह ईश्वर के मुख से निकॅलने बाले हर एक शब्द से जीता है। '  इससे यह पता चलता है कि येसु जानते थे कि केवल भौतिक आहार ही महत्वपूर्ण नहीं , बल्कि ईश्वर के बचन से आध्यात्मिक पोषण  भी कई अधिक महत्वपूर्ण है।  दूसरा प्रलोभन भगवान की सुरक्षा का परीक्षण करने का प्रलोभन है, शैतान ने येसु को मंदिर के शिखर से नीचे कूदने के लिए प्रलोभन दिया , लेकिन येसु ने विधीविवरण ६ः१६ का 43 दिया, ' ' अपने प्रभु ईश्वर की परीक्षा मत हवाला जवाब लो। ' इससे पता चलता है कि येस जानते थे कि हमें ईश्वर और उनकी सुरक्षा का परीक्षण नहीं करना चाहिए , बल्कि उन पर विश्वास करना चाहिए। तीसरा प्रलोभन शक्ति का प्रलोभन है जहाँ शैतान येसु को दुनिया के सभी राज्यों के बदले उसकी पूजा करने के लिए रोदेतेहैर लुभाता है। येसु ने विधीविवरण ६ः१३ का हवाला जवाब दिया, " ' अपने प्रभु - ईश्वर की आराधना करो , केवल उसी की सेबा करो। " ' इससे पता चलता है कि येसु यह जानते थे कि केवल एक ही ईश्वर की आराधना की जानी चाहिए और परम निष्ठा उसके ही प्रति होनी चाहिए। हमारी इस पूरे पद्यांष के दौरान , येसु हमें प्रलोभन का प्रतिरोरेध या सामना करने के लिए ग्रंथ का ज्ञान और ग्रंथ की शक्ति के महत्व को सिखाते है। इसी तरह से, हम प्रलोभनों और जीवन की चुनौतियों के दौरान हम पवित्रग्रंथ के बचन पर हमारे मार्गदर्शन हेतु भरोसा कर सकते हैंl हमें न केबल धर्मग्रंथ को जानना चाहिए, बल्कि इसे अपने दैनिक जीवन में भी लागू चाहिए , ताकि हम शैतान कै प्रलौभन का विरोध कर  करना सकें और ईश्श्वर के प्रति वफादार बने रहें। अंततः यह पद्यांष हमें याद दिलाता है कि हम अपने संघर्षों में अकेले नहीं हैं, तथा हमें ईश्वर के बचनों में बह सामर्थ्य और मार्गदर्शन मिल सकता है जिसकी हमें आवश्यकता है। आइए हम परीक्षा के समय और अपने जीवन के सभी क्षणों में बाइबल  की ओर मुड़ें , और हमारे रास्ते में आने बाली किसी भी बाधा को के लिए साहस और लचीलापन पाएं। दूर करने आज का सुसमाचार रविवार फ्ारवरी २०२६ २२ EVAIGELIST मनन चिंतन कैे सुसमाचार में , येसु को निर्जन स्थान में ले जाया जाता आज है ताकि शैतान द्वारा उनकी परीक्षा ली जा सकै , और बह এনিন্নত্বথথ ক্রী মহামনা ম স্ক্র সলীমন ক্রা নিমীখ গীয 3মম विजय होने में सक्षम होते है। पहला प्रलोभन शारीरिक भूख का है, जहॉ शैतान यैसु को पत्थरं को रोटी में बदलने के लिए प्रलोभित करता है। येसु ने  विधीविवरण ग्रंथ 8३३ को उद्धृत करते हुए उत्तर दिया, ' ' मनुष्य केवल रोटी ही से नर्ही जीता है, बह ईश्वर के मुख से निकॅलने बाले हर एक शब्द से जीता है। '  इससे यह पता चलता है कि येसु जानते थे कि केवल भौतिक आहार ही महत्वपूर्ण नहीं , बल्कि ईश्वर के बचन से आध्यात्मिक पोषण  भी कई अधिक महत्वपूर्ण है।  दूसरा प्रलोभन भगवान की सुरक्षा का परीक्षण करने का प्रलोभन है, शैतान ने येसु को मंदिर के शिखर से नीचे कूदने के लिए प्रलोभन दिया , लेकिन येसु ने विधीविवरण ६ः१६ का 43 दिया, ' ' अपने प्रभु ईश्वर की परीक्षा मत हवाला जवाब लो। ' इससे पता चलता है कि येस जानते थे कि हमें ईश्वर और उनकी सुरक्षा का परीक्षण नहीं करना चाहिए , बल्कि उन पर विश्वास करना चाहिए। तीसरा प्रलोभन शक्ति का प्रलोभन है जहाँ शैतान येसु को दुनिया के सभी राज्यों के बदले उसकी पूजा करने के लिए रोदेतेहैर लुभाता है। येसु ने विधीविवरण ६ः१३ का हवाला जवाब दिया, " ' अपने प्रभु - ईश्वर की आराधना करो , केवल उसी की सेबा करो। " ' इससे पता चलता है कि येसु यह जानते थे कि केवल एक ही ईश्वर की आराधना की जानी चाहिए और परम निष्ठा उसके ही प्रति होनी चाहिए। हमारी इस पूरे पद्यांष के दौरान , येसु हमें प्रलोभन का प्रतिरोरेध या सामना करने के लिए ग्रंथ का ज्ञान और ग्रंथ की शक्ति के महत्व को सिखाते है। इसी तरह से, हम प्रलोभनों और जीवन की चुनौतियों के दौरान हम पवित्रग्रंथ के बचन पर हमारे मार्गदर्शन हेतु भरोसा कर सकते हैंl हमें न केबल धर्मग्रंथ को जानना चाहिए, बल्कि इसे अपने दैनिक जीवन में भी लागू चाहिए , ताकि हम शैतान कै प्रलौभन का विरोध कर  करना सकें और ईश्श्वर के प्रति वफादार बने रहें। अंततः यह पद्यांष हमें याद दिलाता है कि हम अपने संघर्षों में अकेले नहीं हैं, तथा हमें ईश्वर के बचनों में बह सामर्थ्य और मार्गदर्शन मिल सकता है जिसकी हमें आवश्यकता है। आइए हम परीक्षा के समय और अपने जीवन के सभी क्षणों में बाइबल  की ओर मुड़ें , और हमारे रास्ते में आने बाली किसी भी बाधा को के लिए साहस और लचीलापन पाएं। दूर करने - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - फरवरी २२, २०२६ EVANGELIST CONRAD DSOUZA Tempted 940 उनकी परीक्षा 02| फरवरी २२, २०२६ EVANGELIST CONRAD DSOUZA Tempted 940 उनकी परीक्षा 02| - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - फरवरी २१ 2026 EVANGELIST CONRADDSOUZA येसु ढै लैवी नाासाक नाकैदार को ಕ್ಮರಸಗಿಞನ ಣಷಿಕ Gಖr ಕತಾ फरवरी २१ 2026 EVANGELIST CONRADDSOUZA येसु ढै लैवी नाासाक नाकैदार को ಕ್ಮರಸಗಿಞನ ಣಷಿಕ Gಖr ಕತಾ - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - క్డీ 9 और मेरा परमेश्वर भी अपने उस धन के यीशु अनुसार जो महिमा सहित मसीह में है तुम्हारी हर एक घटी को पूरी करेगा | फिलिप्पियों ४ः १९ క్డీ 9 और मेरा परमेश्वर भी अपने उस धन के यीशु अनुसार जो महिमा सहित मसीह में है तुम्हारी हर एक घटी को पूरी करेगा | फिलिप्पियों ४ः १९ - ShareChat
#प्रेयर
प्रेयर - फ़ररी २०२५ 0 pusoutg क्चार मनन-चिंतन EVANGELIST हम खीस्तीयों के लिए उपवास हमेशा ईश्वर से जुड़ने के CORAD [ लिए एक व्यक्तिगत प्रयास माना जाता है। आज के सुसमाचार में , योहन के शिष्यों ने प्रभु येसु से पूछा कि उनके शिष्य उपवास क्यों नहीं करते , जबकि अन्य लोग उपवास रखते हैं उनका ध्यान केवल बाहरी उपवास जैसे भोजन और पेय से परहेज करना। अक्सर , அ் पर हमारा उपवास भी केचल गतिविधियोंतक बाहरी सीमित रह जञाता है जैसे कि स्वादिष्ट भोजन का त्याग , दूरी , दिनभर की मौन -साधन और भव्य उत्सवों से प्रार्थना , या परोपकार के कार्य। इन सभी गतिविधियों का हम पूरी निष्ठा से पालन करते हैं लेकिन हम अपने हृदय के उत्तम उपवास को भूल जाते हैंl प्रभु येसु ने उन्हें उत्तर दिया , "जब तक दूल्हा साथ है , क्या बाराती शोक सकते हैं?" (मत्ती ९:१५) येसु ने पश्चाताप का ;FI सुसमाचार प्रचार किया , जिसमें बाहरी तपस्या से कई अधिक आन्तरिक उपवास की आबश्यकता है। यदि कोई पूरे दिन बाहरी रूप से उपवास करता है, लेकिन ಕವ್ಾೆಶೆಗಾೆಗ್ೇಣೆ: अंदर से असंतुष्ट रहता है, करता है॰ शिकायत करता है, और बनाता है, तो जीवन मैें कृषा ला सकता है२ क्या ऐसा उपवास उसके योहन के शिष्य उपवास तो कर रहेथे, लेकिन वे दूसरों की आलोचना और शिकायत भो कर रहे थे , जो उनकी अंतरात्मा की अशुद्धि को दर्शाता है। प्रभु येसु के उत्तर ्में गहरा अर्थ छुपा है - जब किसी के हृदय में प्रभु येसु निवास करते हैं॰ तो बहाँ लोभ , ईर्ष्या , जलन , और द्वेष के लिए कोई स्थान नहों होता। तब उस हृदय को उपवास की आवश्यकता नहों पडती | लेकिन जब हम प्रभु से दूर चले जाते हैं, जब हम हमारे हृदय में प्रभु के लिए स्थान नहीं देते , तब हमारा हृदय सभी बुराइयों के शिकार बन जाता है , और तब उसे कठोर उपवास की होती है। आखिरकार , प्रभु हमसे जीवन आवश्यकता की अखंडता की अपेक्षा करते हैं। अखंडता का अर्थहै कि हमारा आंतरिक जोवन और बाहरी आचरण एक समान हो। आइए हम प्रभु को अपने जीबन की यात्रा में साथ चलने के लिए आमंत्रित करें , उन्हें अपने हृदय में स्थान दें और बह हमारे जीवन को रूपांतरित करेंगे । फ़ररी २०२५ 0 pusoutg क्चार मनन-चिंतन EVANGELIST हम खीस्तीयों के लिए उपवास हमेशा ईश्वर से जुड़ने के CORAD [ लिए एक व्यक्तिगत प्रयास माना जाता है। आज के सुसमाचार में , योहन के शिष्यों ने प्रभु येसु से पूछा कि उनके शिष्य उपवास क्यों नहीं करते , जबकि अन्य लोग उपवास रखते हैं उनका ध्यान केवल बाहरी उपवास जैसे भोजन और पेय से परहेज करना। अक्सर , அ் पर हमारा उपवास भी केचल गतिविधियोंतक बाहरी सीमित रह जञाता है जैसे कि स्वादिष्ट भोजन का त्याग , दूरी , दिनभर की मौन -साधन और भव्य उत्सवों से प्रार्थना , या परोपकार के कार्य। इन सभी गतिविधियों का हम पूरी निष्ठा से पालन करते हैं लेकिन हम अपने हृदय के उत्तम उपवास को भूल जाते हैंl प्रभु येसु ने उन्हें उत्तर दिया , "जब तक दूल्हा साथ है , क्या बाराती शोक सकते हैं?" (मत्ती ९:१५) येसु ने पश्चाताप का ;FI सुसमाचार प्रचार किया , जिसमें बाहरी तपस्या से कई अधिक आन्तरिक उपवास की आबश्यकता है। यदि कोई पूरे दिन बाहरी रूप से उपवास करता है, लेकिन ಕವ್ಾೆಶೆಗಾೆಗ್ೇಣೆ: अंदर से असंतुष्ट रहता है, करता है॰ शिकायत करता है, और बनाता है, तो जीवन मैें कृषा ला सकता है२ क्या ऐसा उपवास उसके योहन के शिष्य उपवास तो कर रहेथे, लेकिन वे दूसरों की आलोचना और शिकायत भो कर रहे थे , जो उनकी अंतरात्मा की अशुद्धि को दर्शाता है। प्रभु येसु के उत्तर ्में गहरा अर्थ छुपा है - जब किसी के हृदय में प्रभु येसु निवास करते हैं॰ तो बहाँ लोभ , ईर्ष्या , जलन , और द्वेष के लिए कोई स्थान नहों होता। तब उस हृदय को उपवास की आवश्यकता नहों पडती | लेकिन जब हम प्रभु से दूर चले जाते हैं, जब हम हमारे हृदय में प्रभु के लिए स्थान नहीं देते , तब हमारा हृदय सभी बुराइयों के शिकार बन जाता है , और तब उसे कठोर उपवास की होती है। आखिरकार , प्रभु हमसे जीवन आवश्यकता की अखंडता की अपेक्षा करते हैं। अखंडता का अर्थहै कि हमारा आंतरिक जोवन और बाहरी आचरण एक समान हो। आइए हम प्रभु को अपने जीबन की यात्रा में साथ चलने के लिए आमंत्रित करें , उन्हें अपने हृदय में स्थान दें और बह हमारे जीवन को रूपांतरित करेंगे । - ShareChat