🙏जय माता दी 🙏

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माँ कामाख्या भारत के 51 प्रमुख शक्तिपीठों में से एक मानी जाती हैं। उनका प्रसिद्ध मंदिर असम के गुवाहाटी में नीलाचल पर्वत पर स्थित है। तांत्रिक परंपरा में यह सबसे महत्वपूर्ण शक्ति-पीठों में से एक माना जाता है। माँ कामाख्या की प्रमुख विशेषताएँ: शक्ति का स्वरूप: माँ कामाख्या को आदिशक्ति, सृष्टि, उर्वरता और स्त्री-शक्ति का प्रतीक माना जाता है। शक्तिपीठ: पौराणिक मान्यता के अनुसार, यहाँ माता सती का योनि-भाग गिरा था, इसलिए यह स्थान सृजन-शक्ति का प्रतीक माना जाता है। मंदिर की विशेषता: गर्भगृह में देवी की कोई प्रतिमा नहीं है। वहाँ प्राकृतिक शिला में स्थित एक पवित्र योनिरूप आकृति की पूजा होती है, जिस पर प्राकृतिक जलधारा निरंतर प्रवाहित रहती है। अंबुबाची मेला: प्रत्येक वर्ष आषाढ़ मास में अंबुबाची महापर्व मनाया जाता है। इस समय यह मान्यता है कि देवी रजस्वला होती हैं। तीन दिन तक मंदिर बंद रहता है और चौथे दिन दर्शन पुनः आरंभ होते हैं। तांत्रिक साधना: कामाख्या धाम तंत्र, मंत्र, यंत्र तथा दशमहाविद्या की साधनाओं का प्रमुख केंद्र माना जाता है। जय माँ कामाख्या। 🌺🙏 ##माँ कामाख्या #🌅 भक्ति #🙏जय माता रानी🌸 #🙏भक्ति स्टेटस🙌 #🙏हमार देवी देवता🤲
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