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IAS, IPS और नौकरशाहों से एक सीधा सवाल — उस क़सम का क्या हुआ जो देश और संविधान के नाम पर ली थी? “क़सम याद है?” उन लोगों की आवाज़ है जो पूछना चाहते हैं कि जब युवा रोज़गार, शिक्षा और न्याय के लिए संघर्ष कर रहे हों, तब व्यवस्था की कुर्सियों पर बैठे लोगों की ज़िम्मेदारी कहाँ है। यह गीत सत्ता या किसी व्यक्ति विशेष के विरुद्ध नहीं, बल्कि जवाबदेही, संवैधानिक कर्तव्य और नागरिकों के प्रति ज़िम्मेदारी पर सवाल उठाता है। Couple❤️Comrade✊ Every Song Tells A Story. अगर आपको लगता है कि ऐसी आवाज़ें आगे पहुँचनी चाहिए, तो वीडियो को Share करें। Algorithm चाहे साथ दे या नहीं — आपकी एक Share इस कहानी को आगे ले जा सकती है। #कसम याद है#नौकरशाह #IAS #IPS#Bureaucracy #संविधान #जवाबदेही#YouthVoice ##Education #NEET#Agniveer #SSC #StudentVoice ##ProtestSong #Janageet #HindiSong#PoliticalSatire #song #Social education/social awareness#india#जय हिंद 🫡✊🇮🇳
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बिहार, जनता का पैसा, बेरोज़गारी, पलायन और सरकारी खर्च—इन सवालों को उठाता यह जनगीत व्यवस्था से जवाबदेही की मांग करता है। पंद्रह हज़ार का डस्टबिन” बिहार की उस आम जनता की आवाज़ है जो टैक्स देती है, रोज़गार के लिए दूसरे राज्यों में जाती है और अपने प्रदेश में बेहतर स्कूल, अस्पताल, सड़क और रोज़गार की उम्मीद रखती है। गीत में ₹15,000 के डस्टबिन और ₹300 करोड़ से जुड़े कथित खर्च पर सवाल उठाए गए हैं—मकसद आरोप तय करना नहीं, बल्कि सार्वजनिक धन के इस्तेमाल पर पारदर्शिता और जवाबदेही की मांग करना है। हर सवाल का जवाब चाहिए। जनता के पैसे का हिसाब चाहिए। बिहार को पलायन नहीं—रोज़गार और विकास चाहिए। Couple❤️Comrade✊ Every Song Tells A Story. अगर आपको यह गीत जनता की आवाज़ लगता है, तो इसे ज़्यादा से ज़्यादा लोगों तक शेयर करें। Algorithm शायद हर आवाज़ तक न पहुँचे, लेकिन आपकी एक share किसी नए इंसान तक यह सवाल पहुँचा सकती है। #पंद्रहहजारकाडस्टबिन #बिहार#BiharPolitics#TaxPayersMoney#सरकारीखर्च ##बीजेपी के भ्रष्टाचार ##जवाबदेही #BiharMigration #BiharYouth#BiharJobs #बेरोजगारी #पलायन ##जनगीत #ProtestSong #PoliticalSong ##YouthVoice #PublicAccountability ##Education #Employment #Development #BiharNews #IndiaNews #BiharElection#BiharYouth #जनताकीसवाल #लोकतंत्र
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Bank of Baroda (BOB) से जुड़े ₹35,715 करोड़ के कर्ज़ और loan write-off को लेकर जनता के मन में उठते सवालों पर आधारित यह जनगीत एक सीधा सवाल पूछता है—अगर middle class का ₹1 लाख का कर्ज़ भी आसानी से नहीं छोड़ा जाता, तो हज़ारों करोड़ के बड़े कर्ज़ों के write-off और कर्ज़दारों की पहचान को लेकर पारदर्शिता क्यों नहीं होनी चाहिए? Bank of Baroda यानी BOB के इस मामले में सवाल सिर्फ रकम का नहीं, बल्कि accountability, transparency और जनता के पैसे के हिसाब का है। किसके नाम पर कर्ज़ था? कितनी रकम write-off हुई? कौन जिम्मेदार था? और जनता को पूरी जानकारी कब मिलेगी? गीत किसी व्यक्ति या संस्था पर बिना प्रमाण आरोप लगाने के लिए नहीं, बल्कि Bank of Baroda (BOB), banking transparency और public accountability पर सवाल उठाने के लिए है। — Every Song TellsA Story. अगर आपको लगता है कि BOB के इस मामले और जनता के सवालों पर खुली चर्चा होनी चाहिए, तो इस गीत को शेयर करें। Algorithm चाहे साथ दे या न दे, आपकी आवाज़ इसे आगे पहुँचा सकती है। #bank of baroda #BOB #35715Crore ##LoanWriteOff #MiddleClass#BankingTransparency #PublicMoney #protest song#Breaking india #BOBnews##CommonMan #Janageet #ProtestSong#YouthAwareness
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