`अपने अंदर के शत्रु को पहचानो, जिसको तुम अपना मित्र माने हुए हो।`
मदिरा सेवन, नशा, व्यभिचार ये सब एक मनोरंजन बन गया है और ये जीवन का सबसे घातक विषय है।
> ये तुम्हारे लौकिक और पारलौकिक दोनों उन्नतियों को नष्ट कर देगा।
यही वो समय है जो आपको महान बना सकता है, इसे यूं ही व्यर्थ न जाने दें।
🪷 *।। राधे राधे ।।*🪷 #✈Last travel memories😎