ShareChat
click to see wallet page

नरक का द्वार खुलते ही आत्माएँ काँप उठीं… 👹 कोई जलते तेल में डूबा था, तो कोई बर्फीली जंजीरों में कैद। हर ओर चीखें थीं और अंतहीन पीड़ा। याद रखना—पाप का अंजाम सिर्फ़ दर्द है।

1.7K ने देखा