बिल्कुल तुम सा और तुम्हारा लगता हूँ
कभी-कभी मैं खुद को प्यारा लगता हूँ
शायद मेरी जीत इसी में होती है
उसके आगे हारा-हारा लगता हूँ
हाथ पकड़कर साथ खड़ी हो जाती है
लोगों में जब मैं बेचारा़ लगता हूँ.. #💔दर्द भरी कहानियां #📚कविता-कहानी संग्रह #✍मेरे पसंदीदा लेखक #✍प्रेमचंद की कहानियां #📗प्रेरक पुस्तकें📘