मौनी अमावस्या
आज माघ मास कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि है, इसे मौनी अमावस्या के नाम से जाना जाता है। मौनी अमावस्या के दिन सूर्य तथा चन्द्रमा गोचरवश मकर राशि में आते हैं इसलिए यह दिन एक संपूर्ण शक्ति से भरा हुआ और पावन अवसर बन जाता है। इस दिन मनु ऋषि का जन्म भी माना जाता है, इसलिए भी इस अमावस्या को मौनी अमावस्या कहा जाता है। मकर राशि, सूर्य तथा चन्द्रमा का योग इसी दिन होता है, अत: इस अमावस्या का महत्व और बढ़ जाता है। पौराणिक विपिन शास्त्री के अनुसार इस दिन पवित्र नदियों व तीर्थ स्थलों में स्नान करने से पुण्य फलोंं
की प्राप्ति होती है।
इस दिन मौन व्रत रखने का भी विधान रहा है। इस व्रत का अर्थ है कि व्यक्ति को अपनी इंद्रियों को अपने वश में रखना चाहिए। धीरे-धीरे अपनी वाणी को संयत करके अपने वश में करना ही मौन व्रत है। कई लोग इस दिन से मौन व्रत रखने का प्रण करते हैं। वह व्यक्ति विशेष पर निर्भर करता है कि कितने समय के लिए वह मौन व्रत रखना चाहता है। कई व्यक्ति एक दिन, कोई एक महीना और कोई व्यक्ति एक वर्ष तक मौन व्रत धारण करने का संकल्प कर सकता है।
#शुभ कामनाएँ 🙏