#पेड़ों की शाखों से छनकर आई ये धूप, जैसे जिंदगी कह रही हो— हर अंधेरी रात के बाद एक खूबसूरत सुबह जरूर होती है। ☀️🍃
सड़कें खामोश हैं, मगर कहानियाँ बहुत कुछ कह रही हैं। कुछ सफर मंजिल तक पहुँचाते हैं, और कुछ खुद से मिला देते हैं। 🌿✨
धूप भी आज बड़ी नर्म सी लगी, हवा भी कोई पैगाम लाई है। शायद प्रकृति ने फिर याद दिलाया है कि सुकून दौड़ने में नहीं ठहरने में है। 🌳🤍
किसी का इंतज़ार हो या कोई अधूरा सपना, ये रास्ते सब जानते हैं। क्योंकि हर सुबह की धूप उम्मीद लेकर ही आती है। 🌅🍂
धूप पेड़ों से पूछ रही थी रास्ता, और मैं जिंदगी से... कि मंजिल कितनी दूर है अभी।
#📒 मेरी डायरी #☝ मेरे विचार