मुझे चांद देखना पसंद है और उसे चांद सा दिखना पसंद है... वह भी अपने दाग नहीं छुपाते... आंखों में काजल माथे पर बिंदी नहीं लगती, होंठों को भी उन्हीं के हाल पर छोड़ देती है... मुस्कुराते ही समाज के सारे बांध तोड़ देती है... उसे कौन से खा सजना सवरना....2
बदल ना जाए इस दुनिया का हाल वरना... मैं खुश हूं कि वह आईने से अपना हाल नहीं पूछती ये,वो,हां शेड्यूल सवाल नहीं पूछता....
सोचो अगर वह काजल लगाती...
सोचो अगर वह काजल लगा लेती।
एक दफा उलझे बाल उलझा देता।
जमाना अपना रुख बदल दे हर कोई उसके ना साथ चलदे... मैंने जब से उसे देखा है जब से होश आने लगा है... उसे तोहफा देने का जी चाहता है उसे कोई तोहफा देने का जी चाहता है... पर उसके लायक कहां कुछ आता है..
वह आंखों पर काजल, गालों पर रोज नहीं लगती, वह कानों को झुमको के ताले नहीं दबाती।.... उसे उड़ाना पसंद है सोचती हूं उसे पंख दे दूं.. दिल की सदाएं दे दूं
... फिर सोचती हूं क्या करेगी वह मेरी फजूल इशारों का।
वो आजाद है मैं उसे मोहब्बत में क्यों बादूं... यह दुनिया उसे बंधेगी।... सोचती हूं फिर वह रहेगी क्या... जिसके लिए कर निकली थी मेरे दिल से। मुझे उसके दागो से मोहब्बत है।
जब भी मुझे उसकी मोहब्बत का ख्याल आता है मुझेउसकी आजादी का ख्याल आता है
फिर मैं उससे रुख मोड़ लेती हूं तिरछी आंखों से देखकर उसे बस छोड़ देती हूं 😊
#🤩प्यार के रंग #🤗तेरा मेरा रिश्ता