Remembering our dear Rabindranath Tagore

Praveen Kumar Yadav
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7 दिन पहले
महान,कवि,लेखक,नाटककार,संगीतकार, दार्शनिक और समाज सुधारक गुरुदेव रवीन्द्रनाथ टैगोर जी की 85 वी पुण्यतिथि पर मैं आप को कोटिशः नमन तथा विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ.आप के पिताजी का नाम श्री देवेन्द्रनाथ टैगोर जी तथा माताजी का नाम शारदा देवी था।रवींद्रनाथ टैगोर ब्रह्म समाज के नेता देवेंद्रनाथ टैगोर के सबसे छोटे पुत्र थे।आप की माताजी का देहांत जब आप की उम्र कम थी तभी हो गया था.आप का जन्म एक बंगाली परिवार में हुआ था.आप ने 8 साल की उम्र में ही पहली कविता लिखी.आप की कालजयी रचना गीताजली है.साल 1913 ई में आप साहित्य का नोबेल पुरस्कार जीतने वाले पहले गैर- यूरोपीय और पहले एशियाई बन गए जो नोबेल का पुरस्कार आप को गीताजली नामक पुस्तक की रचना करने पर मिला था.आप की चर्चित रचनाओं में एक काबुलीवाला भी थी.आप की पारंपरिक शिक्षा इग्लैंड में हुई.रविन्द्रनाथ टैगोर ने कई कृतियाँ लिखी जिनमें कविताएँ,लघु कथाएँ,उपन्यास काफी लोकप्रिय है.आपने अपनी रचनाओं में सामाजिक बुराईयों जैसे बाल विवाह तथा दहेज प्रथा को भी उजागर किया.आप ने शान्तिनिकेतन नामक आश्रम की भी नीव रखी.यहाँ कक्षाएं पेड़ों के नीचे होती थी और पारंपरिक गुरु-शिष्य पद्धति का पालन किया जाता था.अब शान्तिनिकेतन पश्चिम बंगाल का एक प्रसिद्ध विश्वविद्यालय है.आप ने भारत तथा बांग्लादेश का राष्ट्रीय गान भी लिखा था.बाग्लादेश के राष्ट्रगान की पक्ति है आमार,सोनार,बाग्ला जबकि भारत के राष्ट्रगान की पक्ति है जन गण मन अधिनायक जय हे.आप को शहीद महात्मा गॉंधी जी ने गुरुदेव की उपाधि से नवाजा था.आप का एक प्रसिद्ध उपन्यास गोरा भी था.आप ने आजीवन सामाजिक कुरीतियों को देश से खत्म करने के लिए संघर्ष किया जिसके लिए आप को हमेशा याद किया जाएगा.शत् शत् नमन.भारत माता की जय।🇮🇳तन मन धन से पहले जन गण मन🇮🇳🙏🙏🙏 #viral #Remembering our dear Rabindranath Tagore #★ रबिन्द्रनाथ टैगौर पुण्यतिथि #deshbhakti #guru
kota laugh
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7 दिन पहले
#रवीन्द्रनाथ टैगोर की पुण्यतिथि पर उन्हें नमन के रचयिता, महान साहित्यकार, शिक्षाविद एवं नोबेल पुरस्कार विजेता गुरुदेव रवीन्द्रनाथ टैगोर जी की पुण्यतिथि पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि। उनके विचार, साहित्य और शिक्षा के प्रति समर्पण आज भी समाज को नई दिशा और प्रेरणा प्रदान करते हैं। आइए, उनके आदर्शों को आत्मसात कर ज्ञान, मानवता और राष्ट्र निर्माण के मार्ग पर आगे बढ़ने का संकल्प लें। "जहाँ मन भय से मुक्त हो और मस्तक ऊँचा हो, वहीं सच्ची स्वतंत्रता का वास होता है।" #रवीन्द्रनाथ_टैगोर #RabindranathTagore ##salinasheri #पार्षदसलीनाशेरी #teamshantidhariwal #टीमशांतिधारीवाल