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#खिचड़ी कोई भी पका सकता है लोकतंत्र एवं प्रजातंत्र की रक्षार्थ है यह खिचड़ी।
खिचड़ी कोई भी पका सकता है लोकतंत्र एवं प्रजातंत्र की रक्षार्थ है यह खिचड़ी। - Aa 3.03 Rவர पराए करते विश्वास घात अपने पराए दोनों करते जिसकी नियत में खोट होती वहां लूट होती जिसकी सोच में खोट होती है वहां विश्वास घात होता है! Status (Contacts) + # Aa 3.03 Rவர पराए करते विश्वास घात अपने पराए दोनों करते जिसकी नियत में खोट होती वहां लूट होती जिसकी सोच में खोट होती है वहां विश्वास घात होता है! Status (Contacts) + # - ShareChat