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#बलिदान दिवस #शहीद दिवस #🙏🏻माँ तुझे सलाम #इतिहास स्मृति #आज जिनकी पुण्यतिथि है
बलिदान दिवस - दुर्ग में जोहर करने वाली कुछ प्रमुख  ओर ऐसे शासक को हम अकवर महान कहते ह। राजपूत वीरांगनाओं के नाम डस तरह हे  णोहरकी ठ्वाता मे लिनकीची अक्षप मुस्कान चित्तोड़ के ೊ4<rrnaಭu 4l रानी फूल कंवर  इन्होने > थे अकबर महान! 44 तीसरे जोहर का नेतृत्व किया।  चित्तौड़ का तीसरा जौहर बा्ई   सोनगरी सज्जन रावत पत्ता चुण्डावत की माता  २३-२४ फरवरी १ ५६८ ( रात्रि) रानी बाई कछवाही  मदालसा  सहसमल जी की पुत्री  जीवा बाई सोलंकिनी सामन्तसी की पुत्री व रावत पत्ता चुण्डावत की पत्नी  रानी सारदा बाई राठोड़  > रानी भगवती बाई ईसरदास जी की > gaf रानी फूल कंवर के नेतृत्व में ७००० मां  की बेटियों ने अपनी अस्मिता की रानी पयावती बा्ई झाली  भारती > रक्षा के लिए अग्नि में कूदकर स्वयं को रानी बगदी बाई चोहान > होम दिया।जयमल ओर पत्ता ने भी 4613' रानी रतन बाई > अपना सर्वोच्च बलिदान दिया। रानी बलेसा बाई चोहान  > अकवरके प्रलोभन परजपमल का जवार रानी   बागड़ेची  সাথা_নাৎ प्रभार हे गढ म्हारो म्हे धणी असुर फिर किम  की पुत्री  डूंगरसी  आण।कुंच्या जे चित्रकोट री दिधी मोहि  चित्तोड़ के तीसरे जोहर के प्रमाण स्वरुप  दीवान।।जयमल लिखे जवाब यूं सुनिए  ন के विभाग अकबर शाह। आण फिरे गढ ऊपरा " भारत पुरातत्व  सरकार समिद्धेश्वर मन्दिर के पास सफाई करवाई  पड्यो धड पातशाहा।  तो राख ओर हड्डियां बड़ी मात्रा में मिली থান-থান নমন ghui रावत पत्ता की ५ व २ छोटे पुत्र दुर्ग में जोहर करने वाली कुछ प्रमुख  ओर ऐसे शासक को हम अकवर महान कहते ह। राजपूत वीरांगनाओं के नाम डस तरह हे  णोहरकी ठ्वाता मे लिनकीची अक्षप मुस्कान चित्तोड़ के ೊ4<rrnaಭu 4l रानी फूल कंवर  इन्होने > थे अकबर महान! 44 तीसरे जोहर का नेतृत्व किया।  चित्तौड़ का तीसरा जौहर बा्ई   सोनगरी सज्जन रावत पत्ता चुण्डावत की माता  २३-२४ फरवरी १ ५६८ ( रात्रि) रानी बाई कछवाही  मदालसा  सहसमल जी की पुत्री  जीवा बाई सोलंकिनी सामन्तसी की पुत्री व रावत पत्ता चुण्डावत की पत्नी  रानी सारदा बाई राठोड़  > रानी भगवती बाई ईसरदास जी की > gaf रानी फूल कंवर के नेतृत्व में ७००० मां  की बेटियों ने अपनी अस्मिता की रानी पयावती बा्ई झाली  भारती > रक्षा के लिए अग्नि में कूदकर स्वयं को रानी बगदी बाई चोहान > होम दिया।जयमल ओर पत्ता ने भी 4613' रानी रतन बाई > अपना सर्वोच्च बलिदान दिया। रानी बलेसा बाई चोहान  > अकवरके प्रलोभन परजपमल का जवार रानी   बागड़ेची  সাথা_নাৎ प्रभार हे गढ म्हारो म्हे धणी असुर फिर किम  की पुत्री  डूंगरसी  आण।कुंच्या जे चित्रकोट री दिधी मोहि  चित्तोड़ के तीसरे जोहर के प्रमाण स्वरुप  दीवान।।जयमल लिखे जवाब यूं सुनिए  ন के विभाग अकबर शाह। आण फिरे गढ ऊपरा " भारत पुरातत्व  सरकार समिद्धेश्वर मन्दिर के पास सफाई करवाई  पड्यो धड पातशाहा।  तो राख ओर हड्डियां बड़ी मात्रा में मिली থান-থান নমন ghui रावत पत्ता की ५ व २ छोटे पुत्र - ShareChat