ShareChat
click to see wallet page
search
#❤️जीवन की सीख #☝अनमोल ज्ञान #🌸 सत्य वचन #👌 अच्छी सोच👍 #👉 लोगों के लिए सीख👈
❤️जीवन की सीख - सदगुरूदेवाय नमः ' "श्री हम बुद्धिमान हैं या मूर्ख इसका पता उस दिन चलता है जब जीव यह शरीर छोड़कर आकाश में उड जाता है। उसे आगे फिर चौरासी लाख योनियों के दुखद शरीर प्रकट दिखाई देते हैं, जिनमें उसे करोड़ों वर्षों का ज्ञान प्राप्त होता हैतब कहीं फिर मनुष्य के जन्म का अवसर आएगा। जीव को अपनी मूर्खता पर भारी पश्चाताप होता है कि यह सुर दुर्लभ मानव-्जीवन वैकल्पिक गंवा दिया। शरीर के मोह में पड़कर अनेकों ऐसे - ऐसे कर्म-्अकर्म करे जिनका दण्ड नारकीय यंत्रणाएं चिरकाल तक जीव को सहनी पड़ेंगी। पाप कर्मों के सुख तो क्षणिक होते हैं लेकिन उनके दण्ड तो दीर्घकालीन भोगने पड़ते हैं। बाबूलाल बाबूलाल . सदगुरूदेवाय नमः ' "श्री हम बुद्धिमान हैं या मूर्ख इसका पता उस दिन चलता है जब जीव यह शरीर छोड़कर आकाश में उड जाता है। उसे आगे फिर चौरासी लाख योनियों के दुखद शरीर प्रकट दिखाई देते हैं, जिनमें उसे करोड़ों वर्षों का ज्ञान प्राप्त होता हैतब कहीं फिर मनुष्य के जन्म का अवसर आएगा। जीव को अपनी मूर्खता पर भारी पश्चाताप होता है कि यह सुर दुर्लभ मानव-्जीवन वैकल्पिक गंवा दिया। शरीर के मोह में पड़कर अनेकों ऐसे - ऐसे कर्म-्अकर्म करे जिनका दण्ड नारकीय यंत्रणाएं चिरकाल तक जीव को सहनी पड़ेंगी। पाप कर्मों के सुख तो क्षणिक होते हैं लेकिन उनके दण्ड तो दीर्घकालीन भोगने पड़ते हैं। बाबूलाल बाबूलाल . - ShareChat