ShareChat
click to see wallet page
search
#✍मेरे पसंदीदा लेखक
✍मेरे पसंदीदा लेखक - समझने वाली बात इतनी सी है.... कि हर स्त्री देवी नहीं होती और हर पुरुष दानव नहीं होता. নী क्यों किसी एक के लिए पूरी जाति को दोषी ठहराया जाए...८? 100 समझने वाली बात इतनी सी है.... कि हर स्त्री देवी नहीं होती और हर पुरुष दानव नहीं होता. নী क्यों किसी एक के लिए पूरी जाति को दोषी ठहराया जाए...८? 100 - ShareChat