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#प्रेयर
प्रेयर - VD ( आज का सुसमाचार शनिवार २० दिसंबर २०२५ सुसमाचारः सन्त लूकस १२६ दृ३८ २६ छठे महीने स्वर्गदूत गब्रिएल॰ ईश्वर की ओर से॰ गलीलिया के नाजरेत नामक नगर में एक कुँवारी के पास भेजा गया, २७ जिसकी मँगनी दाऊद के घराने के यूसुफ नामक पुरुष से हुई थी और उस का नाम था मरियम | कुँवारी  २९ वह इन शब्दों से घबरा गयी और मन में सोचती रही कि इस प्रणाम का अभिप्राय क्या है। ক্রী কপা स्वर्गदूत ने उस से कहा, " मरियम! डरिए नहीं| आप को ईश्वर 30 নন ؟٢ ٤ ١ ३१ देखिए, आप गर्भवती होंगी, पुत्र प्रसव करेंगी और उनका नाम ईसा रखेंगी | कहलायेंगे | प्रभु- ईश्वर उन्हें उनके के पुत्र ३२ वे महान होंगे और सर्वोच्च प्रभु पिता दाऊद का सिंहासन प्रदान करेगा, ३३ वे याकूब के घराने पर सदा सर्वदा राज्य करेंगे और उनके राज्य का अन्त नहीं होगा । पर मरियम ने स्वर्गदूत से कहा, "यह कैसे हो सकता है? मेरा तो पुरुष से 34 संसर्ग नहीं है । स्वर्गदूत ने उत्तर दिया, ' पवित्र आत्मा आप पर उतरेगा और सर्वोच्च प्रभु की 35 पड़ेगी| इसलिए जो आप से उत्पन्न होंगे, वे पवित्र होंगे शक्ति की छाया आप पर और ईश्वर के पुत्र कहलायेंगे | कुटुम्बिनी एलीज़बेथ के भी पुत्र होने वाला है। ३६  देखिए, में आपकी बुढ़ापे अब उसका, जो बाँझ कहलाती थी॰ छठा महीना हा रहा है; ३७ क्योंकि ईश्वर के लिए कुछ भी असम्भव नहीं है।" मैं प्रभु  ३८ मरियम ने कहा, 'देखिए, की दासी हूँ । मुझ में पूरा हो आपका कथन स्वर्गदूत ' जाये ।" और उसके पास से चला गया। VD ( आज का सुसमाचार शनिवार २० दिसंबर २०२५ सुसमाचारः सन्त लूकस १२६ दृ३८ २६ छठे महीने स्वर्गदूत गब्रिएल॰ ईश्वर की ओर से॰ गलीलिया के नाजरेत नामक नगर में एक कुँवारी के पास भेजा गया, २७ जिसकी मँगनी दाऊद के घराने के यूसुफ नामक पुरुष से हुई थी और उस का नाम था मरियम | कुँवारी  २९ वह इन शब्दों से घबरा गयी और मन में सोचती रही कि इस प्रणाम का अभिप्राय क्या है। ক্রী কপা स्वर्गदूत ने उस से कहा, " मरियम! डरिए नहीं| आप को ईश्वर 30 নন ؟٢ ٤ ١ ३१ देखिए, आप गर्भवती होंगी, पुत्र प्रसव करेंगी और उनका नाम ईसा रखेंगी | कहलायेंगे | प्रभु- ईश्वर उन्हें उनके के पुत्र ३२ वे महान होंगे और सर्वोच्च प्रभु पिता दाऊद का सिंहासन प्रदान करेगा, ३३ वे याकूब के घराने पर सदा सर्वदा राज्य करेंगे और उनके राज्य का अन्त नहीं होगा । पर मरियम ने स्वर्गदूत से कहा, "यह कैसे हो सकता है? मेरा तो पुरुष से 34 संसर्ग नहीं है । स्वर्गदूत ने उत्तर दिया, ' पवित्र आत्मा आप पर उतरेगा और सर्वोच्च प्रभु की 35 पड़ेगी| इसलिए जो आप से उत्पन्न होंगे, वे पवित्र होंगे शक्ति की छाया आप पर और ईश्वर के पुत्र कहलायेंगे | कुटुम्बिनी एलीज़बेथ के भी पुत्र होने वाला है। ३६  देखिए, में आपकी बुढ़ापे अब उसका, जो बाँझ कहलाती थी॰ छठा महीना हा रहा है; ३७ क्योंकि ईश्वर के लिए कुछ भी असम्भव नहीं है।" मैं प्रभु  ३८ मरियम ने कहा, 'देखिए, की दासी हूँ । मुझ में पूरा हो आपका कथन स्वर्गदूत ' जाये ।" और उसके पास से चला गया। - ShareChat