sachin das
577 views 12 days ago
मनमोहिनी सूरत में तथा जिस देश में जाता है वैसा ही वेश बना लेता है, जैसे जिंदा महात्मा रूप में बेई नदी पर मिले, सतलोक में पूर्ण परमात्मा वाले वेश में तथा उतर प्रदेश में धाणक(जुलाहे) रूप में स्वयं करतार (पूर्ण प्रभु) विराजमान है। यही धाणक(जुलाहे) रूप में सतपुरुष अर्थात् अकाल मूर्त ही है। वह परमात्मा कबीर है। #🙏राम राम भाई सारयाँ नै #🙏सद्गुरु के विचार #🌄तड़के की राम राम🙏 #📝भक्ति संदेश🙏
10 likes
7 shares

More like this