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#GodMorningTuesday जीव परमात्मा का अंश है। (रामायण में भी कहा है, ईश्वर अंश जीव अविनाशी) जीव जो अपने किए कर्म का सुख, दुख भोगता है तो अपने अंश के सुख दुख का परमात्मा को भी अहसास होता है। सूक्ष्म वेद में लिखा है- कबीर कह मेरे जीव को दुख ना दिजो कोय । भक्त दुखाऐ मैं दुखी मेरा आपा भी दुखी होय।। #santrampaljimaharaj
santrampaljimaharaj - Jic शभती जीव परमात्मा का अंश है। बंदीछोड सतगुरू रामपाल जी महाराज ( रामायण में भी कहा है, ईश्वर अंश जीव अविनाशी ) जीव जो अपने किए कर्म का सुख, दुख भोगता है तो अपने अंश के सुख दुख का परमात्मा को भी अहसास होता है। सूक्ष्म वेद में लिखा है- कबीर कह मेरे जीव को दुख ना दिजो कोय | दुखाऐ मैं दुखी मेरा आपा भी दुखी గల Il 9Trb| WWW JagatGuruRampalliorg SatlokAshramShamlip SatlokShamliup Jic शभती जीव परमात्मा का अंश है। बंदीछोड सतगुरू रामपाल जी महाराज ( रामायण में भी कहा है, ईश्वर अंश जीव अविनाशी ) जीव जो अपने किए कर्म का सुख, दुख भोगता है तो अपने अंश के सुख दुख का परमात्मा को भी अहसास होता है। सूक्ष्म वेद में लिखा है- कबीर कह मेरे जीव को दुख ना दिजो कोय | दुखाऐ मैं दुखी मेरा आपा भी दुखी గల Il 9Trb| WWW JagatGuruRampalliorg SatlokAshramShamlip SatlokShamliup - ShareChat