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#✍️ जीवन में बदलाव #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख #❤️जीवन की सीख #👉 लोगों के लिए सीख👈
✍️ जीवन में बदलाव - तभी संभव है-जब उसका तन, मन और विचार  पवित्रता के साथ एक महान उद्देश्य के प्रति सभी समर्पित हों बाहरी परिस्थितियों में चाहे जैसी भी बाधाएँ होँ, यदि भीतर की चेतना में सच्ची सेवा- भावना और साधना की तपस्या है तो जीवन का कायाकल्प शरीर, मन और बुद्धि को ऊर्जस्वित निश्चित है बनाकर समाज और राष्ट्र की सेवा मेँ लगाना ही सच्चे अर्थों में आध्यात्मिक जीवन की शुरुआत है यह सेवा केवल बाहरी रूप से किसी को कुछ देने की नहीं , बल्कि आत्मशक्ति को जाग्रत करके और के जीवन को उसमें ईश्वर की प्रेरणा पाकर दूसरों उन्नत करने की प्रक्रिया है। ध्यान और तप से अर्जित शक्ति को केवल अपने लिए न रखकर जब व्यक्ति जनकल्याण में लगाता है, तभी उसका जीवन सार्थक बनता है।जो व्यक्ति केवल अपने लाभ और सुविधा की सोच में डूबा रहता है, वह सच्चे अर्थों में भी आत्म- कभी [ के कल्याण विकास नहीं कर सकता | वहीं जो  दूसरों  5 हेतु अपने विचारों कर्मों और ऊर्जा को समर्पित करता है, वही व्यक्ति समाज में प्रेरक बनता है। तभी संभव है-जब उसका तन, मन और विचार  पवित्रता के साथ एक महान उद्देश्य के प्रति सभी समर्पित हों बाहरी परिस्थितियों में चाहे जैसी भी बाधाएँ होँ, यदि भीतर की चेतना में सच्ची सेवा- भावना और साधना की तपस्या है तो जीवन का कायाकल्प शरीर, मन और बुद्धि को ऊर्जस्वित निश्चित है बनाकर समाज और राष्ट्र की सेवा मेँ लगाना ही सच्चे अर्थों में आध्यात्मिक जीवन की शुरुआत है यह सेवा केवल बाहरी रूप से किसी को कुछ देने की नहीं , बल्कि आत्मशक्ति को जाग्रत करके और के जीवन को उसमें ईश्वर की प्रेरणा पाकर दूसरों उन्नत करने की प्रक्रिया है। ध्यान और तप से अर्जित शक्ति को केवल अपने लिए न रखकर जब व्यक्ति जनकल्याण में लगाता है, तभी उसका जीवन सार्थक बनता है।जो व्यक्ति केवल अपने लाभ और सुविधा की सोच में डूबा रहता है, वह सच्चे अर्थों में भी आत्म- कभी [ के कल्याण विकास नहीं कर सकता | वहीं जो  दूसरों  5 हेतु अपने विचारों कर्मों और ऊर्जा को समर्पित करता है, वही व्यक्ति समाज में प्रेरक बनता है। - ShareChat