Abhilas Chauhan
ShareChat
click to see wallet page
@1456250073
1456250073
Abhilas Chauhan
@1456250073
+91 81038 40601 अपनी जन्म पत्रिका का संपूर्ण विशे
राहु के भावों का प्रभाव: - पहले भाव में राहु: स्वयं के लिए मतलबी, स्वार्थी। - दूसरे भाव में राहु: धन की तरफ से बेपरवाह, पैतृक संपत्ति नाशक। - तीसरे भाव में राहु: शातिर व्यक्ति या नेता। - चौथे भाव में राहु: माता से दूरी या चालाकी। - पंचम भाव में राहु: पढ़ाई से दूरी, राजनेता। - छठे भाव में राहु: बेइमानी से धन कमाएगा। - सप्तम भाव में राहु: जीवनसाथी से मतभेद। - अष्टम भाव में राहु: अचानक आई लड़ाई, संकटों से घिरा रहेगा। - नवम भाव में राहु: भाग्य से ज्यादा मिलेगा पर संतोष नहीं। - दशम भाव में राहु: ठग, चोर, व्यापारी या नेता होगा। - एकादश भाव में राहु: अमीर होगा, अचानक धन प्राप्ति। - द्वादश भाव में राहु: अचानक विदेश यात्रा, जेल या अस्पताल। यह एक जनरल प्रिडिक्शन है, व्यक्तिगत कुंडली के आधार पर परिणाम अलग हो सकते हैं। #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी
#💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी - सूर्य + राहु ग्रह युति का बहुत ही जटिल है! qHIq सूर्य और राहु दो ऐसे ग्रह हैं जो एक दूसरे से विपरीत होते हुए भी अनेक भी  हैं। प्रकार से समान क्रूर ग्रह, दार्शनिकता और दोनों ही ग्रह विग्रहकारी, হাতনীনি ৯ भी  हैं। Ra कुंडली में इन दोनों ग्रहों की युति को মামান্ন: శ్లగి शुभ नहीं कहा सूर्य और राहु की जा सकता। ग्रहण योग का निर्माण करती है॰ जो कुंडली भाव में बनता है, से संबंधित शुभ I ওম भाव ক্রলী ম ক্রূমী লানা ট1 लेकिन, यह युति जातक को सफल राजनेता भी ஈகளி 8 खासकर यदि यह योग नवम, दशम बना और एकादश भावों में हो। ये दोनों ग्रह राजनीति, प्रभुत्व   और T   9 ಈI মনা ৯ कारक कुंडली में स्थित इन ग्रहों का संबंध गोचर में जब (एकादश भाव) में बनेगा, तो राजनीति में लाभभाव वर्चस्व स्थापित करेगा| ಕಾ सफलता जातक का सूर्य + राहु ग्रह युति का बहुत ही जटिल है! qHIq सूर्य और राहु दो ऐसे ग्रह हैं जो एक दूसरे से विपरीत होते हुए भी अनेक भी  हैं। प्रकार से समान क्रूर ग्रह, दार्शनिकता और दोनों ही ग्रह विग्रहकारी, হাতনীনি ৯ भी  हैं। Ra कुंडली में इन दोनों ग्रहों की युति को মামান্ন: శ్లగి शुभ नहीं कहा सूर्य और राहु की जा सकता। ग्रहण योग का निर्माण करती है॰ जो कुंडली भाव में बनता है, से संबंधित शुभ I ওম भाव ক্রলী ম ক্রূমী লানা ট1 लेकिन, यह युति जातक को सफल राजनेता भी ஈகளி 8 खासकर यदि यह योग नवम, दशम बना और एकादश भावों में हो। ये दोनों ग्रह राजनीति, प्रभुत्व   और T   9 ಈI মনা ৯ कारक कुंडली में स्थित इन ग्रहों का संबंध गोचर में जब (एकादश भाव) में बनेगा, तो राजनीति में लाभभाव वर्चस्व स्थापित करेगा| ಕಾ सफलता जातक का - ShareChat
#🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी
🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 - गुरु + राहु ग्रह युति का प्रभाव बहुत ही जटिल है! ya & wura 4 इस जातकः परंपरा विरोधी आध्यात्मिकता में रूचि न और वाला होता है रखने नास्तिक, पाखंडी और धार्मिक कता में रूचि न 5 கி gfa) #  যুক होता   है रखने থালা (লন में ) दरिद्रता का जाता है HIHT (धन HIq सूचक ज्योतिष ज्ञाता होता है (44#, शास्त्र का नवम केंद्र ఖTat #) अथवा ৯   (নূনীত; धार्मिक   यात्राएं #) करता মদম হাতনীনি ম मिलती है (दशम,   एकादश सफलता ম ) भाव सकता है (राहु गुरु सफल राजनेता हो 3 नक्षत्र में   हो) तांत्रिक कार्यों के द्वारा तंत्र साधना अथवा है (एकादश तथा द्वादश भावों में ) धनार्जन a 46 gfa जातक के जीवन में कई जटिलताओं को सकती   है, लेकिन सही दिशा में उपयोग   करने লা पर यह युति और भी का जातक सफलता ٤ दिला सकती है। गुरु + राहु ग्रह युति का प्रभाव बहुत ही जटिल है! ya & wura 4 इस जातकः परंपरा विरोधी आध्यात्मिकता में रूचि न और वाला होता है रखने नास्तिक, पाखंडी और धार्मिक कता में रूचि न 5 கி gfa) #  যুক होता   है रखने থালা (লন में ) दरिद्रता का जाता है HIHT (धन HIq सूचक ज्योतिष ज्ञाता होता है (44#, शास्त्र का नवम केंद्र ఖTat #) अथवा ৯   (নূনীত; धार्मिक   यात्राएं #) करता মদম হাতনীনি ম मिलती है (दशम,   एकादश सफलता ম ) भाव सकता है (राहु गुरु सफल राजनेता हो 3 नक्षत्र में   हो) तांत्रिक कार्यों के द्वारा तंत्र साधना अथवा है (एकादश तथा द्वादश भावों में ) धनार्जन a 46 gfa जातक के जीवन में कई जटिलताओं को सकती   है, लेकिन सही दिशा में उपयोग   करने লা पर यह युति और भी का जातक सफलता ٤ दिला सकती है। - ShareChat
#💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी - मंगल ग्रह युति प्रभाव बहुत ही प्रभावशाली రెగౌ 84 # इस युति के प्रभाव जातकः *आत्मविश्वास* : सूर्य और मंगल की युति से आत्मविश्वास मिलता  है। जातक  को युति মমাত ম মম্সান* : *मान यह মান HIA और पद प्रतिष्ठा दिलवाती है। *ননূ क्षमता* : सूर्य मंगल युति से जातक में 8 Aqa क्षमता होती है। गजब और सेनापति के गुण*: सूर्य को ग्रहों *राजा और मंगल को सेनापति का दर्जा दिया का যাডা 8, 3afag 4 yal जातक में राजा और गया सेनापति दोनों के ही गुणों को भर देती है। *মমাত ম আাব্মণতা* :   ইম মমাত ম जातक आकर्षण का केंद्र होते हैं। *बड़े से बड़ा कदम सूर्य उठाने की क्षमता* : के  लोगों मंगल युति से जातक 394 आस ٩ और रिश्तेदारों के लिए बड़े से बड़ा कदम उठाने की ೯I क्षमता रखता मंगल ग्रह युति प्रभाव बहुत ही प्रभावशाली రెగౌ 84 # इस युति के प्रभाव जातकः *आत्मविश्वास* : सूर्य और मंगल की युति से आत्मविश्वास मिलता  है। जातक  को युति মমাত ম মম্সান* : *मान यह মান HIA और पद प्रतिष्ठा दिलवाती है। *ননূ क्षमता* : सूर्य मंगल युति से जातक में 8 Aqa क्षमता होती है। गजब और सेनापति के गुण*: सूर्य को ग्रहों *राजा और मंगल को सेनापति का दर्जा दिया का যাডা 8, 3afag 4 yal जातक में राजा और गया सेनापति दोनों के ही गुणों को भर देती है। *মমাত ম আাব্মণতা* :   ইম মমাত ম जातक आकर्षण का केंद्र होते हैं। *बड़े से बड़ा कदम सूर्य उठाने की क्षमता* : के  लोगों मंगल युति से जातक 394 आस ٩ और रिश्तेदारों के लिए बड़े से बड़ा कदम उठाने की ೯I क्षमता रखता - ShareChat
#🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी
🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 - का  कार्यक्षेत्र सूर्य मंगल युति గేౌౌ प्रभाव बहुत पर दिलचस्प   है! 34 ga & সপ্মসান মী जातकः *राजनीति में रुचि*: सूर्य और मंगल की युति से जातक को राजनीति में रुचि होती है। *सेना में रुचि* : मंगल के प्रभाव से जातक को सेना में रुचि होती  है। *सरकारी नौकरी* : सूर्य के प्रभाव से जातक नौकरी में उच्च सरकारी पर आसीन होता है। पद *सामाजिक कार्यों में रुचि*: सूर्य और मंगल की को सामाजिक कार्यों में रुचि होती ga 4 जातक है। निर्माण * : मंगल के प्रभाव से * भवन जातक ffu # కెక్ె aTuf # గfఇ dగౌ గేI भवन पद* : सूर्य और मंगल की युति से * उच्च जातक पर आसीन होता है। నా এব का  कार्यक्षेत्र सूर्य मंगल युति గేౌౌ प्रभाव बहुत पर दिलचस्प   है! 34 ga & সপ্মসান মী जातकः *राजनीति में रुचि*: सूर्य और मंगल की युति से जातक को राजनीति में रुचि होती है। *सेना में रुचि* : मंगल के प्रभाव से जातक को सेना में रुचि होती  है। *सरकारी नौकरी* : सूर्य के प्रभाव से जातक नौकरी में उच्च सरकारी पर आसीन होता है। पद *सामाजिक कार्यों में रुचि*: सूर्य और मंगल की को सामाजिक कार्यों में रुचि होती ga 4 जातक है। निर्माण * : मंगल के प्रभाव से * भवन जातक ffu # కెక్ె aTuf # గfఇ dగౌ గేI भवन पद* : सूर्य और मंगल की युति से * उच्च जातक पर आसीन होता है। నా এব - ShareChat
#💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी - सूर्य+्बुध+ शुक्र+्शनि ग्रह युति बहुत ही qHIq दिलचस्प   है! युति के प्रभाव 4 इस जातकः *कडुआ   बोलने सूर्य और शनि की युति वाला* : की वाणी में कड़ापन గేI से  जातक आ सकता शुक्र की उपस्थिति से *सुन्दर* : जातक आकर्षक और सुन्दर होता  है। *बुद्धिमान् * : बुध की उपस्थिति से जातक बुद्धिमान और ज्ञानवान होता   है। *सुखी*: शुक्र और बुध की युति से जातक और संतुष्ट होता है। सुखी तथा पवित्रता से युक्त*: सूर्य और शनि *बल की युति से जातक में बल और पवित्रता की aT होती   है। * गम्भीर* : शनि की उपस्थिति से ٦ जातक और विचारशील होता है। *ர தி सहायता करने  वाला* : gq 3R 2க की युति से जातक मित्रों की सहायता करने वाला होता   है। सूर्य+्बुध+ शुक्र+्शनि ग्रह युति बहुत ही qHIq दिलचस्प   है! युति के प्रभाव 4 इस जातकः *कडुआ   बोलने सूर्य और शनि की युति वाला* : की वाणी में कड़ापन గేI से  जातक आ सकता शुक्र की उपस्थिति से *सुन्दर* : जातक आकर्षक और सुन्दर होता  है। *बुद्धिमान् * : बुध की उपस्थिति से जातक बुद्धिमान और ज्ञानवान होता   है। *सुखी*: शुक्र और बुध की युति से जातक और संतुष्ट होता है। सुखी तथा पवित्रता से युक्त*: सूर्य और शनि *बल की युति से जातक में बल और पवित्रता की aT होती   है। * गम्भीर* : शनि की उपस्थिति से ٦ जातक और विचारशील होता है। *ர தி सहायता करने  वाला* : gq 3R 2க की युति से जातक मित्रों की सहायता करने वाला होता   है। - ShareChat
#🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी
🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 - शुक्र ग्रह के रहस्य बहुत ही दिलचस्प हैं! धर्म त्रिकोण में* : *शुक्र अगर   शुक्र 9 1/ 5, हो तो पूजा भाव में बैठा পাঠ ম মন নর্ী লনা है। शुक्र की युति*ः शनि और शुक्र की युति *शनि घर देती है॰ यानी घर की स्थिरता और सुख। एक *बुध शुक्र योग*: बुध और शुक्र की युति लक्ष्मी कहलाता है॰ लेकिन यह योग T जातक नारायण के मित्रों को अधिक है। धनवान ননা सकता ಸಾ   377 ಕೆ ೫ gೆಸ *शुक्र चंद्र   युति* : नटखट और लाडला बना सकती है, को जातक लेकिन यह युति घर की किसी महिला को  मानसिक भी दे सकती है। e शुक्र की युति*: राहु शुक्र की इज्जत रत्ाा है और  शुक्र के साथ आपकी ৎক্র বীত करता जैसे धन, पत्नी की எழி எஎ ஜ, कामवासना, सुन्दरता   आदि। *शुक्र सूर्य*: शुक्र और सूर्य की युति EGO కళె 4 8 ম* :   থুক্ধ भाव *शुक्र अगर   इन 8 २, ४, भावों  में हो तो घर में शुगर की समस्या हो सकती है। शुक्र और मंगल की युति *शुक्र मंगल* : कामाग्नि योग है॰ जो को कामुक जातक बना सकती   है। शुक्र ग्रह के रहस्य बहुत ही दिलचस्प हैं! धर्म त्रिकोण में* : *शुक्र अगर   शुक्र 9 1/ 5, हो तो पूजा भाव में बैठा পাঠ ম মন নর্ী লনা है। शुक्र की युति*ः शनि और शुक्र की युति *शनि घर देती है॰ यानी घर की स्थिरता और सुख। एक *बुध शुक्र योग*: बुध और शुक्र की युति लक्ष्मी कहलाता है॰ लेकिन यह योग T जातक नारायण के मित्रों को अधिक है। धनवान ননা सकता ಸಾ   377 ಕೆ ೫ gೆಸ *शुक्र चंद्र   युति* : नटखट और लाडला बना सकती है, को जातक लेकिन यह युति घर की किसी महिला को  मानसिक भी दे सकती है। e शुक्र की युति*: राहु शुक्र की इज्जत रत्ाा है और  शुक्र के साथ आपकी ৎক্র বীত करता जैसे धन, पत्नी की எழி எஎ ஜ, कामवासना, सुन्दरता   आदि। *शुक्र सूर्य*: शुक्र और सूर्य की युति EGO కళె 4 8 ম* :   থুক্ধ भाव *शुक्र अगर   इन 8 २, ४, भावों  में हो तो घर में शुगर की समस्या हो सकती है। शुक्र और मंगल की युति *शुक्र मंगल* : कामाग्नि योग है॰ जो को कामुक जातक बना सकती   है। - ShareChat
#💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी - चांडाल योग एक ऐसा योग है जो जन्मकुंडली में बृहस्पति के बनता है केतु IS जब মাথ या का होना या दृष्टि आदि होना। यह योग व्यक्ति के और चरित्र पर बुरा असर शिक्षा , डालता   है। 87 इस दोष को शांत करने के लिए कुछ : qI चरित्र  रखें* : चरित्र रखने से *ওনম ওনম FIగT   గే1 चांडाल  योग ক্ূা प्रभाव कम *पीली वस्तुओं का पीली वस्तुओं का दान   करें* : होता   है। करने से चांडाल योग 47 का प्रभाव कम *माथे पर केसर, हल्दी या चंदन का तिलक पर तिलक लगाने से चांडाल योग সাথ लगाएं* : s 81 का प्रभाव कम ही भोजन करें* : ಈ *एक समय एक समय भोजन करने से चांडाल योग होता का प्रभाव कम है। का उपयोग करें*: बेसन *ঐমন का उपयोग करने से चांडाल योग होता   है। का प्रभाव कम সন ২ফ্* :  *गुरुवार को  कठिन गुरुवार को व्रत रखने से चांडाल योग कठिन का qHIq कम होता   है। चांडाल योग एक ऐसा योग है जो जन्मकुंडली में बृहस्पति के बनता है केतु IS जब মাথ या का होना या दृष्टि आदि होना। यह योग व्यक्ति के और चरित्र पर बुरा असर शिक्षा , डालता   है। 87 इस दोष को शांत करने के लिए कुछ : qI चरित्र  रखें* : चरित्र रखने से *ওনম ওনম FIగT   గే1 चांडाल  योग ক্ূা प्रभाव कम *पीली वस्तुओं का पीली वस्तुओं का दान   करें* : होता   है। करने से चांडाल योग 47 का प्रभाव कम *माथे पर केसर, हल्दी या चंदन का तिलक पर तिलक लगाने से चांडाल योग সাথ लगाएं* : s 81 का प्रभाव कम ही भोजन करें* : ಈ *एक समय एक समय भोजन करने से चांडाल योग होता का प्रभाव कम है। का उपयोग करें*: बेसन *ঐমন का उपयोग करने से चांडाल योग होता   है। का प्रभाव कम সন ২ফ্* :  *गुरुवार को  कठिन गुरुवार को व्रत रखने से चांडाल योग कठिन का qHIq कम होता   है। - ShareChat
#🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी
🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 - अल्पायु योग एक ऐसा योग है जो जन्मकुंडली में जब चन्द्र ग्रह पाप ग्रहों से युक्त होकर है बनता त्रिक स्थानों में बैठा होता है या लग्नेश पर पाप ग्रहों की दृष्टि होती है और वह शक्तिहीन होता है। यह योग व्यक्ति के जीवन पर हमेशा संकट मंडराता रहता   है। इस दोष को शांत करने के लिए कुछ उपाय   हैं *प्रतिदिन हनुमान चालीसा   पढ़ें* : हनुमान करने से अल्पायु  योग चालीसा का पाठ का प्रभाव होता   है। कम मंत्र पढ़ें* : महामृत्युंजय मंत्र का *महामृत्युंजय पाठ करने से अल्पायु   योग कम होता है। का qHIq *बुरे कार्यों से दूर रहें* : बुरे कार्यों से दूर रहने से अल्पायु  योग होता   है। का qHIq कम सोच   रखें* : सोच   रखने *सकारात्मक सकारात्मक से अल्पायु   योग कम होता है। का qHIq जीवनशैली   अपनाएं* : जीवनशैली *स्वस्थ स्वस्थ अपनाने से अल्पायु   योग s 81 qHIq का कम अल्पायु योग एक ऐसा योग है जो जन्मकुंडली में जब चन्द्र ग्रह पाप ग्रहों से युक्त होकर है बनता त्रिक स्थानों में बैठा होता है या लग्नेश पर पाप ग्रहों की दृष्टि होती है और वह शक्तिहीन होता है। यह योग व्यक्ति के जीवन पर हमेशा संकट मंडराता रहता   है। इस दोष को शांत करने के लिए कुछ उपाय   हैं *प्रतिदिन हनुमान चालीसा   पढ़ें* : हनुमान करने से अल्पायु  योग चालीसा का पाठ का प्रभाव होता   है। कम मंत्र पढ़ें* : महामृत्युंजय मंत्र का *महामृत्युंजय पाठ करने से अल्पायु   योग कम होता है। का qHIq *बुरे कार्यों से दूर रहें* : बुरे कार्यों से दूर रहने से अल्पायु  योग होता   है। का qHIq कम सोच   रखें* : सोच   रखने *सकारात्मक सकारात्मक से अल्पायु   योग कम होता है। का qHIq जीवनशैली   अपनाएं* : जीवनशैली *स्वस्थ स्वस्थ अपनाने से अल्पायु   योग s 81 qHIq का कम - ShareChat
#💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी #✋हस्तरेखा शास्त्र🌌 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी - दारिद्रय योग एक ऐसा योग है जो जन्मकुंडली में 11ঐ' ঘ২ का स्वामी ग्रह बनता है অন ८ या 6, घर में स्थित होता है। यह योग व्यक्ति की 124 है और उसे आर्थिक स्थिति को खराब कर सकता जीवनभर आर्थिक संकट 6 सामना करना पड़ सकता   है। इस दोष को शांत करने के लिए कुछ उपाय   हैंः दान देने से *गरीबों को दान   दें* : गरीबों को आर्थिक स्थिति में सुधार होता है। विष्णु f की पूजा   करें* : * भगवान भगवान की पूजा करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता है। मां लक्ष्मी की पूजा *মা  লঃসী ক্রী পুতা ব্রূ২* करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता  है। *कड़ी मेहनत करें* : कड़ी मेहनत करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता है। *बचत   करें* : बचत करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता   है। दारिद्रय योग एक ऐसा योग है जो जन्मकुंडली में 11ঐ' ঘ২ का स्वामी ग्रह बनता है অন ८ या 6, घर में स्थित होता है। यह योग व्यक्ति की 124 है और उसे आर्थिक स्थिति को खराब कर सकता जीवनभर आर्थिक संकट 6 सामना करना पड़ सकता   है। इस दोष को शांत करने के लिए कुछ उपाय   हैंः दान देने से *गरीबों को दान   दें* : गरीबों को आर्थिक स्थिति में सुधार होता है। विष्णु f की पूजा   करें* : * भगवान भगवान की पूजा करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता है। मां लक्ष्मी की पूजा *মা  লঃসী ক্রী পুতা ব্রূ২* करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता  है। *कड़ी मेहनत करें* : कड़ी मेहनत करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता है। *बचत   करें* : बचत करने से आर्थिक स्थिति में सुधार होता   है। - ShareChat