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*🌹कल की चिंता🌹* 🙏🙏🙏 *एक राजा की पुत्री के मन में वैराग्य की भावनायें थीं। जब राजकुमारी विवाह योग्य हुई तो राजा को उसके विवाह के लिए योग्य वर नहीं मिल पा रहा था।* *राजा ने पुत्री की भावनाओं को समझते हुए बहुत सोच-विचार करके उसका विवाह एक गरीब संन्यासी से करवा दिया। राजा ने सोचा कि एक संन्यासी ही राजकुमारी की भावनाओं की कद्र कर सकता है।* *विवाह के बाद राजकुमारी खुशी-खुशी संन्यासी की कुटिया में रहने आ गई। कुटिया की सफाई करते समय राजकुमारी को एक बर्तन में दो सूखी रोटियां दिखाई दीं। उसने अपने संन्यासी पति से पूछा कि रोटियाँ यहाँ क्यों रखी हैं?* *संन्यासी ने जवाब दिया कि ये रोटियां कल के लिए रखी हैं, अगर कल खाना नहीं मिला तो हम एक-एक रोटी खा लेंगे। संन्यासी का ये जवाब सुनकर राजकुमारी हंस पड़ी। राजकुमारी ने कहा कि मेरे पिता ने मेरा विवाह आपके साथ इसलिए किया था, क्योंकि उन्हें ये लगता है कि आप भी मेरी ही तरह वैरागी हैं, आप तो केवल भक्ति करते हैं और कल की चिंता करते हैं।* *सच्चा भक्त वही है जो कल की चिंता नहीं करता और भगवान पर पूरा भरोसा करता है। अगले दिन की चिंता तो जानवर भी नहीं करते हैं, हम तो इंसान हैं।* *अगर भगवान चाहेगा तो हमें खाना मिल जायेगा और नहीं मिलेगा तो रातभर आनंद से प्रार्थना करेंगे।* *ये बातें सुनकर संन्यासी की आंखें खुल गई। उसे समझ आ गया कि उसकी पत्नी ही असली संन्यासी है। उसने राजकुमारी से कहा कि आप तो राजा की बेटी हैं, राजमहल छोड़कर मेरी छोटी सी कुटिया में आई हैं, जब कि मैं तो पहले से ही एक फकीर हूं, फिर भी मुझे कल की चिंता सता रही थी।* *केवल कहने से ही कोई संन्यासी नहीं होता, संन्यास को जीवन में उतारना पड़ता है। आपने मुझे वैराग्य का महत्व समझा दिया।* *शिक्षा:-* *अगर हम भगवान की भक्ति करते हैं तो विश्वास भी होना चाहिए कि भगवान हर समय हमारे साथ हैं। उसको (भगवान) हमारी चिंता हमसे ज्यादा रहती हैं।* *कभी आप बहुत परेशान हों, कोई रास्ता नजर नहीं आ रहा हो तो आप आँखें बंद करके विश्वास के साथ पुकारें, सच मानिये थोड़ी देर में आपकी समस्या का समाधान मिल जायेगा..!!* *मंगलमय प्रभात* *प्रणाम* #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख #👍 सफलता के मंत्र ✔️ #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #🌸पॉजिटिव मंत्र #👍 डर के आगे जीत👌
😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख - happu Choughcr ThடTப Grams मन की बेड़ियों से मुक्त होकर जो विचारों की सीमाओं से परे जाकर जीवन जीते हैं वे ही आंतरिक आज़ादी पाते हैं। happu Choughcr ThடTப Grams मन की बेड़ियों से मुक्त होकर जो विचारों की सीमाओं से परे जाकर जीवन जीते हैं वे ही आंतरिक आज़ादी पाते हैं। - ShareChat
गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएँ 🇧🇴🇧🇴🇧🇴🇧🇴🇧🇴🇧🇴🇧🇴 तिरंगे की शान और देश का मान हमेशा ऊँचा रहे। हर हर महादेव 🚩🇧🇴🚩 #🔱हर हर महादेव #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🌞 Good Morning🌞 #शुभ सोमवार #🇮🇳मेरा भारत, मेरी शान
🔱हर हर महादेव - शुभ सोमवार हरहर महादेव 1 INDIA RecipesByMeeny आप सभी को दिवस गणतत्र( Rpogum की हार्दिक शुभकामनाएं शुभ सोमवार हरहर महादेव 1 INDIA RecipesByMeeny आप सभी को दिवस गणतत्र( Rpogum की हार्दिक शुभकामनाएं - ShareChat
*🌹मेरा जादुई घर🌹* 🙏🙏🙏 एक दिन एक लेखक की पत्नी ने उससे कहा कि तुम बहुत किताबें लिखते हो आज मेरे लिए कुछ लिखो तो फिर मुझे विश्वास होगा कि तुम सच में एक अच्छे लेखक हो... फिर लेखक ने लिखा.. मेरा जादुई घर मैं,मेरी पत्नी और हमारे बच्चे,एक जादुई घर में रहते हैं....हम अपने गंदे कपड़े उतार देते हैं,जिन्हें अगले दिन साफ कर दिया जाता है हम स्कूल और ऑफिस से आते ही अपने जूते उतार देते हैं, फिर अगली सुबह हम साफ सुथरे पॉलिश वाले जूते पहनते हैं... हर रात कूड़े की टोकरी कचरे से भरी होती है और अगली सुबह खाली हो जाती है.... मेरे जादुई घर में खेलते समय बच्चों के कपड़ों से बदबू आती है,लेकिन अगले ही पल वे साफ हो जाते हैं और उनके खेल उपकरण जल्दी से अपने बक्से में फिर से व्यवस्थित हो जाते हैं..... मेरे जादुई घर में हर दिन मेरे और मेरे बच्चों के लिए पसंदीदा खाना बनता है... मेरे जादुई घर में,आप सुन सकते हैं "माँ, मम्मी मम्मा" हर दिन लगभग सौ बार पुकारा जाता है ... मम्मा नेल क्लिपर कहाँ है...❓ माँ, मेरा गृहकार्य पूरा करो...मम्मा, भाई मुझे पीट रहा है... मम्मा,आज मेरा स्कूल लंच बॉक्स बनाना मत भूलना,माँ आज ही हलवा पूङी बनाओ.... माँ, मुझे आज चींटी नहीं मिल रही है,वह यहां रोज एक लाइन में चलती है माँ मेरे लिए एक सैंडविच बनाओ...मुझे भूख लगी है माँ मुझे वॉशरूम जाना है... मम्मा,मुझे पहले भूख लगी थी... अभी नहीं रात को सोने से पहले जो आखिरी शब्द सुना वो है "माँ" और सबसे पहला शब्द सुना है "माँ" जब मैं सुबह अपने जादुई घर में उठता हूँ ... बेशक, इस जादुई घर की ओर अब तक कोई भी आकर्षित नहीं हुआ है,हालांकि सभी के पास यह जादुई घर है ... और शायद ही कभी किसी ने इस घर के "जादूगर" का धन्यवाद किया होगा... इन जादुई घरों का जादूगर कोई और नहीं बल्कि हर "पत्नी और मां" है। जो अपने ही घरों में करते हैं ऐसा जादू... भगवान हर उस "पत्नी और मां" को आशीर्वाद दें,जिनके "धैर्य और अनंत कर्म" हर घर में समृद्धि लाते हैं... सभी माताओं, पत्नियों, बेटियों और बहनों को समर्पित #👌 आत्मविश्वास #👌 अच्छी सोच👍 #✍️ जीवन में बदलाव #👍मोटिवेशनल कोट्स✌ #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ मंगलमय प्रभात प्रणाम
👌 आत्मविश्वास - happ4 thougher ThrTG4 महत्वपूर्ण बातें भीतर और सरल होती हैं लेकिन उन्हें লিব पहचानने के हमें अपने मन को शांत और ध्यान को केंद्रित करना होता है। happ4 thougher ThrTG4 महत्वपूर्ण बातें भीतर और सरल होती हैं लेकिन उन्हें লিব पहचानने के हमें अपने मन को शांत और ध्यान को केंद्रित करना होता है। - ShareChat
रथ सप्तमी सूर्य देव का सबसे शक्तिशाली दिन माना जाता है.. आज के दिन सूर्य भगवान अपने सात घोड़ों वाले रथ पर सवार होकर प्रकट होते हैं। रथ सप्तमी की हार्दिक शुभकामनाएँ जय सूर्यदेव🚩🙏 #🌞 Good Morning🌞 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🔱हर हर महादेव #शुभ रविवार #☀ जय सूर्यदेव
🌞 Good Morning🌞 - ShareChat
*🌹सौभाग्य🌹* 🙏🙏🙏 *बिटिया कुछ है क्या खाने को? दोपहर तीन बजे के आसपास रामेश्वर बाबू ने बहु के कमरे में आवाज लगाते हुए कहा।* *ये भी कोई वक्त है खाने का और अभी ग्यारह बजे दिया था ना दूध वाला दलिया फिर अब! तीन बजे है जो रोटी सब्जी बनाई थी खत्म हो गई है और आपको कोई काम तो है नहीं सिवाय खाना खाने के, रसोई है या कोई फैक्ट्री जो आपके लिए चौबीस घंटे चलती रहेगी जाइए शाम को देखेंगे अभी मेरा फेवरेट सीरियल आ रहा है! कहते हुए बहु ने नजरें फिर से टीवी पर टिका दी।* *रामेश्वर बाबू चुपचाप वहां से अपने कमरे की और बढ़ गये। ये सब कुछ वहां झाड़ू पोंछा बर्तन का काम करने वाली सुधा देख रही थी वह मन ही मन सोचने लगी कि कहने को इतना बड़ा बंगला है, बड़ी बड़ी गाडियां हैं, पैसा है, मगर इतने बड़े बंगले पैसे होने के बावजूद दिल बहुत छोटा है इनका! जो अपने घर के पिता तुल्य ससुरजी की सेवा नहीं कर सकते कम से कम उन्हें भूखे पेट तो मत रखो। काश अगर मेरे ससुर जी होते तो मैं पिता की भांति उनकी सेवा करती! काम करते करते अचानक उसे स्मरण हुआ ना जाने कितने फल और बादाम काजू डायनिंग टेबल पर पड़े-पड़े सड़ते रहते है और अधिकतर बासी होने पर फेंक दिए जाते है घर के बच्चे उन्हें देखते तक नहीं है, क्योंकि उन्हें फ्रेश चीजें खाने का शौक है।* *उसपर आजकल वो क्या कहते हैं हां जंक फ्रूड, वह तो उन चीजों के शौकीन है! ये फल मेवे वह देखकर अनदेखा कर देते हैं, साहब मालकिन को जहां अपने काम और किटी पार्टी से फुर्सत नहीं है तो वह क्या खाएंगे और क्या देखेंगे। बचे बेचारे बुजुर्ग दादाजी तो उनका मुंह तो बिना दांतों की बस्ती है उनकी दाल तो खिचड़ी-दलिया से ही गल सकती है तो वह क्या खाएंगे फल मेवे!* *तभी कुछ सोचते हुए सुधा का चेहरा खिल उठा उसने एक मुट्ठी मेवा सिलबट्टे पर पीसे और जरा से दूध में एक पके केले के साथ मसलकर बुजुर्ग रामेश्वर बाबू को पकड़ा दिए और बोली बाबूजी, चुपचाप खा लीजिए आपको भूख लगी है ना!* *अब प्यासे को थोड़ा सा पानी मिल जाएं तो वो अमृत समान होता है बुजुर्ग रामेश्वर बाबू भीगी हुई पलकों को साफ करते हुए तेजी से खाने लगे उन्हें संतुष्टि से खाते हुए देखकर सुधा को भी संतुष्टि मिल रही थी। *ऐसे में अब ये रोज का नियम हो गया सुधा रोज ऐसे गरिष्ठ व्यंजन दोपहर में टीवी से चिपकी बहू की नज़र बचाकर बुजुर्ग रामेश्वर बाबू को दे देती। कभी आते जाते बच्चे देख लेते तो सोचते दादाजी की आंखें कितनी कमजोर हो गई है, जो मम्मी की जगह कामवाली से ना जाने क्या-क्या माँगकर खाते रहते है। वहीं दूसरी ओर घर की बहु सोचकर खुश होती की मेरी डांट डपट से बूढ़े पिताजी काबू में रहते हैं, तो वहीं घर का बेटा पिताजी की सुधरती सेहत देखकर सोचता की उसकी पत्नी अपने ससुरजी का भरपूर ख्याल रखती है और घर की कामवाली सुधा सोचती है उसकी तो नौकरी भी यही है और जिन्दगी भी यही है झाड़ू-बरतन करते-करते जाने कब सांसें साथ छोड़ जाएं अपने ससुरजी की सेवा करने का सौभाग्य तो उसे मिला नहीं तो कयुं ना यहां घर के बुजुर्ग की सेवा करके कुछ पुण्य भी कर ले वहीं बुजुर्ग रामेश्वर बाबू सोचते की अब सोचना-समझना क्या है दिन ही तो काटने ही है भूखे रहकर मरने से अच्छा आखिर वक्त में जो सेवा और सम्मान दे रहा है ले लो और वह अक्सर सुधा को आशिर्वाद देते हुए सोचते अगले जन्म में भगवान मुझे अमीर बनाना चाहें मत बनाना बस बेटी देना या बहु देना तो ऐसे सुलझे हुए संस्कारों वाली सुधा जैसी देना।* *मंगलमय प्रभात* *प्रणाम* #❤️Love You ज़िंदगी ❤️ #👍 सफलता के मंत्र ✔️ #👍मोटिवेशनल कोट्स✌ #👌 आत्मविश्वास #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख
❤️Love You ज़िंदगी ❤️ - happ4 Choughe TcTaOan [ n h WBDON आत्मबल की ताकत जो लोग आत्मबल बढ़ाने का लक्ष्य रखते हैं वे किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने के काबिल बनते हैं उनका जीवन सही मोड़ लेता है। happ4 Choughe TcTaOan [ n h WBDON आत्मबल की ताकत जो लोग आत्मबल बढ़ाने का लक्ष्य रखते हैं वे किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने के काबिल बनते हैं उनका जीवन सही मोड़ लेता है। - ShareChat
छोटी सी जिंदगी है , गुरूर नहीं शौक रखिए.. ॐ श्री शनिदेवाय नमः जय हनुमान जी महाराज 🚩🚩🌹🌹🪻🌹🌹🙏🙏 #🔱हर हर महादेव #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🌞 Good Morning🌞 #शुभ शनिवार #🙏🏻शनिदेव भजन
🔱हर हर महादेव - SHI शुभ शनिवार SHI शुभ शनिवार - ShareChat
🌹शांति का संक्रमण🌹 🙏🙏🙏 एक शाम पति दरवाज़े से ही सहज-सा बोला,“सुनो ना, मैं थोड़ा-सा दोस्तों के साथ बाहर जा रहा हूँ।” कपड़े तह कर के रख रही पत्नी ने बस ऊपर देखकर कहा, “ठीक है। मज़े करो।” वो थोड़ा चौंक गया। हमेशा वो कहती थी — जल्दी आना, गाड़ी ध्यान से चलाना, ज़्यादा देर मत करना — कुछ न कुछ तो कहती ही थी। लेकिन आज कुछ नहीं — न आह, न सवाल, बस शांति से एक “ठीक है।” कुछ घंटे बाद उनका किशोर बेटा किचन में आया। हाथ में एक कागज़ और चेहरा पीला-सा। “माँ…” वो धीमे स्वर में बोला,“मेरे मॉक एग्ज़ाम के रिज़ल्ट आ गए… और वो बहुत खराब हैं।” वो वहीं जम-सा गया, उसे पूरा यक़ीन था कि अब डाँट पड़ेगी। माँ को उसके पढ़ाई की बहुत चिंता रहती थी, तो आज फिर वही सुनने को मिलेगा — “वक़्त बर्बाद किया”, “अपनी क्षमता बरबाद कर रहा है” — ऐसी लंबी-लंबी बातें। वो सारी तैयारी करके आया था। लेकिन उसकी माँ ने शांतिपूर्वक कहा, “ठीक है।” वो आँखें फाड़कर बोला, “बस… ठीक है?” “हाँ,” उसने प्यार से कहा। “ज़्यादा पढ़ाई करोगे तो अगली बार बेहतर होगा। नहीं करोगे तो सेमेस्टर रिपीट करना पड़ेगा। तुम्हारा फ़ैसला। मैं दोनों ही हालत में तुम्हारे साथ हूँ।” वो हैरान रह गया। माँ इतनी शांत कब हो गई? दूसरे दिन दोपहर में उनकी बेटी घबराते हुए घर में आई। हॉल में थोड़ा रुकी और बोली,“माँ… मैं… मैं ने कार को टक्कर मार दी। बहुत बड़ी नहीं है, लेकिन डेंट आ गया है।” माँ ने न डाँटा, न चिल्लाई, कुछ भी नहीं। वो बस बोली,“ठीक है। कल गाड़ी वर्कशॉप में दे देना।” बेटी ठिठक गई। “तुम्हें… ग़ुस्सा नहीं आ रहा?” माँ ने हल्की-सी मुस्कान दी, “नहीं। ग़ुस्सा करने से कार ठीक तो होने वाली नहीं। अगली बार गाड़ी संभालकर चलाना।” अब घर के सब लोग चिंतित थे। ये वही औरत — उनकी पत्नी, उनकी माँ — पहले जैसी नहीं रही थी। वो पहले जल्दी गुस्सा होने वाली, तुरंत टेंशन लेने वाली, झट से बोल देने वाली थी। अब वो शांत, स्थिर, जैसे भीतर से खुश दिखती थी। सब आपस में फुसफुसाने लगे — कुछ गड़बड़ है क्या?तबीयत तो ठीक है? कुछ हुआ है क्या? आख़िर एक शाम सबने उसे किचन की टेबल पर बैठा लिया। “सुनो,” पति ने कहा,“तुम इन दिनों बहुत बदल गई हो। कुछ भी हो, तुम्हें ग़ुस्सा नहीं आता, तुम रिएक्ट नहीं करती। सब ठीक है न?” वो उसके चेहरे की तरफ़ देखते हुए मुस्कुराई। “कुछ भी ग़लत नहीं है,” वो बोली, “सब बिल्कुल ठीक चल रहा है। मुझे बस एक बात समझ में आ गई है।” सब चुप हो गए। “बहुत सालों बाद एहसास हुआ,” वो बोली,“कि हर इंसान अपने जीवन के लिए खुद ज़िम्मेदार होता है।” पति ने भौंहें सिकोड़ लीं, “मतलब?” वो हाथ जोड़कर मेज़ पर टिक गई और बोली, “मैं पहले हर बात की चिंता करती थी। तुम देर करते थे, तो मैं घबराती थी। बच्चों के नंबर कम आए, तो मुझे अपराध-बोध होता था। कुछ टूट जाए तो ग़ुस्सा,कोई नाराज़ हो जाए तो उसे मनाने की भागदौड़। मैं सबकी समस्याएँ अपनी समझ बैठी थी। लेकिन एक दिन समझ आया — मेरी चिंता से उनकी समस्या हल नहीं होती। बस मेरी शांति ख़त्म हो जाती है।” बेटी चुपचाप सुन रही थी। वो आगे बोली,“मेरे तनाव से तुम्हें कोई फायदा नहीं होता। मेरी भागदौड़ तुम्हारा जीवन आसान नहीं करती — बस मेरा मुश्किल कर देती है। मैं तुम्हें सलाह दे सकती हूँ, प्यार दे सकती हूँ, साथ दे सकती हूँ, लेकिन तुम्हारी ज़िंदगी तुम्हारे लिए मैं नहीं जी सकती। जो फ़ैसले तुम लोग लेते हो, उनके नतीजे तुम्हें ही भुगतने पड़ेंगे — अच्छे हों या बुरे।” वो एक पल रुकी और फिर मुस्कुराई, “इसलिए मैंने तय किया — जो मेरे कंट्रोल में नहीं है, उसे कंट्रोल करने की कोशिश ही नहीं करूँगी।” बेटा आगे झुककर बोला,“मतलब… तुम्हें हमारी कोई परवाह नहीं है?” उसने सिर हिलाया,“बहुत परवाह है। लेकिन चिंता करना और कंट्रोल करना, ये दो अलग बातें हैं। मैं तुम सब पर ममता लुटा सकती हूँ, पर उसके लिए अपनी शांति खो देना ठीक नहीं।” घर में सन्नाटा था। वो तीनों को प्यार से देखते हुए बोली, “मेरा काम है — तुम्हें प्रेम देना, मार्गदर्शन करना,और ज़रूरत पड़ने पर तुम्हारे साथ खड़ा रहना। लेकिन तुम्हारा काम है — अपनी ज़िंदगी खुद संभालना। फ़ैसले लेना, उनके नतीजे उठाना। इसी तरह हर इंसान बड़ा होता है।” वो शांत अंदाज़ में पीछे को टिक गई और बोली, “इसलिए अब अगर कुछ ग़लत भी होता है, तो मैं खुद को याद दिलाती हूँ — ये मेरा ठीक करने वाला मामला नहीं है। मैं शांत रहूँगी। तुम इससे सीखोगे — इस पर भरोसा रखूँगी। क्योंकि ज़िंदगी ऐसी ही है — सबको सबक सिखाती हुई।” कुछ देर तक घर में पूर्ण शांति रही। लेकिन माहौल बदल चुका था। पति ने उसका हाथ अपने हाथ में लेकर कहा,“आज तुमने हम सबको कुछ सिखा दिया।” मंगलमय प्रभात प्रणाम #❤️जीवन की सीख #👍 डर के आगे जीत👌 #🌸पॉजिटिव मंत्र #👌 आत्मविश्वास #☝आज का ज्ञान
❤️जीवन की सीख - happy | thoughtr Tle Tej ৬Tan  उम्मीद चुनौतियों ऐसा भाव है, जो हमें का सामना करने और उन्हें अवसरों में बदलने का मौका देता है। happy | thoughtr Tle Tej ৬Tan  उम्मीद चुनौतियों ऐसा भाव है, जो हमें का सामना करने और उन्हें अवसरों में बदलने का मौका देता है। - ShareChat
इस बसंत पंचमी मां सरस्वती हमें हर वो विद्या दे जो हमारे पास नहीं हैं जो है उस पर चमक दे , जिससे हमारी दुनियां चमक उठे...... वसंत पंचमी और मां सरस्वती पूजन की भक्तिमय शुभकामनाएं 🚩🚩🪷🪷🌻🪷🪷🙏🙏 #🌞 Good Morning🌞 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🔱हर हर महादेव #शुभ शुक्रवार #बसंत पंचमी
🌞 Good Morning🌞 - ஸச पंचमी शुभकामनाएँ ஸச पंचमी शुभकामनाएँ - ShareChat
*🌹अंतिम महल🌹* 🙏🙏🙏 *एक राजा बहुत ही महत्त्वाकांक्षी था और उसे महल बनाने की बड़ी महत्त्वाकांक्षा रहती थी उसने अनेक महलों का निर्माण करवाया!* *रानी उनकी इस इच्छा से बड़ी व्यथित रहती थी की पता नही क्या करेंगे इतने महल बनवाकर!* *एक दिन राजा नदी के उस पार एक महात्मा जी के आश्रम के वहाँ से गुजर रहे थे तो वहाँ एक संत की समाधी थी और सैनिकों से राजा को सूचना मिली की संत के पास कोई अनमोल खजाना था और उसकी सूचना उन्होंने किसी को न दी पर अंतिम समय मे उसकी जानकारी एक पत्थर पर खुदवाकर अपने साथ ज़मीन मे गढ़वा दिया और कहा की जिसे भी वो खजाना चाहिये उसे अपने स्वयं के हाथों से अकेले ही इस समाधी से चोरासी हाथ नीचे सूचना पड़ी है निकाल ले और अनमोल सूचना प्राप्त कर लेंवे और ध्यान रखे उसे बिना कुछ खाये पिये खोदना है और बिना किसी की सहायता के खोदना है अन्यथा सारी मेहनत व्यर्थ चली जायेगी !* *राजा अगले दिन अकेले ही आया और अपने हाथों से खोदने लगा और बड़ी मेहनत के बाद उसे वो शिलालेख मिला और उन शब्दों को जब राजा ने पढ़ा तो उसके होश उड़ गये और सारी अकल ठिकाने आ गई!* *उस पर लिखा था हॆ राहगीर संसार के सबसे भूखे प्राणी शायद तुम ही हो और आज मुझे तुम्हारी इस दशा पर बड़ी हँसी आ रही है तुम कितने भी महल बना लो पर तुम्हारा अंतिम महल यही है एक दिन तुम्हे इसी मिट्टी मे मिलना है!* *सावधान राहगीर, जब तक तुम मिट्टी के ऊपर हो तब तक आगे की यात्रा के लिये तुम कुछ जतन कर लेना* *क्योंकि जब मिट्टी तुम्हारे ऊपर आयेगी तो फिर तुम कुछ भी न कर पाओगे यदि तुमने आगे की यात्रा के लिये कुछ जतन न किया तो अच्छी तरह से ध्यान रखना की जैसै ये चोरासी हाथ का कुआं तुमने अकेले खोदा है बस वैसे ही आगे ये कभी न भूलना की "मुझे भी एक दिन इसी मिट्टी मे मिलना है बस तरीका अलग अलग है"* *फिर राजा जैसै तैसे कर के उस कुएँ से बाहर आया और अपने राजमहल गया पर उस शिलालेख के उन शब्दों ने उसे झकझोर के रख दिया और सारे महल जनता को दे दिये और "अंतिम घर" की तैयारियों मे जुट गया!* *हमें एक बात हमेशा याद रखना की इस मिट्टी ने जब रावण जैसै सत्ताधारियों को नही बक्सा तो फिर साधारण मानव क्या चीज है इसलिये ये हमेशा याद रखना की मुझे भी एक दिन इसी मिट्टी मे मिलना है क्योंकि ये मिट्टी किसी को नही छोड़ने वाली है!* *मंगलमय प्रभात* *प्रणाम* #✍️ जीवन में बदलाव #😇 जीवन की प्रेरणादायी सीख #🌸पॉजिटिव मंत्र #👍मोटिवेशनल कोट्स✌ #👩🏻‍❤️‍💋‍👨🏻प्यार और गुस्सा😠
✍️ जीवन में बदलाव - happia, TIcTe Gn बोझ उठाने की क्षमता इंसान को मजबूत बनाती है लेकिन बोझ छोड़ने की क्षमता मुक्ति दिलाती है। happia, TIcTe Gn बोझ उठाने की क्षमता इंसान को मजबूत बनाती है लेकिन बोझ छोड़ने की क्षमता मुक्ति दिलाती है। - ShareChat
भविष्य अज्ञात है लेकिन इसे बेहतर बनाने की जिम्मेदारी आपकी है. ... ॐ श्री लक्ष्मी नारायण नमः 🚩🚩🌻🌻🪷🌻🌻🙏🙏 #🔱हर हर महादेव #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🌞 Good Morning🌞 #शुभ गुरुवार #👏भगवान विष्णु की अद्भुत लीला😇
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