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#SpiritualLeaderSaintRampalJi #tattvdarshisantrampalji #GreatestGuru_InTheWorld #TrueGuruSantRampalJi #SantRampalJiMaharaj #SaintRampalJiMaharaj #AlmightyGodKabir #MustListen_Satsang Sadhna TV Satsang ।। 06-03-2026 ।। Episode : 3554 ।। Sant Rampal Ji Maharaj Live Satsang https://youtube.com/live/vSGZqeUbuVc?si=GmHcaykjFoUG874l #🙏गुरु महिमा😇 #✝चर्च #🕌मस्जिद 🤲 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🧘सदगुरु जी🙏
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जगतगुरु संत रामपाल की सुनलो अमर कहानी || Sant Rampal Ji Maharaj Hariyanavi Song || Knowledge Of Truth https://www.facebook.com/share/p/1CWkaT18sV/ #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🧘सदगुरु जी🙏 #🕌मस्जिद 🤲 #✝चर्च #🙏गुरु महिमा😇
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आध्यात्मिक ज्ञान गंगा पार्ट 70 के आगे पढ़िए .....) 📖📖📖📖📖 आध्यात्मिक ज्ञान गंगा पार्ट - 71 पृष्ठ: 248 - 251 "पूर्ण परमात्मा कबीर जी का द्वापर युग में प्रकट होना" प्रश्नः हे परमेश्वर! अपने दास धर्मदास पर कृपा करके द्वापर युग में प्रकट होने की कथा सुनाएं जिस से तत्वज्ञान प्राप्त हो? उत्तरः- कबीर परमेश्वर (कबिर्देव) ने कहा हे धर्मदास ! द्वापर युग में भी मैं एक सरोवर में कमल के फूल पर शिशु रूप में प्रकट हुआ। एक निःसन्तान बाल्मीकि दम्पति अपने घर ले गया। एक ऋषि से मेरा नामकरण कराया। उसने भगवान विष्णु की कृपा से प्राप्त होने के आधार से मेरा नाम करूणामय रखा। मैंने 25 दिन तक कोई आहार नहीं किया मेरी पालक माता अति दुःखी हुई। पिता जी भी कई साधु सन्तों के पास गए मेरे ऊपर झाड़-फूंक भी कराई। वे विष्णु के पुजारी थे। उनको अति दुःखी देखकर मैंने विष्णु को प्रेरणा दी। विष्णु भगवान एक ऋषि रूप में वहाँ आए तथा पिता कालु से कुशल मंगल पूछा। पिता कालु तथा माता गोदावरी ने अपना दुःख ऋषि जी को बताया कि हमें वृद्ध अवस्था में एक पुत्र रत्न भगवान विष्णु की कृपा से सरोवर में कमल के फूल पर प्राप्त हुआ है। यह बच्चा 25 दिन से भूखा है कुछ भी नहीं खाया है। अब इसका अन्त निकट है। परमात्मा विष्णु ने हमें अपार खुशी प्रदान की है। अब उसे छीन रहे हैं। हम प्रार्थना करते हैं कि हे विष्णु भगवान यह खिलौना दे कर मत छीनों। हम अपराधियों से ऐसा क्या अपराध हो गया? इस बच्चे में हमारा इतना मोह हो गया है कि यदि इसकी मृत्यु हो गई तो हम दोनों उसी सरोवर में डूब कर मरेंगे जहाँ पर यह बालक रत्न हमें मिला था। हे धर्मदास ! ऋषि रूप में उपस्थित विष्णु भगवान ने मेरी ओर देखा। मैं पालने में झूल रहा था। मेरे अति स्वस्थ शरीर को देखकर विष्णु भगवान आश्चर्य चकित हुए तथा बोले हे कालु भक्त ! यह बच्चा तो पूर्ण रूप से स्वस्थ है। आप कह रहे हो यह कुछ भी आहार नहीं करता। यह बालक तो ऐसा स्वस्थ है जैसे एक सेर दूध प्रतिदिन पीता हो। यह नहीं मरने वाला। इतना कह कर विष्णु मेरे पास आया। मैंने विष्णु से बात की तथा कहा हे विष्णु भगवान ! आप मेरे माता पिता से कहो एक कुँवारी गाय लाऐं उस गाय को आप आशीर्वाद देना व कंवारी गाय दूध देने लगेगी उस गाय का दूध मैं पीऊंगा। मेरे द्वारा अपना परिचय जान कर विष्णु भगवान समझ गए यह कोई सिद्ध आत्मा है जिसने मुझे पहचान लिया है। मुझे ऋषि के साथ बातें करते हुए मेरे पालक माता-पिता हैरान रह गए। अन्दर ही अन्दर खुशी की लहर दौड़ गई। ऋषि ने कहा कालु एक कंवारी गाय लाओ। वह दूध देगी उस दूध को यह होनहार बच्चा पीएगा। कालु पिता तुरन्त एक गाय ले आया। भगवान विष्णु ने मेरी प्रार्थना पर उस कंवारी गाय की कमर पर हाथ रख दिया। उसी समय उस गाय की बच्छिया के थनों से दूध की धार बहने लगी तथा वह तीन सेर का पात्र भरने के पश्चात् रूक गई। वह दूध मैंने पीया। मेरी तथा विष्णु जी की वार्ता की भाषा को कालु व गोदावरी समझ नहीं सके। वे मुझ पच्चीस दिन के बालक को बोलते देखकर उस ऋषि रूप विष्णु का ही चमत्कार मान रहे थे तथा कंवारी गाय द्वारा दूध देना भी उस ऋषि की कृपा जानकर दोनों ऋषि के चरणों में लिपट गए। मेरी पालक माता ने मुझे पालने से उठाया तथा उस ऋषि रूप में विराजमान विष्णु के चरणों में डाला। मैं जमीन पर नहीं गिरा। माता के हाथों से निकल कर जमीन से चार फुट ऊपर हवा में पालने की तरह स्थित हो गया। जब गोदावरी ने मुझे ऋषि के चरणों की ओर किया भगवान विष्णु तीन कदम पीछे हट गए तथा बोले माई! यह बालक परम शक्ति युक्त है, बड़ा होकर जनता का उपकार करेगा। इतना कह कर ऋषि रूप धारी विष्णु अपने लोक को चल दिए। मैं पुनः पालने में विराजमान हो गया। उस बाल्मीकि दम्पति ने मेरा हवा में स्थित होना भी ऋषि का ही करिश्मा जाना इस कारण से मुझे कोई अवतारी पुरुष नहीं समझ सके मैं भी यही चाहता था, कि ये मुझे एक साधारण बालक ही समझें जिससे इनकी वृद्ध अवस्था का समय मेरे लालन पालन में बीत जाए। मैं शिशु काल में ही तत्वज्ञान की वाणी उच्चारण करने लगा। उस नगरी में अकाल गिर गया। मेरे माता पिता मुझे लेकर बनारस (काशी) आए तथा वहाँ रहने लगे। उस नगरी में एक सुदर्शन नाम का बाल्मीकी जाति का पुण्यात्मा मेरी वाणी सुनकर बहुत प्रभावित हुआ। मैंने सुदर्शन भक्त को सृष्टी रचना सुनाई। सुदर्शन मेरी हम उमर था। उस समय मेरी लीलामय आयु 12 वर्ष थी। जब काशी के विद्वानों से ज्ञान चर्चा होती थी, सुदर्शन भी मेरे साथ जाता था। एक दिन सुदर्शन ने कहा हे करूणामय! आप जो ज्ञान सुनाते हो इसका समर्थन कोई भी ऋषि नहीं करता। आप के ज्ञान पर कैसे विश्वास हो? हे करूणामय ! आप ऐसी कृपा करो जिससे मेरा भ्रम दूर हो जाए। हे धर्मदास मैंने उस प्यासी आत्मा सुदर्शन को सत्यलोक के दर्शन कराए आप की तरह उसको भी तीन दिन तक ऊपर के सर्व लोकों में ले गया। सुदर्शन का पंच भौतिक शरीर अचेत हो गया। सुदर्शन भी अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था। अपने इकलौते पुत्र को मृत तुल्य देखकर उसके माता-पिता विलाप करने लगे तथा हमारे घर आकर मेरे मात-पिता से झगड़ा करने लगे। कहा कि तुम्हारे करूण ने हमारे बच्चे को जादू-जन्त्र कर दिया। वह सेवड़ा है। हमारा पुत्र मर गया हम आप के विरूद्ध राजा को शिकायत करेगें। मेरे माता-पिता ने मेरे से उन्ही के सामने पूछा हे करूण ! सच बता तूने क्या कर दिया उस सुदर्शन को। मैंने कहा वह सतलोक देखना चाहता था। इसलिए उसे सतलोक दर्शन के लिए भेजा है। शीघ्र ही लौट आएगा। कई वैद्य बुलाएं कई झाड़-फूंक करने वाले बुलाए कोई लाभ नहीं हुआ। तीसरे दिन सुदर्शन के मात-पिता रोते हुए मेरे पास आए बोले बेटा करूण! हमारे पुत्र को ठीक कर दे हम तेरे आगे हाथ जोड़ते हैं। मैंने कहा माई तुम्हारा पुत्र नहीं मरेगा। मेरे (परमेश्वर कबीर साहेब) को अपने साथ अपने घर ले गए। मेरे मात-पिता भी साथ गए आस-पास के व्यक्ति भी वहाँ उपस्थित थे। मैंने सुदर्शन के शीश को पकड़ कर हिलाया तथा कहा हे सुदर्शन ! वापिस आ जा तेरे माता-पिता बहुत व्याकुल हैं। इतना कहते ही सुदर्शन ने आँखें खोली चारों ओर देखा अपने सिर की ओर मुझे नहीं देख सका। उठ-बैठ कर बोला परमेश्वर करुणामय कहाँ हैं ? रोने लगा -कहाँ गए परमेश्वर करूणामय। उपस्थित व्यक्तियों ने पूछा क्या करूण को ढूंढ रहा है? देख यह बैठा तेरे पीछे। मुझे देखते ही चरणों में शीश रख कर विलाप करने लगा तथा रोता हुआ बोला हे काशी के रहने वालों ! यह पूर्ण परमात्मा है। यह सर्व सृष्टी रचनहार अपने शहर में विराजमान है। आप इसे नहीं पहचान सके। यह मेरे साथ ऊपर के लोक में गया। ऊपर के लोक में यह पूर्ण परमात्मा के रूप में एक सफेद गुबन्द में विराजमान है। यह ही दोनों रूपों में लीला कर रहा है। सर्वव्यक्ति कहने लगे इस कालु के पुत्र ने भीखु के पुत्र पर जादू जन्त्र किया है। जिस कारण से इसका दिमाग चल गया है। इस करूण को ही परमात्मा कह रहा है। भला हो भगवान का भीखू का बेटा जीवित हो गया नहीं तो बेचारों का कोई और बुढ़ापे का सहारा भी नहीं था। यह कह कर सर्व अपने -2 घर चले गए। भीखू तथा उसकी पत्नी सुखी (सुखवन्ती) अपने पुत्र को जीवित देखकर अति प्रसन्न हुए भगवान विष्णु का प्रसाद बनाया पूरे मौहल्ले (कालोनी) में प्रसाद बांटा। सुदर्शन ने मुझसे उपदेश लिया। अपने माता-पिता भीखू तथा सुखी को भी मेरे से उपदेश लेने को कहा। दोनों ने बहुत विरोध किया तथा कहा यह कालु का पुत्र पूर्ण परमात्मा नहीं है बेटा! इसने तेरे ऊपर जादू-जन्त्र करके मूर्ख बनाया हुआ है। भगवान विष्णु से बड़ा कोई नहीं है। सुदर्शन ने मुझ से कहा हे प्रभु! कृप्या मुझे अपनी शरण में रखना। मेरे माता-पिता का कोई दोष नहीं है सर्व मानव समाज इसी ज्ञान पर अटका है। जिस पर आपकी कृपा होगी केवल वही आप को जान व मान सकता है। इस काल-ब्रह्म ने तो पूरे विश्व (ब्रह्मा-विष्णु-शिव सहित) को भ्रमित किया हुआ है। हे धर्मदास ! सुदर्शन भक्त ने काल के जाल को समझ कर सच्चे मन से मेरी भक्ति की तथा मेरा साक्षी बना कि पूर्ण परमात्मा कोई अन्य है जो ब्रह्मा, विष्णु तथा शिव से भिन्न तथा अधिक शक्तिशाली है। हे धर्मदास! पाण्डवों की अश्वमेघ यज्ञ को जिस सुदर्शन द्वारा सम्पूर्ण की गई आप सुनते हो यह वही सुदर्शन बाल्मीकि मेरा शिष्य था। द्वापर युग में 404 वर्ष तक करूणामय शरीर में लीला करता रहा तथा सशरीर सतलोक चला गया। प्रश्नः- धर्मदास ने प्रश्न किया हे प्रभु आपकी कृपा द्वापर युग में और किस पुण्यात्मा पर हुई? उत्तरः- कबीर परमेश्वर (कविर्देव) ने कहा द्वापर युग में एक चन्द्रविजय नामक राजा की रानी इन्द्रमति को पार किया तथा राजा चन्द्रविजय पर भी कृपा की। परमेश्वर कबीर जी द्वारा बताई "रानी इन्द्रमति को पार करने वाली कथा" लेखक (संत रामपाल दास जी महाराज) के शब्दों में:- ••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••• आध्यात्मिक जानकारी के लिए आप संत रामपाल जी महाराज जी के मंगलमय प्रवचन सुनिए। Sant Rampal Ji Maharaj YOUTUBE चैनल पर प्रतिदिन 7:30-8.30 बजे। संत रामपाल जी महाराज जी इस विश्व में एकमात्र पूर्ण संत हैं। आप सभी से विनम्र निवेदन है अविलंब संत रामपाल जी महाराज जी से नि:शुल्क नाम दीक्षा लें और अपना जीवन सफल बनाएं। https://online.jagatgururampalji.org/naam-diksha-inquiry #🙏गुरु महिमा😇 #✝चर्च #🕌मस्जिद 🤲 #🧘सदगुरु जी🙏 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇
🙏गुरु महिमा😇 - परमात्मा कबीर द्वापर युग में ४०४ वर्ष तक, परमात्मा कबीर जी ने करुणामय ऋषि के रूप में लीला की॰ और अंत में सशरीर सतलोक चले गए | जगतगुरू तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज f SPIRITUAL LEADER SANT RAMPAL Ji @SAINTRAMPALJIM SUPREMEGODORG SAINT RAMPAL Jl MAHARAJ परमात्मा कबीर द्वापर युग में ४०४ वर्ष तक, परमात्मा कबीर जी ने करुणामय ऋषि के रूप में लीला की॰ और अंत में सशरीर सतलोक चले गए | जगतगुरू तत्वदर्शी संत रामपाल जी महाराज f SPIRITUAL LEADER SANT RAMPAL Ji @SAINTRAMPALJIM SUPREMEGODORG SAINT RAMPAL Jl MAHARAJ - ShareChat
#SpiritualLeaderSaintRampalJi #tattvdarshisantrampalji #TrueGuruSantRampalJi #GreatestGuru_InTheWorld #SaintRampalJiMaharaj #SantRampalJiMaharaj #AlmightyGodKabir #MustListen_Satsang स्वयं परमात्मा आए, पर हम पहचान नहीं पाए। Sant Rampal Ji Maharaj https://www.facebook.com/share/r/1FUGahr17B/ #🧘सदगुरु जी🙏 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🕌मस्जिद 🤲 #✝चर्च #🙏गुरु महिमा😇
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#कुरानमें_अल्लाहकबीर_का_जिक्र सूरह अश शूरा 42 आयत 1, 2 में (कोड वर्ड) सांकेतिक शब्द हैं। उनका ज्ञान किसी मुसलमान को नहीं है जो अहम हैं। आयत नं. 1. रूकृ "हा. मीम, औन. सीन. काफ. ये अक्षर लिखे हैं जो जाप करने का नाम है। नाम जाप के बिना जीव का कल्याण नहीं हो सकता। Baakhabar Sant Rampal Ji #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🧘सदगुरु जी🙏 #🕌मस्जिद 🤲 #✝चर्च #🙏गुरु महिमा😇
🙏🏻आध्यात्मिकता😇 - मुसलमान भाई (1 नहीं समझे ज्ञान कुरआन सूरह अश शूया ४२ आयत १ २ मेँ (कोड वर्ड) सांकेतिक उनका ज्ञान किसी मुसलमान को नर्हीं हैजो शब्द र्है। अहम है। आयत नं॰ १. रूकृ "हा. मीम , औन॰ মীন ক্রচাক্চ ये अक्षर लिखे हैजो जाप करने का नाम है। नाम जाप के बिना जीव का कल्याण नर्ही ]मत எஎளI ஏபா I :g TTF TTII मुसलमान नहीं समझे नाम , पूरा पता , माबाइल नंबर भेज  क़ुरआन 51 +91 7496801823 मुसलमान भाई (1 नहीं समझे ज्ञान कुरआन सूरह अश शूया ४२ आयत १ २ मेँ (कोड वर्ड) सांकेतिक उनका ज्ञान किसी मुसलमान को नर्हीं हैजो शब्द र्है। अहम है। आयत नं॰ १. रूकृ "हा. मीम , औन॰ মীন ক্রচাক্চ ये अक्षर लिखे हैजो जाप करने का नाम है। नाम जाप के बिना जीव का कल्याण नर्ही ]मत எஎளI ஏபா I :g TTF TTII मुसलमान नहीं समझे नाम , पूरा पता , माबाइल नंबर भेज  क़ुरआन 51 +91 7496801823 - ShareChat
#कुरानमें_अल्लाहकबीर_का_जिक्र पुस्तक "फजाईले आमाल" से जानकारी कुरआन ज्ञान देने वाले से अन्य समर्थ अल्लाह के विषय में अन्य जानकारीः फजाईले आमाल मुसलमानों की एक विश्वसनीय पवित्र पुस्तक है जो हदीसों में से चुनी हुई हदीसों का प्रमाण लेकर बनाई गई है। Baakhabar Sant Rampal Ji #🙏गुरु महिमा😇 #✝चर्च #🕌मस्जिद 🤲 #🧘सदगुरु जी🙏 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇
🙏गुरु महिमा😇 - पुस्तक "फजाईले आमाल॰ से जानकारी कुरआन ज्ञान देने वाले से अन्य समर्थ अल्लाह के विषय में अन्य जानकारीः फजाईले आमाल मुसलमानों की एक विश्वसनोय पवित्र पुस्तक है जो हदीसों में से चुनी हुई हदीसों का प्रमाण लेकर बनाई गई है। FAZAAIL హహ ~5 AAMAAL { (ು फजाईले आमाल में एक अध्याय फजाईले जिक्र है। उसकी आयत नं॰ १ २, ३, 6 तथा 7 में कबोर अल्लाह की महिमा है। -बाखबर संत रामपाल जो महाराज (ata STIF ক্ধা #:3=5` पुस्तक पाये। मुसलमान नहीं समझे नाम॰ पूरा पता, मोबाइल नंबर भेजें  क़ुरआन 7 +91 7496801823 पुस्तक "फजाईले आमाल॰ से जानकारी कुरआन ज्ञान देने वाले से अन्य समर्थ अल्लाह के विषय में अन्य जानकारीः फजाईले आमाल मुसलमानों की एक विश्वसनोय पवित्र पुस्तक है जो हदीसों में से चुनी हुई हदीसों का प्रमाण लेकर बनाई गई है। FAZAAIL హహ ~5 AAMAAL { (ು फजाईले आमाल में एक अध्याय फजाईले जिक्र है। उसकी आयत नं॰ १ २, ३, 6 तथा 7 में कबोर अल्लाह की महिमा है। -बाखबर संत रामपाल जो महाराज (ata STIF ক্ধা #:3=5` पुस्तक पाये। मुसलमान नहीं समझे नाम॰ पूरा पता, मोबाइल नंबर भेजें  क़ुरआन 7 +91 7496801823 - ShareChat
#कुरानमें_अल्लाहकबीर_का_जिक्र पवित्र कुरान में पुनर्जन्म संबंधित प्रकरण सूरः अल बकरा-2 की आयत नं. 243:- तुमने उन लोगों के हाल पर भी कुछ विचार किया जो मौत के डर से अपने घर-बार छोड़कर निकले थे और हजारों की तादाद में थे। अल्लाह ने उनसे कहा मर जाओ। फिर उसने उनको दोबारा जीवन प्रदान किया। हकीकत यह है कि अल्लाह इंसान पर बड़ी दया करने वाला है। मगर अधिकतर लोग शुक्र नहीं करते। Baakhabar Sant Rampal Ji #🧘सदगुरु जी🙏 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🕌मस्जिद 🤲 #✝चर्च #🙏गुरु महिमा😇
🧘सदगुरु जी🙏 - पवित्र कुरान में पुनर्जन्म संबंधित प्रकरण सरः अल बकरा 2 की आयत नं. २४३ः- तुमने उन लोगों के हाल पर भी कुछ विचार किया जो मौत के डर से अपने घर बार  छोड़कर निकले थे और हजारों की तादाद में थे। अल्लाह ने उनसे कहा मर जाओ। फिर उसने उनको दोबारा जीवन प्रदान किया। हकीकत यह है कि अल्लाह इंसान पर बड़ी दया करने वाला है। मगर अधिकतर लोग शुक्र नहीं करते। 4 -बाख़बर संत रामपाल जी महाराज Ftan  छलान फ्रा निःशुल्क "  पुस्तक पार्ये।  मुसलमान नहीं समझे पूरा पता, मोबाइल नंबर भेजे  नाम क़ुरआन ज्ञान +91 7496801823 पवित्र कुरान में पुनर्जन्म संबंधित प्रकरण सरः अल बकरा 2 की आयत नं. २४३ः- तुमने उन लोगों के हाल पर भी कुछ विचार किया जो मौत के डर से अपने घर बार  छोड़कर निकले थे और हजारों की तादाद में थे। अल्लाह ने उनसे कहा मर जाओ। फिर उसने उनको दोबारा जीवन प्रदान किया। हकीकत यह है कि अल्लाह इंसान पर बड़ी दया करने वाला है। मगर अधिकतर लोग शुक्र नहीं करते। 4 -बाख़बर संत रामपाल जी महाराज Ftan  छलान फ्रा निःशुल्क "  पुस्तक पार्ये।  मुसलमान नहीं समझे पूरा पता, मोबाइल नंबर भेजे  नाम क़ुरआन ज्ञान +91 7496801823 - ShareChat
#कुरानमें_अल्लाहकबीर_का_जिक्र "खुदा साकार है" कुरआन ज्ञान दाता अपने से अन्य दयालु अल्लाह की महिमा बताता है सूरः अस्‌ सज्दा—32 आयत नं. 4 : वह अल्लाह ही है जिसने आसमानों और जमीन को और उन सारी चीजों को जो इनके बीच है, छः दिन में पैदा किया और उसके बाद सिंहासन पर विराजमान हुआ। Baakhabar Sant Rampal Ji #🙏गुरु महिमा😇 #✝चर्च #🕌मस्जिद 🤲 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🧘सदगुरु जी🙏
🙏गुरु महिमा😇 - खुद्ा ೫Toa कुरआन ज्ञान दाता अपने से अन्य दयालु अल्लाह की महिमा बताता है। ३२ आयत नं. ४ : वह अल्लाह ही है जिसने आसमानों और सूर अस् सज्दा   जमीन को और उन सारी चीजों को जो इनके बीच है॰ छः दिन में पैदा किया और उसके बाद सिंहासन पर विराजमान हुआ उसके सिवा न तुम्हारा कोई अपना है न सहायक है और न कोई उसके आगे सिफारिश करने वाला है। फिर क्या तुम होश में न आओगे | ঢাডIE फ्रा Fura ঘুলক্ধ পাযী  मुसलमान नहीं समझे नाम॰ पूरा पता. मौबाइल नंबर भेजे * क़ुरआन  +91 7496801823 खुद्ा ೫Toa कुरआन ज्ञान दाता अपने से अन्य दयालु अल्लाह की महिमा बताता है। ३२ आयत नं. ४ : वह अल्लाह ही है जिसने आसमानों और सूर अस् सज्दा   जमीन को और उन सारी चीजों को जो इनके बीच है॰ छः दिन में पैदा किया और उसके बाद सिंहासन पर विराजमान हुआ उसके सिवा न तुम्हारा कोई अपना है न सहायक है और न कोई उसके आगे सिफारिश करने वाला है। फिर क्या तुम होश में न आओगे | ঢাডIE फ्रा Fura ঘুলক্ধ পাযী  मुसलमान नहीं समझे नाम॰ पूरा पता. मौबाइल नंबर भेजे * क़ुरआन  +91 7496801823 - ShareChat
#कुरानमें_अल्लाहकबीर_का_जिक्र कुरआन सूरह अल-फुरकान 25 आयत 59 :- हजरत मुहम्मद जी को कुरआन शरीफ बोलने वाला प्रभु कह रहा है कि कबीर प्रभु वही है जिसने सर्व सृष्टि की रचना छः दिन में की तथा सातवें दिन ऊपर अपने सतलोक में सिंहासन पर विराजमान हो (बैठ) गया। उसकी ख़बर किसी बाख़बर से पूछो। Baakhabar Sant Rampal Ji #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #🧘सदगुरु जी🙏 #🕌मस्जिद 🤲 #✝चर्च #🙏गुरु महिमा😇
🙏🏻आध्यात्मिकता😇 - हजरत मुहम्मदे जी को क़ुरआन शरीफ बोलने वाला प्रभु कह रहा है कि कबीर प्रभु वही है जिसने सर्व सृष्टि की रचना छः दिन में की तथा सातवें दिन ऊपर अपने सतलोक में सिंहासन पर विराजमान हो (बैठ) गया। उसकी खबर किसी बाख़बर से पूछो। क़ुरआन सूरह अल फुरकान २५ आयत ५९ वह बाख़बर और अंतिम पैगम्बर संत रामपाल जी महाराज जी ही हैं। ஏ 7డ  ஈரஈர1 ஈgக பக க fi सिप 9" नहीं समझे লমান ৭  ढानमप ४ मसलमान पूरा नाम, पता भेजे। शाम तर [ nale ক্কসসোন fa8 1 +91 99926 00804 5| +91 99926 00852 AlKabir Islamic AlKabir Islamic AKab qamic AKabr Gaic हजरत मुहम्मदे जी को क़ुरआन शरीफ बोलने वाला प्रभु कह रहा है कि कबीर प्रभु वही है जिसने सर्व सृष्टि की रचना छः दिन में की तथा सातवें दिन ऊपर अपने सतलोक में सिंहासन पर विराजमान हो (बैठ) गया। उसकी खबर किसी बाख़बर से पूछो। क़ुरआन सूरह अल फुरकान २५ आयत ५९ वह बाख़बर और अंतिम पैगम्बर संत रामपाल जी महाराज जी ही हैं। ஏ 7డ  ஈரஈர1 ஈgக பக க fi सिप 9" नहीं समझे লমান ৭  ढानमप ४ मसलमान पूरा नाम, पता भेजे। शाम तर [ nale ক্কসসোন fa8 1 +91 99926 00804 5| +91 99926 00852 AlKabir Islamic AlKabir Islamic AKab qamic AKabr Gaic - ShareChat