एस्ट्रो मनोज कौशिक बहल यंत्र मंत्र तंत्र विशेषज्ञ
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#🔯ज्योतिष #🔯दैनिक वास्तु टिप्स✅ #🔯नक्षत्रों के प्रभाव✨. गुरु : वृहस्पति की भी दो राशि है धनु और मीन | कुंडली में गुरु के अशुभ प्रभाव में आने पर सिर के बाल झड़ने लगते हैं। परिवार में बिना बात तनाव, कलह - क्लेश का माहोल होता है | आर्थिक नुक्सान या धन का अचानक व्यय,खर्च सम्हलता नहीं, शिक्षा में बाधा आती है। अपयश झेलना पड़ता है। उपाय : ब्रह्मण का यथोचित सामान करे | माथे पर केसर का तिलक लगाएँ। कलाई में पीला रेशमी धागा बांधे | संभव हो तो पुखराज धारण करे अन्यथा पीले वस्त्र या हल्दी की कड़ी गाठ साथ रक्खे | दान में हल्दी, दाल, पीतल का पत्र, कोई धार्मिक पुस्तक, १ जोड़ा जनेऊ, पीले वस्त्र, केला, केसर,पीले मिस्ठान, दक्षिणा आदि देवें। विष्णु आराधना करे | ॐ व्री वृहस्पतये नमः का नित्य जाप करना श्रेयस्कर होता है | #🔯वास्तु दोष उपाय #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
#📕लाल किताब उपाय🔯 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #✡️सितारों की चाल🌠 #🐍कालसर्प दोष परिहार #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी . गुरु : वृहस्पति की भी दो राशि है धनु और मीन | कुंडली में गुरु के अशुभ प्रभाव में आने पर सिर के बाल झड़ने लगते हैं। परिवार में बिना बात तनाव, कलह - क्लेश का माहोल होता है | आर्थिक नुक्सान या धन का अचानक व्यय,खर्च सम्हलता नहीं, शिक्षा में बाधा आती है। अपयश झेलना पड़ता है। उपाय : ब्रह्मण का यथोचित सामान करे | माथे पर केसर का तिलक लगाएँ। कलाई में पीला रेशमी धागा बांधे | संभव हो तो पुखराज धारण करे अन्यथा पीले वस्त्र या हल्दी की कड़ी गाठ साथ रक्खे | दान में हल्दी, दाल, पीतल का पत्र, कोई धार्मिक पुस्तक, १ जोड़ा जनेऊ, पीले वस्त्र, केला, केसर,पीले मिस्ठान, दक्षिणा आदि देवें। विष्णु आराधना करे | ॐ व्री वृहस्पतये नमः का नित्य जाप करना श्रेयस्कर होता है |
#🔯ज्योतिष #🔯दैनिक वास्तु टिप्स✅ #🔯वास्तु दोष उपाय. गुरु : वृहस्पति की भी दो राशि है धनु और मीन | कुंडली में गुरु के अशुभ प्रभाव में आने पर सिर के बाल झड़ने लगते हैं। परिवार में बिना बात तनाव, कलह - क्लेश का माहोल होता है | आर्थिक नुक्सान या धन का अचानक व्यय,खर्च सम्हलता नहीं, शिक्षा में बाधा आती है। अपयश झेलना पड़ता है। उपाय : ब्रह्मण का यथोचित सामान करे | माथे पर केसर का तिलक लगाएँ। कलाई में पीला रेशमी धागा बांधे | संभव हो तो पुखराज धारण करे अन्यथा पीले वस्त्र या हल्दी की कड़ी गाठ साथ रक्खे | दान में हल्दी, दाल, पीतल का पत्र, कोई धार्मिक पुस्तक, १ जोड़ा जनेऊ, पीले वस्त्र, केला, केसर,पीले मिस्ठान, दक्षिणा आदि देवें। विष्णु आराधना करे | ॐ व्री वृहस्पतये नमः का नित्य जाप करना श्रेयस्कर होता है | #🔯नक्षत्रों के प्रभाव✨ #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
#📕लाल किताब उपाय🔯 #✡️सितारों की चाल🌠 #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 #🐍कालसर्प दोष परिहार #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी . गुरु : वृहस्पति की भी दो राशि है धनु और मीन | कुंडली में गुरु के अशुभ प्रभाव में आने पर सिर के बाल झड़ने लगते हैं। परिवार में बिना बात तनाव, कलह - क्लेश का माहोल होता है | आर्थिक नुक्सान या धन का अचानक व्यय,खर्च सम्हलता नहीं, शिक्षा में बाधा आती है। अपयश झेलना पड़ता है। उपाय : ब्रह्मण का यथोचित सामान करे | माथे पर केसर का तिलक लगाएँ। कलाई में पीला रेशमी धागा बांधे | संभव हो तो पुखराज धारण करे अन्यथा पीले वस्त्र या हल्दी की कड़ी गाठ साथ रक्खे | दान में हल्दी, दाल, पीतल का पत्र, कोई धार्मिक पुस्तक, १ जोड़ा जनेऊ, पीले वस्त्र, केला, केसर,पीले मिस्ठान, दक्षिणा आदि देवें। विष्णु आराधना करे | ॐ व्री वृहस्पतये नमः का नित्य जाप करना श्रेयस्कर होता है |
#📕लाल किताब उपाय🔯 #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी #✡️सितारों की चाल🌠 #🐍कालसर्प दोष परिहार #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 . गुरु : वृहस्पति की भी दो राशि है धनु और मीन | कुंडली में गुरु के अशुभ प्रभाव में आने पर सिर के बाल झड़ने लगते हैं। परिवार में बिना बात तनाव, कलह - क्लेश का माहोल होता है | आर्थिक नुक्सान या धन का अचानक व्यय,खर्च सम्हलता नहीं, शिक्षा में बाधा आती है। अपयश झेलना पड़ता है। उपाय : ब्रह्मण का यथोचित सामान करे | माथे पर केसर का तिलक लगाएँ। कलाई में पीला रेशमी धागा बांधे | संभव हो तो पुखराज धारण करे अन्यथा पीले वस्त्र या हल्दी की कड़ी गाठ साथ रक्खे | दान में हल्दी, दाल, पीतल का पत्र, कोई धार्मिक पुस्तक, १ जोड़ा जनेऊ, पीले वस्त्र, केला, केसर,पीले मिस्ठान, दक्षिणा आदि देवें। विष्णु आराधना करे | ॐ व्री वृहस्पतये नमः का नित्य जाप करना श्रेयस्कर होता है |
#🔯ज्योतिष #🔯दैनिक वास्तु टिप्स✅ #🔯नक्षत्रों के प्रभाव✨माँ लक्ष्मी को आना ही पड़ेगा.... 1) यदि मोर का एक पंख किसी मंदिर में श्री राधा- कृष्ण कि मूर्ती के मुकुट में ४० दिन के लिए स्थापित कर प्रतिदिन मक्खन-मिश्री का भोग सांयकाल को लगाए, ४१वें दिन उसी मोर के पंख को मंदिर से दक्षिणा-भोग दे कर घर लाकर अपने खजाने या लाकर्स में स्थापित करें. तो आप स्वयं ही अनुभव करेंगे कि धन,सुख-शान्ति कि वृद्धि हो रही है. सभी रुके कार्य भी इस प्रयोग के कारण बनते जा रहे है. 2) किसी भी शुक्रवार को शाम के समय अपनी नेक अर्थात शुद्ध कमाई से सात नोट या सिक्के एक समान अर्थात यदि एक का नोट है तो सभी एक के ही नोट ले यदि दो, दस, सौ या पांच सौ या हजार जो भी हो एक समान ही ले कर उस मुद्रा पर अपनी माँ पत्नी बेटी के द्वारा शुद्ध केसर का तिलक लगवा कर किसी सुरक्षित स्थान पर रख दे. प्रत्येक शुक्रवार शाम के ही समय घर के सभी सदस्यों द्वारा हाथो का स्पर्श करवा कर उसी स्थान पर रख दे शाम के समय मिठाई या हलवा बना कर सिर्फ परिवार के सदस्य ग्रहण करे और कुछ नहीं करना अब माँ लक्ष्मी ने ही करना है घर परिवार में आमदनी के साधन खुलेंगे कर्ज में राहत मिलेगी कहने का मतलब है की सुख के सभी मार्ग बनते जायेंगे एक साल के बाद इतने ही नोट उसमे बड़ा दे. #🔯वास्तु दोष उपाय #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔
#📕लाल किताब उपाय🔯 #✡️सितारों की चाल🌠 #💫राशि के अनुसार भविष्यवाणी #🐍कालसर्प दोष परिहार #✡️ज्योतिष समाधान 🌟 माँ लक्ष्मी को आना ही पड़ेगा.... 1) यदि मोर का एक पंख किसी मंदिर में श्री राधा- कृष्ण कि मूर्ती के मुकुट में ४० दिन के लिए स्थापित कर प्रतिदिन मक्खन-मिश्री का भोग सांयकाल को लगाए, ४१वें दिन उसी मोर के पंख को मंदिर से दक्षिणा-भोग दे कर घर लाकर अपने खजाने या लाकर्स में स्थापित करें. तो आप स्वयं ही अनुभव करेंगे कि धन,सुख-शान्ति कि वृद्धि हो रही है. सभी रुके कार्य भी इस प्रयोग के कारण बनते जा रहे है. 2) किसी भी शुक्रवार को शाम के समय अपनी नेक अर्थात शुद्ध कमाई से सात नोट या सिक्के एक समान अर्थात यदि एक का नोट है तो सभी एक के ही नोट ले यदि दो, दस, सौ या पांच सौ या हजार जो भी हो एक समान ही ले कर उस मुद्रा पर अपनी माँ पत्नी बेटी के द्वारा शुद्ध केसर का तिलक लगवा कर किसी सुरक्षित स्थान पर रख दे. प्रत्येक शुक्रवार शाम के ही समय घर के सभी सदस्यों द्वारा हाथो का स्पर्श करवा कर उसी स्थान पर रख दे शाम के समय मिठाई या हलवा बना कर सिर्फ परिवार के सदस्य ग्रहण करे और कुछ नहीं करना अब माँ लक्ष्मी ने ही करना है घर परिवार में आमदनी के साधन खुलेंगे कर्ज में राहत मिलेगी कहने का मतलब है की सुख के सभी मार्ग बनते जायेंगे एक साल के बाद इतने ही नोट उसमे बड़ा दे.
#🔯ज्योतिष #🔯दैनिक वास्तु टिप्स✅ #🔯नक्षत्रों के प्रभाव✨प्रथम भाव-यदि यह भाव पीड़ित हैं तो इस भाव का सम्बन्ध शारीर से है, इन्शान या तो मानशिक रूप से कमजोर रहेगा या 1 के बाद 1 बीमारी उसे लगती रहती है , जातक स्वयम भी अपने शारीर का देखभाल ठीक से नहीं करता है। उपाय-जातक अपने शारीर के बारे में खुद सोचे की कौन से आदत उसके शरीर को नुकशान कर रही है उससे दूर रहे , और लग्नेश का रत्न धारण करे , और लग्नेश से सम्बंधित आहार ज्यादा सेवन करे . दूसरा भाव-इस भाव के पीड़ित होने से परिवार व कुटुंब मे विवाद बने रहते हैं बात बात पर क्लेश तथा झगड़ा होता रहता है | उपाय- नित्य अपनी आँख को शीतल जल से धोये तथा अपना अहंकार त्याग कर पूरे परिवार से विनम्रता पूर्वक व्यवहार करे छोटों से प्यार,साथ वालो से मित्रता तथा बड़ो का सम्मान करे | तीसरा भाव-इस भाव के पीड़ित होने से भाई बहनों का सूख नहीं मिलता या भाई बहनों की स्थिति ठीक नहीं होती हैं उनका स्वस्थ भी खराब रहता हैं | उपाय-अपने से कम उम्र के लोगो को भाई /बहन मान उनसे राखी बँधवाए या बांधे | चतुर्थ भाव-इस भाव के खराब होने से माता का सुख नहीं मिलता हैं माँ की तबीयत हमेशा खराब रहती हैं ससुर से संबंध ठीक नहीं होते तथा मन मे हमेशा अशांति बनी रहती हैं | उपाय-अपनी माता का सम्मान करे उनकी सुख सुविधाओ का ध्यान रख सेवा करे |यदि माँ बीमार रहती हो तो 7 वृद्ध स्त्रियो के लगातार 41 दिन चरण स्पर्श करे और विधवा आश्रम मे दान करे | पांचवा भाव-इस भाव के पीड़ित होने प्रेम संबंधो मे असफलता,शिक्षा-बाधा व संतान सुख मे कमी जैसी समस्याए होती हैं | उपाय-इन सबके के लिए 7 गुरुवार गरीब बच्चो को गुब्बारे खेलने को दे तथा प्रत्येक वर्ष 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चो को कपड़ा दान करे | छठा भाव –इस भाव के पीड़ित होने से मामा का सुख नहीं मिलता,रोग,ऋण व शत्रु आपका पीछा नहीं छोड़ते | उपाय-मामा से संबंध मधुर बनाए तथा पूर्व दिशा की और सिरहाना करके सोये,गुस्सा ना करे | | सातवा भाव –इस भाव के पीड़ित होने से विवाह विलंब व वैवाहिक जीवन कष्टमय होता हैं साझेदारी मे कोई ना कोई परेशनीया लगी रहती हैं| उपाय-अपनी स्त्री/पुरुष का सम्मान करे एक दूसरे की भावनाओ का ख्याल/सम्मान करे | आठवा भाव –इस भाव के पीड़ित होने ससुराल पक्ष से तनाव बना रहता हैं | हर काम मे अडचन होती हैं आयु पर खतरा बना रहता हैं | उपाय-ससुराल से मधुर संबंध बनाए सास ससुर का ख्याल रखे | नवम भाव-इस भाव के अशुभ प्रभाव मे होने से पौत्र व साले का सुख नहीं मिलता या इनसे संबंध अच्छे नहीं होते,धार्मिक कार्यो मे रुचि नहीं रहती तथा भाग्य रूठा रहता हैं | दसवा भाव –यदि पिता का जीवन कष्टमय हो,रोजगार की समस्या लगी रहती हो,किसी भी कार्य मे सफलता नहीं मिलती हो,काम बदलते रहते हो तो समझ लेना चाहिए की दसवा भाव पीड़ित हैं | उपाय-नित्य पिता की पूर्ण श्रद्धा से सेवा कर आशीर्वाद लिया करे तथा वृद्ध आश्रम मे दान किया करे | एकादश भाव –इस भाव के पीड़ित होने से बड़े भाई का सुख नहीं मिलता,लाभ की प्राप्ति नहीं होती तथा पुत्र का वैवाहिक जीवन अच्छा नहीं रहता | उपाय-अपने से उम्र मे बड़े लोगो का सम्मान करे तथा उनसे सलाह मशवरा किया करे | द्वादश भाव-इस भाव के खराब होने से खर्च मे अधिकता,चाचा से संबंधो मे खराबी,नेत्र दोष व शयन सुख मे कमी रहती हैं | उपाय-सप्ताह मे एक दिन जानवरो को हरा चारा खिलाये तथा जीवनसाथी के नाम से धन जमा करे,चाचा का मान सम्मान करे | #🔯ग्रह दोष एवं उपाय🪔 #🔯वास्तु दोष उपाय