जब लाला के सखा गुफा रूपी अघासुर राक्षस (अजगर) के मुख में चले गए थे तो लाला उन्हें बचाकर लायो थो।
जब सभी सखा और गईया मईया बाहर आ गए तो मधु मंगल बोलयो :- कन्हैया हम सब तो निकर आए।अब तू इहाँ कौन की बाट में खड़ो है?
तब लाला मन ही मन बोलयो :- बाबा।
असल में गोप बालक तो अघासुर के मुख को गुफा समझ कर वामे घुमने के मन ते गए हते।परन्तु बाबा वाकू एकांत कंदरा समझ कर भजन करबे के मन ते चलो गयो थो।और एक कोने में जाकर बैठ गयो थो।
अब जो चिल्लायो वो तो बचके बाहर आ गयो।परन्तु जो ना चिल्लायो वाकी भी तो याहे खबर रहे हैं।
अब तुम सोच रहे होंगे जब लाला कू पहले ते खबर हती तो गोप बालकों के संग ही क्यों न ले आयो? असल में उस समय तक बाबा का नियम पूरा ना भयो थो।तो लाला ने सोची इतनी देर में बाकी सबन कू निकारूगो।इतनी देर में बाबा को नियम भी पूरो ह जाएगो।
अब जब बाबा को नियम पूरा भयो तो वाकू बाहरी जगत की सुधी आई।इतनी देर में अघासुर के विष ने अपनो असर दिखानो शुरू कर दियो थो।
अब बाबा के प्राण संकट मे है।परन्तु वाकू पतो है कि मैं चिल्लाऊँगो तो लाला बचाइबे आएगो। और बाबा काऊ कीमत पर भी लाला के प्राणन कू संकट मे ना डाल सकतो।यामारे स्वयं ही प्रयास कर रहयो है।परन्तु मन में बैठो तो मन की जाने है।
लाला एक बार फिर भीतर गयो और बाबा कू भी निकार लायो।
बाबा बोलयो :- लाला मुझ बूढ़े के काजे काहे तुने अपने प्राण संकट मे डाले?
लाला :- बाबा मेरे प्राण तो तेरे भजन में बसत है।तेरो भजन बंद ह गयो तो इन प्राणन कू रखकर मैं काह करूँगो।तेरो भजन चलतो रहे हैं मेरी श्वास चलती रहें हैं।
भावार्थ :- जितनों नाम चलतो रहेगो।उतनी हमारे लाला की आयु बढ़ती रहेगी।
तो यामारे
।।सांस सांस सुमिरो गोविन्द।।
****(जय जय श्री राधे)**** #🌺राधा कृष्ण💞 #🙏गुरु महिमा😇 #🤗जया किशोरी जी🕉️ #😊कृष्ण कथाएं #🌸 जय श्री कृष्ण😇
#🤗जया किशोरी जी🕉️ #🙏गुरु महिमा😇 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #😊कृष्ण कथाएं #🌺राधा कृष्ण💞
सुख शान्ति समृद्धि
इन तीनों मोतियों से
आप सभी के जीवन की
डोर हमेशा बंधी रहे..
सुप्रभात सभी को राधे राधे🌹🌹🙏 #🌺राधा कृष्ण💞 #🙏गुरु महिमा😇 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🤗जया किशोरी जी🕉️ #😊कृष्ण कथाएं
बाबा की आदत है कि जिस मंदिर में भी दर्शन करबे जाएगो।वहाँ के ठाकुर को चिल्लाकर कहेगो :- लाला संग चलेगो?
क्या पता कौन से ठाकुर को बाबा की वात्सल्य भरी पुकार भा जाए और वो बाबा के संग हो ले।
बस कल कछु ऐसो ही राधावल्लभ के संमुख भी भयो।जैसे ही बाबा ने चिल्लाकर कही :- लाला संग चलेगो?
लाला ने तो कछु उत्तर ना दियो।परन्तु गोसाईं जी बाबा पे भड़क गए।
गोसाईं जी :- बाबा तू फेर आ गयो। चलो जा यहाते।वरना ऐसी मार पड़ेगी तोमे कि वृंदावन छोड़के भागेगो।
गोसाईं जी की बात सुन बाबा मुस्कुरातो भयो वहाँ ते हट गयो।
गोसाईं जी कू लगी कि बाबा चलो गयो परन्तु बाबा एक ओर ओट में ह के दर्शन कर रहयो थो और मन ही मन कह रहयो थो कि लाला संग चलेगो?
इतनी देर में गोसाईं जी ते काउ भगत ने कही :- अरे महाराज काहे को वा बावरे बाबा पे चिल्लाओ हो।तुम्हें तो पतो है कि वो पागल है। सभी मंदिरन में जाके ऐसो ही करे है।
गोसाईं जी :- भईया जिसे तू पागल बता रहयो है।मोहे वाते डर लगे हैं।तुने वाके नेत्रन में कभी झांक के ना देखो।काउ दिन राधावल्लभ की दृष्टि वाके नेत्रन पे पड़ गई तो सच्ची में संग चल देंगे फिर बैठे रहियो इहाँ झांझ मंजीरा ले के।वो बावरो ना हैं।परन्तु काउ दिन हमें जरूर वावरो कर जाएगो।
****(जय जय श्री राधे)**** #🙏गुरु महिमा😇 #🤗जया किशोरी जी🕉️ #🌺राधा कृष्ण💞 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #😊कृष्ण कथाएं
#🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🤗जया किशोरी जी🕉️ #😊कृष्ण कथाएं #🌺राधा कृष्ण💞 #🙏गुरु महिमा😇
#🤗जया किशोरी जी🕉️ #🌺राधा कृष्ण💞 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #😊कृष्ण कथाएं #🙏गुरु महिमा😇
ऊं नमो भगवते वासुदेवाय नमः #🌺राधा कृष्ण💞 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🤗जया किशोरी जी🕉️ #🙏गुरु महिमा😇 #😊कृष्ण कथाएं
#🙏गुरु महिमा😇 #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #😊कृष्ण कथाएं #🤗जया किशोरी जी🕉️ #🌺राधा कृष्ण💞
#🤗जया किशोरी जी🕉️ #🌸 जय श्री कृष्ण😇 #🌺राधा कृष्ण💞 #🙏गुरु महिमा😇 #😊कृष्ण कथाएं







