riyaa aahuzaa
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#qoute #wife #premi premika
qoute - पत्नीको शादी करते ही सोना चादीका गहना मिलता हे पेट मे बच्चाा खखने के लिएगोद भराई में सोना चांदी का गहना मिलता हे पति से बिछड़ने परतलाक मे परपृजारा भत्ता का पेसा ,पति की मोत पर विधवा पेशन समाज परिवार द्वारा सम्मान आशीर्वाद मिलता हे तब जाकर पत्नी सच्चा प्यार निभाती हें लेकिन प्रेमिका को प्रेमी के जिंदयी में आते ही ना सोन। चांदी का गहना मिलता हेना प्रेमी को अपने दिल र्में खखने के लिए सोना चांदी कागहना नाप्रेमी की शादी हो किसी अन्य स्री से हो जाने पर बिछड़ने के बाद कोई गुजारा भत्ता मिलता हेना प्रेमी के मोत पर कोई पेंशन मिलती हेना समाज द्वारा मान सम्मान समर्थन आशीर्वाद मिलता हे उल्टा गालियाँ दिया जाता हे तभी प्रेमिका अपने प्रेमी से निस्वार्थ निशुल्क निष्कांम प्रेम करती हे फिर भी समाज कहता हे बुरे वक्त में पली काम आती हे प्रेमिका तौ सिर्फ अच्छे दिनो र्में मोज उड़ती है जबकि जो दुर्व्यवहर प्रेमिका के साथकिया जाता हे वही सब पल्नी के साथ होने लगे तो हस धरती परकोई पत्नी ही नहीं चाहेगी | बनना पत्नीको शादी करते ही सोना चादीका गहना मिलता हे पेट मे बच्चाा खखने के लिएगोद भराई में सोना चांदी का गहना मिलता हे पति से बिछड़ने परतलाक मे परपृजारा भत्ता का पेसा ,पति की मोत पर विधवा पेशन समाज परिवार द्वारा सम्मान आशीर्वाद मिलता हे तब जाकर पत्नी सच्चा प्यार निभाती हें लेकिन प्रेमिका को प्रेमी के जिंदयी में आते ही ना सोन। चांदी का गहना मिलता हेना प्रेमी को अपने दिल र्में खखने के लिए सोना चांदी कागहना नाप्रेमी की शादी हो किसी अन्य स्री से हो जाने पर बिछड़ने के बाद कोई गुजारा भत्ता मिलता हेना प्रेमी के मोत पर कोई पेंशन मिलती हेना समाज द्वारा मान सम्मान समर्थन आशीर्वाद मिलता हे उल्टा गालियाँ दिया जाता हे तभी प्रेमिका अपने प्रेमी से निस्वार्थ निशुल्क निष्कांम प्रेम करती हे फिर भी समाज कहता हे बुरे वक्त में पली काम आती हे प्रेमिका तौ सिर्फ अच्छे दिनो र्में मोज उड़ती है जबकि जो दुर्व्यवहर प्रेमिका के साथकिया जाता हे वही सब पल्नी के साथ होने लगे तो हस धरती परकोई पत्नी ही नहीं चाहेगी | बनना - ShareChat
#qoute #wife #premi premika
qoute - बुद्धि और प्रेम विवाह में पति पत्नी एक द्रूसरे का धर्म मजहब जाति कुल गोत्र देखकर बंधन में बँधते हैं प्रेम में प्रेमी प्रेमिका हर जाति धर्म से परे उठकर आत्मा के गठबंधन में बंध जाते हैं विवाह में पति पत्नी जमीन जायदाद पकका मकान मोटी तनख्वाहें दहेज को ध्यान में रखकर रिश्ते को हां.. कहते हैं प्रेम में प्रेमी प्रेमिका ह्रदय की भावना को एक की ೯ೌ इंसानियत करुणा दया देख कर मोहित हो जाते हैं विवाह में पति पत्नी कुंडली मुहूर्त शुभ अशुभ देखकर पवित्र विवाह बंधन में बँधते हैं प्रेम में प्रेमी प्रेमिका कुंडली मुहूर्त गृह नक्षत्र शुभ अशुभ बल्कि हर शुभ चद्रग्रहण देख कर प्रेम नहीं करते सूर्यग्रहण  अशुभ से परे उठकर निडर प्रेम करते हैं विवाह में पतिनपत्नी को समाज द्वारा मान सम्मान परिवार से आशीर्वाद मिलता है तब जाकर प्रेम होता है प्रेम में प्रेमी प्रेमिका को अपमान ताना मिलता है इसके बावजूद प्रेम बरकरार रहता है विवाह में अंजान पति पत्नी बंधन मे बंधते ही चंद पलों में शारीरिक संबंध बना लेते हैं ' प्रेम में प्रेमी प्रेमिका सालों साल तक प्रेम प्रसंग में रहते हैं फिर भी भरी जवानी में शारीरिक संबंध बनाने से कतराते हैं बुद्धि और प्रेम विवाह में पति पत्नी एक द्रूसरे का धर्म मजहब जाति कुल गोत्र देखकर बंधन में बँधते हैं प्रेम में प्रेमी प्रेमिका हर जाति धर्म से परे उठकर आत्मा के गठबंधन में बंध जाते हैं विवाह में पति पत्नी जमीन जायदाद पकका मकान मोटी तनख्वाहें दहेज को ध्यान में रखकर रिश्ते को हां.. कहते हैं प्रेम में प्रेमी प्रेमिका ह्रदय की भावना को एक की ೯ೌ इंसानियत करुणा दया देख कर मोहित हो जाते हैं विवाह में पति पत्नी कुंडली मुहूर्त शुभ अशुभ देखकर पवित्र विवाह बंधन में बँधते हैं प्रेम में प्रेमी प्रेमिका कुंडली मुहूर्त गृह नक्षत्र शुभ अशुभ बल्कि हर शुभ चद्रग्रहण देख कर प्रेम नहीं करते सूर्यग्रहण  अशुभ से परे उठकर निडर प्रेम करते हैं विवाह में पतिनपत्नी को समाज द्वारा मान सम्मान परिवार से आशीर्वाद मिलता है तब जाकर प्रेम होता है प्रेम में प्रेमी प्रेमिका को अपमान ताना मिलता है इसके बावजूद प्रेम बरकरार रहता है विवाह में अंजान पति पत्नी बंधन मे बंधते ही चंद पलों में शारीरिक संबंध बना लेते हैं ' प्रेम में प्रेमी प्रेमिका सालों साल तक प्रेम प्रसंग में रहते हैं फिर भी भरी जवानी में शारीरिक संबंध बनाने से कतराते हैं - ShareChat
#premi premika #wife #qoute
premi premika - राधा का स्वरुपं प्रेमिंका होती है यदि प्रेमिका को कहां जाए पूरी जिंदगी ' बैठकर कुमारी अपने प्रेमी से सिर्फ फोन पर बात करके रहो सगे [ಕ್ಗಿಸg್ಾನ; लाखों करोडों माता पिता प्रेमिकाएं खुशी  सिर्फ़़ फोन पर प्रेमी की आवाज सुनकॅर के लेकिन कोई पत्नी से कहे की पूरी जिंदगी अपने मायके में बैठ कर के पति से सिर्फ करते ढुए फौन पर बात करके रहो मातान पिता की सेवा तो इस धरती पर कोई भी पत्नी नर्हीं मिलेगी जो ऐसी शर्त को खुशी खुशी मान जाए क्योकि राधा रानी की तरह आज भी प्रेमिकाएं त्याग बलिदान कर सक्तीं हैं TFu FFfr जैसे राथा रानी अपने माता पिता कै साथ दीं लेकिन कभी भी मथुरा रह करकृष्ण द्वरका जाने की जिद नहों की ,पर रूकमणि माता पिता के साथ रहती थी फिर भी कृष्ण से विवाह करने के लिए भाग गई वह भी शिशुपाल के साथ रिश्ता फिक्स होते हुए जब कि कृष्ण राधा से प्रेम करत़े थे रुक्मणी से नहीं ना विवाहके बाद कभी मायके माता पिता को देखने गई कलयुग की पत्नी को पंति तलाक देकर छोड़ दे या विधवा हो जाए तब जरूर मायके मे बैठ जाएगी पर जिंदगी भर कुँवारी रह के माना पिता की सेवा कभी नहीं करेगी राधा का स्वरुपं प्रेमिंका होती है यदि प्रेमिका को कहां जाए पूरी जिंदगी ' बैठकर कुमारी अपने प्रेमी से सिर्फ फोन पर बात करके रहो सगे [ಕ್ಗಿಸg್ಾನ; लाखों करोडों माता पिता प्रेमिकाएं खुशी  सिर्फ़़ फोन पर प्रेमी की आवाज सुनकॅर के लेकिन कोई पत्नी से कहे की पूरी जिंदगी अपने मायके में बैठ कर के पति से सिर्फ करते ढुए फौन पर बात करके रहो मातान पिता की सेवा तो इस धरती पर कोई भी पत्नी नर्हीं मिलेगी जो ऐसी शर्त को खुशी खुशी मान जाए क्योकि राधा रानी की तरह आज भी प्रेमिकाएं त्याग बलिदान कर सक्तीं हैं TFu FFfr जैसे राथा रानी अपने माता पिता कै साथ दीं लेकिन कभी भी मथुरा रह करकृष्ण द्वरका जाने की जिद नहों की ,पर रूकमणि माता पिता के साथ रहती थी फिर भी कृष्ण से विवाह करने के लिए भाग गई वह भी शिशुपाल के साथ रिश्ता फिक्स होते हुए जब कि कृष्ण राधा से प्रेम करत़े थे रुक्मणी से नहीं ना विवाहके बाद कभी मायके माता पिता को देखने गई कलयुग की पत्नी को पंति तलाक देकर छोड़ दे या विधवा हो जाए तब जरूर मायके मे बैठ जाएगी पर जिंदगी भर कुँवारी रह के माना पिता की सेवा कभी नहीं करेगी - ShareChat
#नवरात्रि #good afternoon #p #s #k
नवरात्रि - मौँ शैलपुत्री पति सास मिलकर घर में ज्वारे रखने का फेसला करते हेतो पत्नी तुरंत बीच मे कूद पडती हे कि , अरे आज की महंगाई में इतना मेहंया गेहूं हेक्या जरूरत हे ज्वारे रखने की ; जब पति सास दोनों ೯೯ಔ3ಗಸ್ಣಣ್ पत्नी को समझाते हे कि , ज्वारे उगा लेंगे तो हमारे किचन धनकी कमी नहीं आ जाएगी बल्कि सुख शांति ताहकिर होती हे हरा भरा खुश रहने का प्रतीक होता हे पत्नी आपबबूला हो जाती हैे पति के ऊपर बरस बुढ़िया ने आपकी मतिभ्रष्ट कर vತriaಹ  ؟ दी हे क्यों इसके हिसाब से चलाते हो , बरहीं पुरुष की विवाह पूर्व प्रेमिका अपने प्रेमी को समझाती हे सुनो डियर ईस साल तुम ज्वारे रखना मेरे पापा भी रँखते थे मेने अनुभव करके देखा हे ज्वारे रखने से अनाज की बहुँत वृद्धि होती हे मां अन्नपूर्णा का आशीर्वाद मिलता हे हमारे खानदान र्मे शुरू से रखते आ रहे हें इसीलिए खेती बहुत अच्छे से होती वीडियो भी बना कर मुझे भेज.देना | मौँ शैलपुत्री पति सास मिलकर घर में ज्वारे रखने का फेसला करते हेतो पत्नी तुरंत बीच मे कूद पडती हे कि , अरे आज की महंगाई में इतना मेहंया गेहूं हेक्या जरूरत हे ज्वारे रखने की ; जब पति सास दोनों ೯೯ಔ3ಗಸ್ಣಣ್ पत्नी को समझाते हे कि , ज्वारे उगा लेंगे तो हमारे किचन धनकी कमी नहीं आ जाएगी बल्कि सुख शांति ताहकिर होती हे हरा भरा खुश रहने का प्रतीक होता हे पत्नी आपबबूला हो जाती हैे पति के ऊपर बरस बुढ़िया ने आपकी मतिभ्रष्ट कर vತriaಹ  ؟ दी हे क्यों इसके हिसाब से चलाते हो , बरहीं पुरुष की विवाह पूर्व प्रेमिका अपने प्रेमी को समझाती हे सुनो डियर ईस साल तुम ज्वारे रखना मेरे पापा भी रँखते थे मेने अनुभव करके देखा हे ज्वारे रखने से अनाज की बहुँत वृद्धि होती हे मां अन्नपूर्णा का आशीर्वाद मिलता हे हमारे खानदान र्मे शुरू से रखते आ रहे हें इसीलिए खेती बहुत अच्छे से होती वीडियो भी बना कर मुझे भेज.देना | - ShareChat
#पितृपक्ष #🙂पितृपक्ष की मातृ नवमी आज #premi premika #हैप्पी पितृपक्ष
पितृपक्ष - प्रेमी अपनी प्रेमिका को जन्मदिन की बथाई देता हे प्रेमिका से फिर पूछता हे क्या तुम जन्मदिन पितूपक्ष  मनाओगे तो प्रेमिका कहती हे मे कोई भी शुभ मंगल कार्य नहीं करवाए जाते ह जन्मदिन भी शुभ मंगल कार्य उत्साह का प्रतीकहिे , बहीं पुरुष विवाह हो जाता हे ओर बच्चे का जन्मदिन पितृ ९ पक्ष मेंही आता हे पत्नी जन्मदिन की पार्टी मनाने पितूपक्ष की तेयारी करती हतो पति कहता हे 4[3 महीना मे कोई भी मंगल कार्य शुभ काम की C शुरुआत नहीं की जाती हे क्योकि यह शोक का महीना माना जाता हे पत्नी तुरंत आगबावूला हो जाती हे पत्नी कहती हे , अरे पितृपक्ष तो हर साल के चक्कर मेंमे अपने बेटे 367 அ6வசIn का जन्मदिन पार्टी तकनहीं मना सकती में बताईदे रही हूं पार्टी तो हो करके ही रहेगी देखती हूं कोन क्या उखाड़ सकता हे मेरा | प्रेमी अपनी प्रेमिका को जन्मदिन की बथाई देता हे प्रेमिका से फिर पूछता हे क्या तुम जन्मदिन पितूपक्ष  मनाओगे तो प्रेमिका कहती हे मे कोई भी शुभ मंगल कार्य नहीं करवाए जाते ह जन्मदिन भी शुभ मंगल कार्य उत्साह का प्रतीकहिे , बहीं पुरुष विवाह हो जाता हे ओर बच्चे का जन्मदिन पितृ ९ पक्ष मेंही आता हे पत्नी जन्मदिन की पार्टी मनाने पितूपक्ष की तेयारी करती हतो पति कहता हे 4[3 महीना मे कोई भी मंगल कार्य शुभ काम की C शुरुआत नहीं की जाती हे क्योकि यह शोक का महीना माना जाता हे पत्नी तुरंत आगबावूला हो जाती हे पत्नी कहती हे , अरे पितृपक्ष तो हर साल के चक्कर मेंमे अपने बेटे 367 அ6வசIn का जन्मदिन पार्टी तकनहीं मना सकती में बताईदे रही हूं पार्टी तो हो करके ही रहेगी देखती हूं कोन क्या उखाड़ सकता हे मेरा | - ShareChat
#पितृपक्ष #🙂पितृपक्ष की मातृ नवमी आज #premi premika #हैप्पी पितृपक्ष
पितृपक्ष - पितृपक्ष मे कर्मकांडी पंडित को दान करने वाली सामाग्री पितृपक्ष आंता है तो प्रेमिका अपने प्रेमी से जब कहती है फोन में सुनो डार्लिंग कर्मकांड पंडित को दक्षिणा के तौर पर वस्त्र , चांदी | নীন ক্ষী  चावल जाती है मेरे गुड़ , और मिठाई जैसी वस्तुएं पिंडदान करने गए थे गया में तोःयही पापा जब सारी चीज खरीद कर ले गए थे , वही पुरुष की के बाद पत्नी से कहता है मैंने तुमको कल विवाह पैसे दिए थे वह मुझे देना दान दक्षिणा करने के लिए कुछ सामग्री की जरूरत है जो कर्मकांडी पंडित को देना है पत्नीं करती है सुनो जी क्या आंप भी मुर्दों के पीछे पडे़ हैं अरे आजकल के पंडित ढोंगी दारूखोर होते हैें मैं तो कहती हूं कोई पिंडदान ना कीजिए उन पैसों को में फेशियल और गोश्त मुर्गा मांस मछली बीफ खाने के लिए बचा के रखे हैं उन्हें आप हाथ भी नहीं लगाएंगे बताएं दे रही हूँ | पितृपक्ष मे कर्मकांडी पंडित को दान करने वाली सामाग्री पितृपक्ष आंता है तो प्रेमिका अपने प्रेमी से जब कहती है फोन में सुनो डार्लिंग कर्मकांड पंडित को दक्षिणा के तौर पर वस्त्र , चांदी | নীন ক্ষী  चावल जाती है मेरे गुड़ , और मिठाई जैसी वस्तुएं पिंडदान करने गए थे गया में तोःयही पापा जब सारी चीज खरीद कर ले गए थे , वही पुरुष की के बाद पत्नी से कहता है मैंने तुमको कल विवाह पैसे दिए थे वह मुझे देना दान दक्षिणा करने के लिए कुछ सामग्री की जरूरत है जो कर्मकांडी पंडित को देना है पत्नीं करती है सुनो जी क्या आंप भी मुर्दों के पीछे पडे़ हैं अरे आजकल के पंडित ढोंगी दारूखोर होते हैें मैं तो कहती हूं कोई पिंडदान ना कीजिए उन पैसों को में फेशियल और गोश्त मुर्गा मांस मछली बीफ खाने के लिए बचा के रखे हैं उन्हें आप हाथ भी नहीं लगाएंगे बताएं दे रही हूँ | - ShareChat