कवि सुमित मानधना 'गौरव'   ( "कुछ मेरी कलम से ")
ShareChat
click to see wallet page
@sumit_a_poet_by_passion
sumit_a_poet_by_passion
कवि सुमित मानधना 'गौरव' ( "कुछ मेरी कलम से ")
@sumit_a_poet_by_passion
जोधपुर मेरी जन्मभूमि है, सूरत मेरी कर्म भूमि है।
आज मंगलवार है... #bhakti #भक्ति #hanuman #हनुमान
bhakti - ShareChat
00:15
दो सहेली - एक हास्य कविता #laughterkefatke #📚कविता-कहानी संग्रह #kavita #कविता
laughterkefatke - ५८. दो सहेली सबको खल रही थी जेठ की दुपहरिया तेज धूप के साथ गर्म हवाएँ चल रही थी। दो लड़कियाँ बातें करते हुए जा रही थी॰ एक दूजे को प्यार के किस्से सुना रही थी। उनमें से एक मेरी गाडी से थी टकराई मेरे पास आकर बड़े जोर से चिल्लाई। दिखने में तो लग रही थी कितनी भोली मैं कुछ बोल पाता उससे पहले वो बोली।  भैया लगता है आपको दिखाई कम देता है या आपको गाडी चलाना ही नहीं आता है। दिन में भी लगता है जैसे सपने देखते हो अपनी गाडी से आप लोगों को ठोकते हो? आश्चर्य चकित हो गया मैं यह बात सुनकर गुस्से से देखने लगा मैं उसको घूर घूर कर। सोचने वाली बात ये थी गाड़ी बन्द पड़ी थी मैं गाड़ी के अन्दर था वो साइड में खडी थी! बन्द गाडी कैसे टक्कर मार सकती है ये बात आपको समझ में नहीं आती है। गलती का एहसास होने पर वो घबरा गई मुस्कुरा कर देखने लगी बाद में शर्मा गई।  मुस्कुराहट का भी जब असर नहीं हुआ आँखों से नदी बहाना उसने शुरू किया। उसकी गलती होने पर भी मैं माफ़ी माँग रहा था से उलझने पर ख़ुद को कोस रहा था। লভকী तब से लड़कियों से दूरी बनाकर रखता हूँ गाडी भी अपनी इनसे कोसों दूर रखता हूँ सुमित मानधना ' गौरव सूरत ५८. दो सहेली सबको खल रही थी जेठ की दुपहरिया तेज धूप के साथ गर्म हवाएँ चल रही थी। दो लड़कियाँ बातें करते हुए जा रही थी॰ एक दूजे को प्यार के किस्से सुना रही थी। उनमें से एक मेरी गाडी से थी टकराई मेरे पास आकर बड़े जोर से चिल्लाई। दिखने में तो लग रही थी कितनी भोली मैं कुछ बोल पाता उससे पहले वो बोली।  भैया लगता है आपको दिखाई कम देता है या आपको गाडी चलाना ही नहीं आता है। दिन में भी लगता है जैसे सपने देखते हो अपनी गाडी से आप लोगों को ठोकते हो? आश्चर्य चकित हो गया मैं यह बात सुनकर गुस्से से देखने लगा मैं उसको घूर घूर कर। सोचने वाली बात ये थी गाड़ी बन्द पड़ी थी मैं गाड़ी के अन्दर था वो साइड में खडी थी! बन्द गाडी कैसे टक्कर मार सकती है ये बात आपको समझ में नहीं आती है। गलती का एहसास होने पर वो घबरा गई मुस्कुरा कर देखने लगी बाद में शर्मा गई।  मुस्कुराहट का भी जब असर नहीं हुआ आँखों से नदी बहाना उसने शुरू किया। उसकी गलती होने पर भी मैं माफ़ी माँग रहा था से उलझने पर ख़ुद को कोस रहा था। লভকী तब से लड़कियों से दूरी बनाकर रखता हूँ गाडी भी अपनी इनसे कोसों दूर रखता हूँ सुमित मानधना ' गौरव सूरत - ShareChat
गुलाब पर दो मिसरे लिखे हैं कि.. सिर्फ लाल रंग नहीं ये प्रेम का प्रतीक है, तभी तो गुलाब रहता प्रेमियों के नज़दीक है। ✍🏻सुमित मानधना 'गौरव'🌹 #💝 शायराना इश्क़ #🎶हैप्पी रोमांटिक स्टेटस #love ##️⃣DilShayarana💘 #💓 मोहब्बत दिल से
💝 शायराना इश्क़ - ShareChat
00:16
ek ankahi fariyad #💝 शायराना इश्क़ #🎶हैप्पी रोमांटिक स्टेटस #💓 मोहब्बत दिल से ##️⃣DilShayarana💘 #love
💝 शायराना इश्क़ - ऐक अनकही फ़रियाद नाराज़गी जताया करो। भले नाराज़ रहो ತ5]; मन में जो गिले शिकवे हो उन्हें मिटाया करो। बताओ मुझे क्या चल रहा तुम्हारे दिल में . मैं तो निभा रहा हूँ रिश्ता तुम भी निभाया करो। सुमित मानधना गौख #7 مہم Dপ ম৬ Quote Community ऐक अनकही फ़रियाद नाराज़गी जताया करो। भले नाराज़ रहो ತ5]; मन में जो गिले शिकवे हो उन्हें मिटाया करो। बताओ मुझे क्या चल रहा तुम्हारे दिल में . मैं तो निभा रहा हूँ रिश्ता तुम भी निभाया करो। सुमित मानधना गौख #7 مہم Dপ ম৬ Quote Community - ShareChat
truly motivational.. #MOTIVATIONAL #motivation #inspiration #inspirational #❤️जीवन की सीख
MOTIVATIONAL - Da #Propose Special If you are asked to propose one best idea what would be that ?2 to your life नजरिया बदलिए जनाब अब भी खुशहाली बाकी है, छोड़ वो गई तो क्या हुआ अब भी ज़िंदगी बाकी है! 'गौरव', सूरत सुमित मानधना फवि सम्मेलन- मंच संचालन संपर्क सूत्र 99२४ 5३९१८५ सूरत (ुजरात ] आपका हार्दिक आभार Da #Propose Special If you are asked to propose one best idea what would be that ?2 to your life नजरिया बदलिए जनाब अब भी खुशहाली बाकी है, छोड़ वो गई तो क्या हुआ अब भी ज़िंदगी बाकी है! 'गौरव', सूरत सुमित मानधना फवि सम्मेलन- मंच संचालन संपर्क सूत्र 99२४ 5३९१८५ सूरत (ुजरात ] आपका हार्दिक आभार - ShareChat