महा-ज्ञानी, महा-शक्तिशाली:ारों वेदों और छह शास्त्रों का ज्ञाता (महाज्ञानी) था। वह अत्यधिक पराक्रमी और बलवान (महाशक्तिशाली) था।जिसके आगे काल भी सिर झुकाता था: उसका भय और नियंत्रण इतना था कि स्वयं 'काल' (समय या मृत्यु) भी उसके सामने विवश था। कथाओं के अनुसार, रावण ने नौ ग्रहों को अपने सिंहासन की सीढ़ियों में बंदी बना रखा था।लंकापति रावण: लंका का राजा रावण।शिव का वह भक्त जैसा ब्रह्मांड में कोई दूसरा ना हुआ: रावण भगवान शिव का सबसे बड़ा और अनन्य भक्त था। उसने शिव तांडव स्तोत्र की रचना की थी। पूरी सृष्टि में उसके जैसी कठिन शिव भक्ति किसी और ने नहीं की।
#🕉️सनातन धर्म🚩 #🙏🏻आध्यात्मिकता😇 #रावण #Education #ramayan #रावण