अस्तित्व की खोज

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1 months ago
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2026年1月5日 “高市上台后,我正好在京都一个餐会上。餐会刚结束,同桌的一位女性长辈过来担心地问我:日本的高市上台后,你会不会更辛苦?有没有被针对?”去年夏天刚移居日本的中国人Zoe(化名)回忆说。 让她记忆深刻的是,这位阿姨当时还找来另一位长者开车送她回家。“在车上,他们问起我有没有因为最近中日关系,遇到不舒服的事。我摇着头表示自己没有,不过语言班上有同学在京都街上被日本老人喊·滚回国去”。他们两位长辈立刻在车上向我表示:“我们也很讨厌这样的人。” 今年31岁、过去在中国一线城市打拼的Zoe,在去年存够了钱及决心,前往京都进修自己喜爱的日本传统文化及语言。 但在她移往日本不久,被视为对华鹰派的高市早苗上台,中日两国关系走向引发关注。 果然,高市随后就台海问题与日本安全关系的“台湾有事”评论触动了北京敏感神经,后者激烈反弹,新一轮中日外交战再起,至今未歇。 中国驻日本大使馆1月3日发布安全提醒指,近期日本部份地区治安环境不靖。有多名旅日中国公民报告遭无端辱骂、殴打受伤。大使馆提醒中国公民近期避免前往日本。 #viral #treding #viralreels #trendingreels #cskfans #match
Naman News
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6 months ago
#🤩पॉजिटिव स्टोरी✌ #नारी अस्मिता #अस्मिता...गुप #अस्तित्व #अस्तित्व की खोज एक आदमी एक मुर्गा खरीद कर लाया। एक दिन वह मुर्गे को मारना चाहता था, इसलिए उस ने मुर्गे को मारने का बहाना सोचा और मुर्गे से कहा, "तुम कल से बाँग नहीं दोगे, नहीं तो मै तुम्हें मार डालूँगा।" मुर्गे ने कहा, "ठीक है, सर, जो भी आप चाहते हैं, वैसा ही होगा !" सुबह , जैसे ही मुर्गे के बाँग का समय हुआ, मालिक ने देखा कि मुर्गा बाँग नहीं दे रहा है, लेकिन हमेशा की तरह, अपने पंख फड़फड़ा रहा है। मालिक ने अगला आदेश जारी किया कि कल से तुम अपने पंख भी नहीं फड़फड़ाओगे, नहीं तो मैं वध कर दूँगा। अगली सुबह, बाँग के समय, मुर्गे ने आज्ञा का पालन करते हुए अपने पंख नहीं फड़फड़ाए, लेकिन आदत से, मजबूर था, अपनी गर्दन को लंबा किया और उसे उठाया। मालिक ने परेशान होकर अगला आदेश जारी कर दिया कि कल से गर्दन भी नहीं हिलनी चाहिए। अगले दिन मुर्गा चुपचाप मुर्गी बनकर सहमा रहा और कुछ नहीं किया। मालिक ने सोचा ये तो बात नहीं बनी, इस बार मालिक ने भी कुछ ऐसा सोचा जो वास्तव में मुर्गे के लिए नामुमकिन था। मालिक ने कहा कि कल से तुम्हें अंडे देने होंगे नहीं तो मै तेरा वध कर दूँगा। अब मुर्गे को अपनी मौत साफ दिखाई देने लगी और वह बहुत रोया। मालिक ने पूछा, "क्या बात है?" मौत के डर से रो रहे हो? मुर्गे का जवाब बहुत सुंदर और सार्थक था। मुर्गा कहने लगा: "नहीं, मै इसलिए रो रहा हूँ कि, अंडे न देने पर मरने से बेहतर है बाँग देकर मरता... बाँग मेरी पहचान और अस्मिता थी , मैंने सब कुछ त्याग दिया और तुम्हारी हर बात मानी , लेकिन जिसका इरादा ही मारने का हो तो उसके आगे समर्पण नहीं संघर्ष करने से ही जान बचाई जा सकती है, जो मैं नहीं कर सका..." अपने अस्तित्व, अपनी अस्मिता की रक्षा के लिए संघर्ष करना पड़े तो पीछे नहीं हटना चाहिए... सोचकर जरूर सोचिएगा,मैं यहां मुर्गे की बात नही कर रहा हूँ... विचार अवश्य करियेगा..!