जय श्री राम 🙏🙏 जी

krishnapedit
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15 days ago
चंद्रमा का तेज किसने छीन लिया था? 🌙 जानिये प्रथम ज्योतिर्लिंग 'सोमनाथ' के प्राकट्य का अद्भुत रहस्य! 🔱👇 प्रजापति दक्ष के समझाने पर भी जब चंद्रदेव (सोम) के व्यवहार में कोई बदलाव नहीं आया, तो क्रोधित होकर दक्ष ने उन्हें शरीर क्षय (नष्ट) होने का भयंकर श्राप दे दिया। श्राप के प्रभाव से चंद्रदेव को क्षय रोग ने जकड़ लिया और उनका सारा तेज और दिव्य सौंदर्य छिन गया। चंद्रदेव की अन्य पत्नियों की प्रार्थना के बाद भी दक्ष अपना श्राप वापस लेने में असमर्थ रहे। ✨ महादेव की शरण और घोर तपस्या: श्राप से मुक्ति का मार्ग खोजने चंद्रदेव परमपिता ब्रह्मा जी के पास पहुँचे। ब्रह्मा जी के मार्गदर्शन पर, वे सीधे 'प्रभास तीर्थ' गए और वहां विधिवत एक शिवलिंग की स्थापना की। महादेव को प्रसन्न करने के लिए उन्होंने पूरे छः महीने तक एक पैर पर खड़े रहकर 'महामृत्युंजय मंत्र' का 10 करोड़ बार जाप किया! 🕉️ श्राप से मुक्ति और 'सोमनाथ' का प्राकट्य: इस घोर तपस्या से भगवान शिव अत्यंत प्रसन्न हुए। उन्होंने चंद्रदेव को वरदान दिया कि क्षय रोग से उनकी मृत्यु नहीं होगी, बल्कि कृष्ण पक्ष में 15 दिन उनकी कांति घटेगी और शुक्ल पक्ष में प्रतिदिन बढ़ते हुए पूर्णिमा को वे अपनी पूर्ण कांति प्राप्त कर लेंगे। चंद्रदेव की भावपूर्ण प्रार्थना पर, महादेव माता पार्वती के साथ उसी ज्योतिर्लिंग में सदा के लिए विराजमान हो गए। चंद्रदेव का एक नाम 'सोम' भी है, इसीलिए उनके द्वारा स्थापित यह पावन शिवलिंग 'सोमेश्वर' या 'सोमनाथ' कहलाया। मान्यता है कि सोमनाथ महादेव की पूजा करने से व्यक्ति हर प्रकार के शारीरिक और मानसिक रोगों से मुक्त हो जाता है। 🙏 राधे राधे 🌺 👇 कमेंट्स में 'हर हर महादेव' जरूर लिखें! हर हर महादेव 🙏 #📜 Whatsapp स्टेटस #🤟 सुपर स्टेटस #जय श्री राम 🙏