sn vyas
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#रामायण #वाल्मीकि रामायण #जय श्री राम `श्रीसीतारामचन्द्राभ्यां नमः🚩` `श्रीराम जय राम जय राम🙏🏻` *`॥ श्रीमद्वाल्मीकीय रामायण – युद्धकाण्ड ६.१७.३०-३१ ॥`* `गीताप्रेस-गोरखपुर संस्करण` *अमोघं दर्शनं राम अमोघस्तव संस्तवः ।* *अमोघास्ते भविष्यन्ति भक्तिमन्तो नरा भुवि ॥३०॥* `श्लोकार्थ 👉🏻 हे श्रीराम ! आपका दर्शन अमोघ है । आपका स्तवन भी अमोघ है । इस भूमण्डल पर आपमें भक्ति रखने वाले मनुष्य भी अमोघ ही होंगे ।` `अर्थात 👉🏻 उनका जन्म , कर्म एवं जीवन कभी व्यर्थ नहीं जाएगा ।` *ये त्वां देवं ध्रुवं भक्ताः पुराणं पुरुषोत्तम् ।* *प्राप्नुवन्ति तथा कामानिह लोके परत्र च ॥३१॥* `श्लोकार्थ 👉🏻 जो लोग आपको देव , ध्रुव , पुराणपुरुष , पुरुषोत्तम मानकर दृढ़ भक्ति रखते हैं , वे इस लोक तथा परलोक दोनों में अपने समस्त मनोरथ प्राप्त कर लेते हैं ।` `भावार्थ 👉🏻 अमोघ अर्थात – जिसका फल कभी निष्फल न हो । राम नाम , राम दर्शन , औऱ राम कथा – तीनों का प्रताप अचूक है ।` `वाल्मीकि जी युद्धकाण्ड के अंत में यही सिद्ध कर रहे हैं कि पुरुषोत्तम श्रीराम की भक्ति करने वाला न तो इस संसार में दुखी होता है , एवं न ही परलोक में ।` `धन , धर्म , यश , तथा मोक्ष – चारों ही पुरुषार्थ राम कृपा से सहज ही प्राप्त हो जाते हैं ।` `सेतु पत्थर भी तैर गए , वानर–भालू भी तर गए - केवल एक कारण था ,औऱ वो था राम नाम की अमोघ शक्ति ।` *जाकी कृपा लवलेस ते मतिमंद तुलसीदास ।* *पावत बड़ाई जगत में कहत राम गुन गाथ-॥* `सीताराम शरणं मम🚩` `हर हर महादेव🔱` `हर हर शङ्कर🚩` `जय जय शङ्कर🚩` `~ सर्वज्ञ शङ्कर🚩` `🌄🌆 प्रभात वन्दन 🌆🌄` `© सर्वाधिकार सुरक्षित । सर्वज्ञ शङ्कर🚩 चैनल` `#प्रभात_वंदन` `#सर्वज्ञ_शङ्कर` `#वाल्मीकि_रामायण` `#युद्धकाण्ड` `#मर्यादा_पुरुषोत्तम` `#राम_भक्ति` `#अमोघ` `#गीताप्रेस` `#सनातनधर्म` `#जय_श्री_राम`
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