sn vyas
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. *🌳 श्री भीमशंकर जी 🌳* *यं डाकिनीशाकिनिकासमाजे निषेव्यमाणं पिशिताशनैश्च ।* *सदैव भीमादिपदप्रसिद्धं तं शङ्करं भक्तहितं नमामि ॥* > जो डाकिनी और शाकिनी के समाज (समूह) द्वारा मांस-भक्षी भूतों के साथ पूजे जाते हैं। जो *'भीम'* आदि नामों से सर्वत्र प्रसिद्ध हैं, भक्तों का हित करने वाले उन भगवान शंकर को मैं प्रणाम करता हूँ। * *भगवान् शिव जी के द्वादश ज्योतिर्लिंगों में भगवान् श्रीभीमशंकरजी का ज्योतिर्लिंग छठे स्थान पर परिगणित हैं। यह ज्योतिर्लिंग महाराष्ट्र प्रान्त के अन्तर्गत मुम्बई से पूर्व एवं पूना से उत्तर की ओर भीमा नदी के तट पर अवस्थित है।* > शिव पुराण के अनुसार, यहीं पर भगवान शिव ने अपने उग्र रूप में प्रकट होकर राक्षस भीम का वध किया था, और उस युद्ध के पसीने से भीम नदी का निर्माण हुआ, जिससे यह स्थान शाश्वत रूप से पवित्र हो गया। * *श्रीभीमशंकरजी का दर्शन मोक्ष (मुक्ति) के लिए विशेष महत्व रखता है। शिव के उग्र रक्षक रूप से प्रकट ज्योतिर्लिंग होने के कारण, यह अहंकार और अज्ञान के नाश का प्रतीक है। शिव पुराण के अनुसार, यहाँ पूजा करने से भय से मुक्ति, भीमा नदी में स्नान के माध्यम से कर्मों का नाश और शिव चेतना में परम एकात्मता प्राप्त होती है।* *हर हर महादेव 👏🏻* *जय जय सियाराम 🙏🏻🚩* #भीमाशंकर ज्योतिर्लिंग #🕉 ओम नमः शिवाय 🔱 #🪔सावन का पवित्र महीना 🙏 #🔱हर हर महादेव
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