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MEKHRAM SAHU - Author on ShareChat
MEKHRAM SAHU
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#🌴🌹🙏साहेब बंदगी साहेब🙏🌹🌴
अपने-अपने साख की, सबही लीनी मान | हरि की बातें दुरन्तरा , पूरी ना कहूँ जान II अपने-अपने साख की, सबही लीनी मान | हरि की बातें दुरन्तरा , पूरी ना कहूँ जान II
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    #🌴🌹🙏साहेब बंदगी साहेब🙏🌹🌴
    IIHAIHII २२ "सब घट में साहब हैं तो मेरे घट मेंभी साहब हैं लेकिन क्या कभी मुझे मेरे घट में विराजमान साहब का ज्ञान हुआ ? क्या मैं कभी अपने घट में विराजमान साहब को जाना? नहीं, क्योंकि मेरा ध्यान बाहर है बाहर है, तो हम कैसे साहब को जानेंगे साहब अंदर हैं लेकिन '{f' ~पंथ श्री हुजूर प्रकाशमुनि नाम साहब KABIR DHARMDAS VANSHAVALI kabirdharmdasvanshavali.org IIHAIHII २२ "सब घट में साहब हैं तो मेरे घट मेंभी साहब हैं लेकिन क्या कभी मुझे मेरे घट में विराजमान साहब का ज्ञान हुआ ? क्या मैं कभी अपने घट में विराजमान साहब को जाना? नहीं, क्योंकि मेरा ध्यान बाहर है बाहर है, तो हम कैसे साहब को जानेंगे साहब अंदर हैं लेकिन '{f' ~पंथ श्री हुजूर प्रकाशमुनि नाम साहब KABIR DHARMDAS VANSHAVALI kabirdharmdasvanshavali.org
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    जो तु चाहे मुझ को, छाड़ जगत की आस ( मुझ ही जैसा हो रहो, तो बस कुछ तेरे पास II जो तु चाहे मुझ को, छाड़ जगत की आस ( मुझ ही जैसा हो रहो, तो बस कुछ तेरे पास II
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    #🌴🌹🙏साहेब बंदगी साहेब🙏🌹🌴
    कबीर माया पापिनी , फंद ले बैठी हाट। सब जग तों फंदे पड़ा , गया कबोरा काट।। সথা' ৪৫ दाम-्लोभ, मोह, अहंकार 6 थन अहंकार মায়া लोभ सुख भोग कबीर माया पापिनी , फंद ले बैठी हाट। सब जग तों फंदे पड़ा , गया कबोरा काट।। সথা' ৪৫ दाम-्लोभ, मोह, अहंकार 6 थन अहंकार মায়া लोभ सुख भोग
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    क्या मुख ली बिनती करो लाज आवत है मोहि | 3&a গ্ীযুন  करो , कैसे भावो तोही अर्थ  प्रार्थना करते हुए हे भगवान तुझसे मुझे शर्म आती है। क्या तुम मेरी गलतियों और मेरे पापों के बावजूद मुझे अपना सकते हो? সটিল Kabir Sahib साहिब बंदगी diI 510 क्या मुख ली बिनती करो लाज आवत है मोहि | 3&a গ্ীযুন  करो , कैसे भावो तोही अर्थ  प्रार्थना करते हुए हे भगवान तुझसे मुझे शर्म आती है। क्या तुम मेरी गलतियों और मेरे पापों के बावजूद मुझे अपना सकते हो? সটিল Kabir Sahib साहिब बंदगी diI 510
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    #🌴🌹🙏साहेब बंदगी साहेब🙏🌹🌴
    किस्मत अवसर देती है, लेकिन सफलता मेहनत से मिलती है किस्मत अवसर देती है, लेकिन सफलता मेहनत से मिलती है
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    #🌴🌹🙏साहेब बंदगी साहेब🙏🌹🌴
    लाख करो पूजा चाहे, तीर्थ करो हजार। जीवो पर दया नहीं, तो सब कुछ बेकार II लाख करो पूजा चाहे, तीर्थ करो हजार। जीवो पर दया नहीं, तो सब कुछ बेकार II
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    #🌴🌹🙏साहेब बंदगी साहेब🙏🌹🌴
    हिंदू तज और मुस्लिम तज , तज दे अपना मान। प्रेम नगर में जो गया , वही हुआ इंसान।। प्रेम से बडा कोई धर्म नहीं। कबीर साहिब अमृतवाणी प्रेम ही परमात्मा है | सत साहिब | हिंदू तज और मुस्लिम तज , तज दे अपना मान। प्रेम नगर में जो गया , वही हुआ इंसान।। प्रेम से बडा कोई धर्म नहीं। कबीर साहिब अमृतवाणी प्रेम ही परमात्मा है | सत साहिब |
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    #🌴🌹🙏साहेब बंदगी साहेब🙏🌹🌴
    अपने मन का Aa& , अपना नाश कराए। ज्यू लोहे का जंग ही, लोहे को खा जाय Il Based on an ONEPLUS Al generation अपने मन का Aa& , अपना नाश कराए। ज्यू लोहे का जंग ही, लोहे को खा जाय Il Based on an ONEPLUS Al generation
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    कबीर साहेब की अमृत वाणी तन को जोगी सब करे , मन को बिरला कोय | सहजी सब विधि पिये . जो मन जोगी होय || अर्थ कबीर साहेब जी कहते हैं कि बहुत लोग बाहरी रूप से जोगी बनते हैं, भेष धारण करते हैं, जटा, तिलक, माला, चोला पहनते हैं, परंतु मन को जीतना और शुद्ध करना बहुत ही दुर्लभ है। ೯g್೯ ' सच्चा योगी वही है जिसका मन विषय-विकारों  होकर परमात्मा रूपीअमृत ) का अनुभव करता में लग जाता है। वही सहज रूप से (आनंद है। केवल बाहरी दिखावा करने से कुछ नहीं होता, जब तक मन योगी नहीं बनता, तब तक सच्चा योग नहीं होता। सार यही है कि सच्चा योग बाहरी वेशभूषा में नहीं, যী বক ' बल्कि मन की पवित्रता और परमात्मा 87481 कबीर भजन ज्ञान कबीर वाणी , सच्चा ज्ञान जीवन का सच्चा पहचान ceiirerlel ~( कबीर साहेब की अमृत वाणी तन को जोगी सब करे , मन को बिरला कोय | सहजी सब विधि पिये . जो मन जोगी होय || अर्थ कबीर साहेब जी कहते हैं कि बहुत लोग बाहरी रूप से जोगी बनते हैं, भेष धारण करते हैं, जटा, तिलक, माला, चोला पहनते हैं, परंतु मन को जीतना और शुद्ध करना बहुत ही दुर्लभ है। ೯g್೯ ' सच्चा योगी वही है जिसका मन विषय-विकारों  होकर परमात्मा रूपीअमृत ) का अनुभव करता में लग जाता है। वही सहज रूप से (आनंद है। केवल बाहरी दिखावा करने से कुछ नहीं होता, जब तक मन योगी नहीं बनता, तब तक सच्चा योग नहीं होता। सार यही है कि सच्चा योग बाहरी वेशभूषा में नहीं, যী বক ' बल्कि मन की पवित्रता और परमात्मा 87481 कबीर भजन ज्ञान कबीर वाणी , सच्चा ज्ञान जीवन का सच्चा पहचान ceiirerlel ~(
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