American

Naman News
22.5K views
1 days ago
#🌎अंतराष्ट्रीय खबर #हैरतअंगेज #प्लेन #अमेरिका #🆕 ताजा अपडेट एक साथ, एक पल में 2 प्लेन लैंड! सैन फ्रांसिस्को एयरपोर्ट पर दिखा अद्भुत नजारा 🚨✈️ ​"हवा में दो हवाई जहाज़ और एक साथ लैंडिंग!" — अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को इंटरनेशनल एयरपोर्ट (SFO) से सामने आया यह वीडियो देखकर आप भी हैरान रह जाएंगे। ​सैन फ्रांसिस्को एयरपोर्ट पर यूनाइटेड एयरलाइंस (United Airlines) का बोइंग 737 MAX 9 (Boeing 737 MAX 9) और CRJ-200 रीजनल जेट (CRJ-200 Regional Jet) एक साथ समानांतर (Parallel) रनवे पर बिल्कुल परफेक्ट तालमेल के साथ लैंड करते नजर आए। ​यह दृश्य न केवल पायलटों की बेहतरीन उड़ान क्षमता (Piloting Skills) को दर्शाता है, बल्कि एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) की सटीक टाइमिंग और नेविगेशन का भी एक अद्भुत उदाहरण है। ​बता दें कि SFO दुनिया के उन गिने-चुने एयरपोर्ट्स में शामिल है, जहाँ दो रनवे पर एक साथ लैंडिंग कराई जाती है। एविएशन लवर्स के लिए यह "Picture Perfect Parallel Landing" किसी रोमांच से कम नहीं है। ​अद्भुत तालमेल और परफेक्ट टाइमिंग का यह पूरा वायरल वीडियो देखने के लिए अंत तक बने रहें।
Shaurya Nautiyal 🔥🔥😈🤘🤘🎸
9.4K views
12 days ago
Kajal Wins Gold Beats Usa in Budapest 🔥🔥🔥🔥❤️🤘🤘🤙🤙😯😄✨✨💯 #gold #usa
Parmod Jain
24.1K views
28 days ago
**45 लाख का कर्ज लेकर गया था अमेरिका... दोस्त की जान बचाई, लेकिन खुद नहीं लौट सका** करनाल की विकास कॉलोनी का 24 वर्षीय अर्शदीप परिवार के बेहतर भविष्य के लिए 2023 में डंकी रूट से अमेरिका गया था। परिवार ने उसे विदेश भेजने के लिए करीब 45 लाख रुपये का कर्ज लिया था। अमेरिका की टाहो झील में घूमने के दौरान दो दोस्त डूबने लगे तो अर्शदीप ने बिना अपनी जान की परवाह किए दोनों को सुरक्षित बाहर निकाल दिया। लेकिन इसी कोशिश में वह खुद गहरे पानी में डूब गया। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दो साल पहले पिता को खो चुके अर्शदीप पर पूरे परिवार की जिम्मेदारी थी। अब मां, बहन और छोटे भाई का सहारा भी छिन गया। परिजनों ने केंद्र और हरियाणा सरकार से बेटे का शव जल्द भारत लाने की अपील की है। #अमेरिका
Naman News
716 views
1 months ago
#अमेरिका #अमेरिका-ईरान #ईरान ने दी अमेरिका को चेतावनी #ईरान और अमेरिका के बीच फिर बढ़ा तनाव मिडिल ईस्ट में युद्ध खत्म करने के समझौते पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने औपचारिक तौर पर डिजिटल हस्ताक्षर कर दिया है। अब शुक्रवार को स्विट्जरलैंड में अमेरिका और ईरान के शीर्ष अधिकारियों के बीच मुलाकात होने की संभावना है। ईरान की तरफ से मुख्य वार्ताकार मोहम्मद बाघेर गालीबाफ इसमें शामिल होंगे जबकि अमेरिका का प्रतिनिधित्व उपराष्ट्रपति जेडी वेंस करेंगे और राष्ट्रपति ट्रंप के भी इसमें शामिल होने की संभावना है। यानि 39 दिनों के बाद अमेरिका ईरान की ज्यादातर शर्तों को मानने के लिए मजबूर हुआ है। ईरान युद्ध ने सुपरपावर अमेरिका की युद्ध लड़ने की क्षमता की पोल खोल दी है। सवाल ये हैं कि अगर ईरान सिर्फ 39 दिनों में नाक में दम कर सकता है तो चीन और रूस जैसे देश उसका क्या हाल करेंगे। चीन और रूस के पास तो अमेरिका में घुसकर मारने की क्षमता भी है और एडवांस से एडवांस हथियार भी हैं। इसीलिए 39 दिनों के इस युद्ध ने बहुत कुछ उजागर कर दिया है। अमेरिका के आधुनिक हथियार बेहद असरदार तो हैं लेकिन हथियारों के बड़े भंडार और तेजी से उनकी भरपाई के बिना लंबे युद्ध में उन्हें बनाए रखना मुश्किल है। इस लड़ाई से साफ हो गया है कि क्वालिटी तो जरूरी है ही साथ ही क्वांटिटी भी चाहिए।